Tuesday, March 31, 2026

Bengal Chunav 2026: 'मैंने अपनी रीढ़ नहीं बेची' पानीहाटी की गलियों में इंसाफ की गूंज, चुनावी मैदान में उतरीं 'अभया' की मां

सुबह के ठीक 8 बजे हैं। सफेद सूती साड़ी, जिस पर काले रंग का बॉर्डर है, पहने एक महिला बंगाल के पानीहाटी में भाजपा कार्यालय में प्रवेश करती हैं। कार्यकर्ताओं के अभिवादन के बीच उनके चेहरे पर एक फीकी मुस्कान है, लेकिन आंखों में गहरा दर्द साफ झलकता है।

बाकी देश के लिए वह 'अभया' की मां हैं- उस 31 साल की जूनियर डॉक्टर की मां, जिसके साथ अगस्त 2024 में कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में दरिंदगी हुई और फिर उसकी हत्या कर दी गई। आज वह अपनी बेटी के लिए इंसाफ मांगने और सिस्टम से लड़ने के लिए घर-घर जाकर चुनाव प्रचार कर रही हैं।

उनकी साड़ी के बॉर्डर पर बंगाली में एक शक्तिशाली वाक्य कढ़ा हुआ है: "मैंने अपनी रीढ़ की हड्डी नहीं बेची है।"

"बेटी से मिलती है ताकत"

NDTV की मुताबिक, जब रत्ना देबनाथ से पूछा गया कि इतनी बड़ी त्रासदी के बाद उनमें यह शक्ति कहां से आती है, तो उन्होंने रुंधे गले से कहा, "मेरी बेटी से, जो अपनी आखिरी सांस तक लड़ती रही।"

9 अगस्त 2024 को रत्ना की दुनिया उजड़ गई थी, जब आरजी कर अस्पताल के सेमिनार रूम में उनकी बेटी का शव मिला था। इस मामले ने पूरे देश को हिला दिया था। पुलिस ने एक सिविक वालंटियर संजय रॉय को गिरफ्तार किया, लेकिन माता-पिता की तरफ से सबूतों से छेड़छाड़ और ममता सरकार पर 'कवर-अप' के आरोपों के बाद जांच CBI को सौंप दी गई थी।

पानीहाटी की गलियों में 'इंसाफ' के नारे

9 अप्रैल को होने वाले पहले चरण के मतदान से पहले पानीहाटी में 'We Want Justice' (हमें न्याय चाहिए) के नारे फिर से गूंज रहे हैं। भाजपा इस मुद्दे के जरिए वोटरों को याद दिला रही है कि तृणमूल शासन महिलाओं की सुरक्षा में विफल रहा है।

प्रचार के दौरान महिलाएं रत्ना को गले लगाती हैं। बेंगलुरु में काम करने वाली एक युवती की मां ने कहा, "मेरी बेटी भी देर रात तक बाहर रहती है। एक मां होने के नाते मैं इनका दर्द समझ सकती हूं। भगवान न करे किसी मां को वो देखना पड़े जो इन्होंने देखा।"

रत्ना कहती हैं, "मैंने भाजपा को इसलिए चुना, क्योंकि तृणमूल से लड़ने का यही एकमात्र तरीका था। मैं चाहती हूं कि राज्य की हर महिला सुरक्षित महसूस करे।"

तृणमूल का पलटवार: "बंगाल सबसे सुरक्षित"

वहीं दूसरी तरफ, पानीहाटी में ढाक की आवाज और शंख की गूंज के बीच तृणमूल कांग्रेस (TMC) के उम्मीदवार तीर्थंकर घोष का प्रचार चल रहा है। वह पांच बार के विधायक निर्मल घोष के बेटे हैं।

तीर्थंकर कहते हैं, "मुझे काकीमा (रत्ना) के प्रति बहुत सम्मान है, लेकिन जिस पार्टी से वह लड़ रही हैं, उसके बारे में कुछ नहीं कहना। यह वही पार्टी है, जो हाथरस के आरोपियों का स्वागत करती है। बंगाल महिलाओं के लिए सबसे सुरक्षित है और यहां नाइट शिफ्ट में काम करने में कोई समस्या नहीं है।"

TMC के समर्थक ममता बनर्जी की 'लखीर भंडार' जैसी कल्याणकारी योजनाओं का हवाला दे रहे हैं, जिसमें मिलने वाली राशि अब 500 रुपए बढ़ा दी गई है।

पानीहाटी का त्रिकोणीय मुकाबला

इस बार लड़ाई त्रिकोणीय है। लेफ्ट (CPIM) ने युवा नेता कलतान दासगुप्ता को मैदान में उतारा है।

लेफ्ट का कहना है, "हमने पार्क स्ट्रीट से लेकर आरजी कर तक तृणमूल का चेहरा देखा है, और हाथरस-उन्नाव में भाजपा का। ये दोनों एक ही नाव में सवार हैं। हमारी लड़ाई विचारधारा की है।"

कलतान को सितंबर 2024 में गिरफ्तार किया गया था, लेकिन फिलहाल वह जमानत पर बाहर हैं।

पानीहाटी की जनता 9 अप्रैल को तय करेगी कि वह 'इंसाफ' की इस लड़ाई, 'कल्याणकारी योजनाओं' के वादे या 'वामपंथी विचारधारा' में से किसे चुनती है।

West Bengal Election 2026: सड़क पर संघर्ष से सत्ता के शिखर तक, ममता बनर्जी के बंगाल की 'दीदी' बनने तक का सफर



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Monday, March 30, 2026

CSK vs RR IPL 2026 Match Live Score: बारिश डालेगी राजस्थान और चेन्नई के मुकाबले में खलल? जानें कैसा है गुवाहाटी का मौसम

CSK vs RR IPL 2026 Match Live Score: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 का तीसरा मुकाबला चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) और राजस्थान रॉयल्स (RR) के बीच खेला जाएगा। दोनों टीमों के बीच मुकाबला राजस्थान के सेकेंड होम ग्राउंड गुवाहाटी के बरसापारा स्टेडियम में होगा। आईपीएल 2026 में दोनों टीमों का ये पहला मुकाबला है। दोनों ही टीमें जीत के साथ शुरुआत करना चाहेंगी। राजस्थान और चेन्नई के बीच मुकाबला शाम 7:30 बजे से खेला जाएगा, वहीं मैच का टॉस शाम 7:00 बजे होगा। वहीं इस मुकाबले में बारिश की संभावना जताई गई है।

इस मैच में चेन्नई के दिग्गज खिलाड़ी एमएस धोनी खेलते हुए नजर नहीं आएंगे। धोनी इस समय पिंडली की चोट से उबर रहे हैं। धोनी दो हफ्तों के लिए बाहर हुए हैं। आईपीएल में चेन्नई सुपर किंग्स की टीम 5 बार खिताब पर कब्जा कर चुकी है तो वहीं राजस्थान रॉयल्स एक बार भी खिताब नहीं जीत पाई है। चेन्नई सुपर किंग्स की कप्तानी ऋतुराज गायकवाड़ के पास है तो वहीं राजस्थान रॉयल्स की कमान रियान पराग संभाल रहे हैं।



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Sunday, March 29, 2026

MI vs KKR IPL 2026 Match Live Score: सीजन के ओपनिंग मैच में हार का सिलसिला तोड़ पाएगी मुंबई इंडियंस? जानें कैसी होगी प्लेइंग 11

MI vs KKR IPL 2026 Match Live Score: दुनिया की सबसे बड़ी क्रिकेट लीग में से एक इंडियन प्रीमियर लीग का दूसरा मुकाबला आज मुंबई के वानखेड़े क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाएगा। ये मुकाबला पांच बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस और तीन बार खिताब जीत चुकी कोलकाता नाइट राइडर्स के बीच होगा। दोनों टीमों के बीच ये मुकाबला शाम 7:00 बजे से होगा।

मुंबई की टीम पिछले 13 साल अपना पहला मैच नहीं जीत पाई है और इस बार वह इस सिलसिले को खत्म करना चाहेगी। मुंबई इंडियंस की कमान हार्दिक पांड्या के हाथों में होगी तो वहीं कोलकाता नाइट राइडर्स ने अजिंक्य रहाणे को अपनी टीम का कप्तान बनाया है।

वानखेड़े में दोनों टीमों के बीच में रोमांचक मुकाबला देखने को मिल सकता है। दोनों टीमों के बीच आईपीएल में अब तक 35 मुकाबले खेले गए हैं। इनमें मुंबई 24 मैच जीते हैं, जबकि केकेआर को सिर्फ 11 मुकाबलों में जीत मिली है। एमआई और केकेआर की दोनों ही टीमें जीत के साथ शुरुआत करना चाहेंगी।



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Saturday, March 28, 2026

RCB vs SRH IPL 2026 Match Live Score: विराट कोहली से लेकर अभिषेक तक... लाइव एक्शन में दिखेंगे ये दिग्गज खिलाड़ी

RCB vs SRH IPL 2026 Match Live Score: दुनिया की सबसे बड़ी क्रिकेट लीग में से एक इंडियन प्रीमियर लीग (Indian Premier League) की आज से शुरुआत हो रही है। आईपीएल में अब तक कुल 18 सीजन खेले जा चुके हैं। वहीं 19वां सीजन आज से शुरू होने जा रहा है। इस बार टूर्नामेंट के मैच 28 मार्च से 31 मई तक भारत के 12 अलग-अलग स्टेडियमों में खेले जाएगा। वहीं आईपीएल का पहला मुकाबला रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच बेंगलुरु के फेमस एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में होगा। इस मुकाबले की शुरुआत शाम 7:30 बजे से होगी वहीं मुकाबले का टॉस 7:00 बजे होगा।

आईपीएल के मुकाबले में आरसीबी की टीम टाइटल को डिफेंड करने के लिए इरादे से उतरेगी। आरसीबी ने पिछले सीजन में लंबे इंतजार के बाद अपना पहला खिताब जीता है। बीसीसीआई ने इस बार आईपीएल 2026 से पहले ओपनिंग सेरेमनी नहीं करने का फैसला किया है। आईपीएल 2026 में रजत पाटीदार आरसीबी की कप्तानी करेंगे, जबकि पैट कमिंस की अनुपस्थिति में हैदराबाद की कमान ईशान किशन संभालेंगे। चोट की वजह से पैट कमिंस शुरुआती मुकाबला नहीं खेल पाएंगे।



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Friday, March 27, 2026

Online Payment: 1 अप्रैल से बदल जाएगा ऑनलाइन पेमेंट का तरीका, जानिए क्या होगा फायदा

ऑनलाइन पेमेंट का तरीका 1 अप्रैल से बदलने जा रहा है। इसकी वजह आरबीआई का नया नियम है। केंद्रीय बैंक ने सभी डिजिटल ट्रांजेक्शंस के लिए टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन को जरूरी बना दिया है। इसका मतलब है कि डिजिटल पेमेंट के लिए सिक्योरिटी अभी के मुकाबले बढ़ जाएगी।

कम से कम दो ऑथेंटिकेशन फैक्टर का इस्तेमाल

RBI ने कहा है कि डिजिटल पेमेंट से जुड़े हर ट्रांजेक्शन के लिए कम से कम दो ऑथेंटिकेशन फैक्टर का इस्तेमाल होना चाहिए। इसके लिए केंद्रीय बैंक ने कई विकल्प दिए हैं। इनमें पासवर्ड्स या पासफ्रेजेज, पिन, एसएमएस आधारित ओटीपी, हार्डवेयर टोकन या कार्ड, साफ्टवेयर आधारित ऑथेंटिकेशन टोकन और फिंगरप्रिंट्स या फेशियल रिकॉग्निशन जैसे बायोमीट्रिक शामिल हैं।

कस्टमर्स को ऑथेंटिकेशन के कई विकल्प देने होंगे

केंद्रीय बैंक की गाइडलाइंस में कहा गया है कि सभी इश्यूअर्स-बैंक, कार्ड नेटवर्क और फिनटेक को कस्टमर्स को ऑथेंटिकेशन मेथड्स का चॉइस ऑफर करना होगा। दूसरा, एक फैक्टर का डायनेमिक होना जरूरी है। इसका मतलब है कि हर ट्रांजेक्शन के लिए यूनिक फैक्टर जरूरी है। अगर इन नियमों के पालन में लापरवाही की वजह से फ्रॉड होता है तो उसकी जिम्मेदारी इश्यूअर पर होगी। क्रॉस-बॉर्डर यानी दूसरे देश से जुड़े ट्रांजेक्शन के लिए भी इस तरह का ऑथेंटिकेशन जरूरी होगा। लेकिन, यह इस साल 1 अक्तूबर से लागू होगा।

ऑनलाइन फ्रॉड के मामले रोकने के लिए सिक्योरिटी लेयर बढ़ा

सवाल है कि ऑनलाइन पेमेंट के लिए टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन की जरूरत क्यों पड़ी? दरअसल, पिछले कुछ समय से ऑनलाइन पेमेंट में फ्रॉड के मामले तेजी से बढ़े हैं। इनमें यूपीआई पेमेंट, मोबाइल वॉलेट और फिनटेक इनोवेशन से जुड़े मामले शामिल हैं। फ्रॉड, फिशिंग अटैक और अनअथॉराइज्ड ट्रांजैक्शंस की भी शिकायतें बढ़ी हैं। ऐसे फ्रॉड पर रोक लगाने के लिए आरबीआई ने सिक्योरिटी का लेयर बढ़ाने का फैसला किया है।

एक ऑथेंटिकेशन फैक्टर डायनेमिक जेनरेटेड होना चाहिए

आरबीआई की नई गाइडलाइंस में कई ऑथेंटिकेशन मेथड्स के इस्तेमाल की इजाजत दी गई है। इनमें बायोमीट्रिक्स और डिवाइस आधारित वेरिफिकेशन शामिल हैं। नए सिक्योरिटी सिस्टम की एक खासियत यह है कि कम से कम एक ऑथेंटिकेशन फैक्टर हर ट्रांजेक्शन के लिए डायनेमिक रूप से जेनरेटेड होना चाहिए। इसका फायदा यह है कि अगर एक लेयर टूट जाता है तो भी फ्रॉड करने वाले दूसरे लेयर को तोड़ने में कामयाब नहीं होंगे।

यह भी पढ़ें: Retirement Planning Fund: कितना बड़ा रिटायरमेंट फंड आपके लिए पर्याप्त होगा?

कस्टमर्स को पेमेंट के लिए मिलेंगे कई मेथड्स के विकल्प

इसे एक उदाहरण की मदद से समझा जा सकता है। अब हर डिजिटल पेमेंट के लिए ओटीपी (डायनेमिक) प्लस पिन (स्टैटिक) जरूरी होगा। दूसरे विकल्प में बायोमीट्रिक (डायनेमिक इन रियल टाइम) प्लस डिवाइस बाइंडिंग जरूरी होगा। तीसरे विकल्प में टोकन आधारित ऑथेंटिकेशन प्लस पासवर्ड जरूरी होगा। इसका मतलब है कि हर ट्रांजेक्शन के लिए अब एक रियल-टाइम सिक्योरिटी लेयर का इस्तेमाल होगा। इससे फ्रॉड के मामलों में कमी आएगी।



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Thursday, March 26, 2026

Anupama Spoiler: अनुपमा पर लगा चोरी का कलंक, रोजी की चाल ने छीनी नौकरी, क्या अब बिखर जाएगी अनु की दुनिया?

स्टार प्लस के शो 'अनुपमा' की कहानी में एक ऐसा मोड़ आया है जिसने दर्शकों को झकझोर कर रख दिया है। अपनी ईमानदारी और स्वाभिमान के लिए जानी जाने वाली अनुपमा पर अब चोरी का गंभीर आरोप लगा है। खास बात यह है कि इस साजिश में उसे फंसाने के लिए उसकी अपनी मासूमियत और रिश्तों का इस्तेमाल किया गया है।

कैसे शुरू हुआ ये नया संकट?

आज के एपिसोड में दिखाया जाएगा कि अनुपमा अपने करीबियों, जया और बंकू के लिए प्यार से खाना बनाने की तैयारी करती है। घर के माहौल में थोड़ी खुशहाली आती दिखती है जब उसे पता चलता है कि दिग्विजय ने उसके लिए कुकीज बनाई हैं। लेकिन यह सुकून ज्यादा देर नहीं टिकता। अचानक बंकू आकर खबर देता है कि पुलिस घर के बाहर खड़ी है और वो किसी और को नहीं, बल्कि अनुपमा को ढूंढ रही है।

चोरी का आरोप और रोजी का झूठ

पुलिस जब घर पहुंचती है, तो अनुपमा के पैरों तले जमीन खिसक जाती है। उस पर एक बेहद कीमती नेकलेस चोरी करने का आरोप लगाया जाता है। इतना ही नहीं, पुलिस का कहना है कि उसने इस चोरी को अंजाम देने के लिए अपनी बेटी जया का सहारा लिया। अनुपमा सफाई देती है कि उसे वह नेकलेस जया के बैग में मिला था और वह खुद उसे वापस करने जा रही थी।

तभी कहानी में विलेन बनी रोजी एंट्री लेती है। रोजी पुलिस के सामने सफेद झूठ बोलती है कि उसने अनुपमा को अपनी आंखों से चोरी करते देखा है। अनुपमा इस बात का विरोध करती है और रोजी की नीयत पर सवाल उठाती है, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी होती है।

हाथ से गई नौकरी, टूटा दिल

भले ही नेकलेस के मालिक ने दया दिखाते हुए पुलिस केस नहीं किया, लेकिन होटल मैनेजमेंट ने कड़ा रुख अपनाया। चोरी के आरोप के चलते होटल मैनेजर ने अनुपमा को नौकरी से निकाल दिया। एक स्वाभिमानी महिला के लिए यह उसकी मेहनत से ज्यादा उसके चरित्र पर हमला है। नौकरी जाने से अनु पूरी तरह टूट गई है क्योंकि यही उसकी नई शुरुआत का एकमात्र सहारा था।

क्या होगा आगे?

जहां एक तरफ अनुपमा मुश्किल में है, वहीं माही भी मुसीबत में फंसी है। गौतम उसे डरा-धमका रहा है कि अगर उसने सच बोला तो वह उसकी जिंदगी बर्बाद कर देगा। दूसरी ओर, आने वाले एपिसोड में दिग्विजय मसीहा बनकर सामने आएगा। जब पॉल, अनुपमा पर हाथ उठाने की कोशिश करेगा, तब दिग्विजय उसे बचाएगा। इतना ही नहीं, अनुपमा की नजर एक बेहद खूबसूरत 'सावी कैफे' पर पड़ेगी, जो शायद उसकी जिंदगी की नई उम्मीद बन सकता है।



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Wednesday, March 25, 2026

Sarke Chunari: 'यह कोई मुद्दा नहीं, असली समस्या तो गैस सिलेंडर...', 'सरके चुनरी' विवाद पर बोले डायरेक्टर प्रेम

कन्नड़ फिल्म इंडस्ट्री से एक और पैन-इंडिया धमाका होने जा रहा है, जिसका नाम है 'केडी: द डेविल'। फिल्म में ध्रुव सरजा के साथ बॉलीवुड के दिग्गज संजय दत्त और नोरा फतेही भी नजर आने वाले हैं। लेकिन पिछले कुछ दिनों से फिल्म अपने एक गाने 'सरके चुनरी तेरी सरके' को लेकर विवादों में घिरी हुई है। अब इस पूरे मामले पर फिल्म के निर्देशक प्रेम ने अपनी चुप्पी तोड़ी है और आलोचकों को बड़े ही बेबाक अंदाज में जवाब दिया है।

क्या है 'सरके चुनरी' विवाद?

विवाद की जड़ फिल्म का आइटम नंबर है, जिसमें नोरा फतेही और संजय दत्त नजर आ रहे हैं। गाने के बोल 'सरके चुनरी तेरी सरके' को लेकर कुछ सोशल मीडिया यूजर्स और कन्नड़ समर्थकों ने आपत्ति जताई थी। उनका कहना था कि गाने के बोल और फिल्मांकन कन्नड़ संस्कृति के अनुरूप नहीं हैं और इसमें हिंदी शब्दों का अधिक प्रयोग किया गया है। देखते ही देखते यह मामला भाषाई और सांस्कृतिक विवाद का रूप लेने लगा।

निर्देशक प्रेम का करारा जवाब

हाल ही में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान जब प्रेम से इस विवाद के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने इसे सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने कहा, "सरके चुनरी कोई विवाद नहीं है, यह बहुत छोटा मुद्दा है। अगर आपको असली समस्याओं पर बात करनी है, तो उन चीजों पर गौर करें जो आम आदमी को प्रभावित करती हैं, जैसे कि एलपीजी गैस सिलेंडर के बढ़ते दाम।"

निर्देशक ने आगे स्पष्ट किया कि एक फिल्मकार के तौर पर उनका मकसद केवल दर्शकों का मनोरंजन करना है। उन्होंने कहा कि अनुवाद के दौरान कुछ शब्दों का चयन फिल्म की लय और मांग के अनुसार किया जाता है, जिसे विवाद का मुद्दा नहीं बनाया जाना चाहिए।

पब्लिसिटी स्टंट के आरोपों को नकारा

फिल्म इंडस्ट्री में अक्सर यह चर्चा रहती है कि विवादों से फिल्म को फ्री पब्लिसिटी मिलती है। इस पर सफाई देते हुए प्रेम ने कहा कि वे किसी भी तरह के नकारात्मक प्रचार या विवाद के जरिए फिल्म को प्रमोट करने में विश्वास नहीं रखते। उन्होंने उन लोगों से माफी भी मांगी जिनकी भावनाएं आहत हुई हैं, लेकिन साथ ही यह भी दोहराया कि फिल्म की कहानी और उसका पैमाना किसी भी छोटे विवाद से कहीं बड़ा है।

फिल्म 'केडी: द डेविल' के बारे में

'केडी: द डेविल' एक एक्शन ड्रामा फिल्म है जो 1970 के दशक के बैंगलोर की पृष्ठभूमि पर आधारित है। फिल्म में ध्रुव सरजा मुख्य भूमिका में हैं, जबकि संजय दत्त एक शक्तिशाली विलेन के रूप में नजर आएंगे। फिल्म की भव्यता और इसकी स्टार कास्ट को देखते हुए इसे इस साल की सबसे चर्चित फिल्मों में गिना जा रहा है।

निर्देशक प्रेम का यह बयान सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है। जहां कुछ लोग उनके 'गैस सिलेंडर' वाले तर्क का समर्थन कर रहे हैं, वहीं कुछ अभी भी कला और संस्कृति के संतुलन को लेकर बहस कर रहे हैं। अब देखना यह होगा कि यह विवाद फिल्म की रिलीज और उसकी कमाई पर क्या असर डालता है।



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Tuesday, March 24, 2026

Real Estate Scam: एक ही जमीन को 2 बार बेचा! किया 15.26 करोड़ रुपये का प्लॉट स्कैम

Real Estate Scam: हैदराबाद में तेजी से बढ़ती जमीन की कीमतों के बीच रियल एस्टेट फ्रॉड के मामले भी बढ़ते जा रहे हैं। हाल ही में एक बड़ा घोटाला सामने आया है, जहां एक ही प्लॉट को कई लोगों को बेचकर करोड़ों रुपये की ठगी की गई। यह मामला कुतबुल्लापुर सब-रजिस्ट्रार ऑफिस के क्षेत्र का बताया जा रहा है।

साइबराबाद की इकोनॉमिक ऑफेंस विंग (EOW) के अनुसार आरोपियों ने करीब तीन एकड़ जमीन पर प्लॉट बनाए थे और पहले ही इन्हें कुछ लोगों को बेच दिया था। लेकिन बाद में जब जमीन की कीमतें बढ़ीं, तो उन्होंने पुराने रजिस्ट्रेशन को छुपाकर उन्हीं प्लॉट्स को दोबारा नए खरीदारों को बेच दिया। इस तरह तीन लोगों से करीब 15.26 करोड़ रुपये की ठगी की गई।

आरोप है कि आरोपियों ने खरीदारों को यह भरोसा दिलाया कि जमीन पूरी तरह साफ है और उस पर कोई विवाद नहीं है। इसी भरोसे में आकर पीड़ितों ने बड़ी रकम देकर प्लॉट खरीद लिए और रजिस्ट्रेशन भी करा लिया। बाद में उन्हें पता चला कि वही जमीन पहले ही किसी और के नाम पर रजिस्टर्ड है, जिससे वे हैरान रह गए।

इस मामले में सब-रजिस्ट्रार की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। आम तौर पर एक बार रजिस्ट्रेशन होने के बाद उसी जमीन का दोबारा रजिस्ट्रेशन नहीं हो सकता, लेकिन पीड़ितों का आरोप है कि अधिकारियों की मिलीभगत से रिकॉर्ड में हेरफेर कर यह फ्रॉड किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए अधिकारियों ने सब-रजिस्ट्रार के खिलाफ भी जांच शुरू कर दी है।

पुलिस ने इस मामले में धोखाधड़ी, जालसाजी और साजिश जैसी धाराओं में FIR दर्ज कर ली है। मुख्य आरोपी फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं और उन्हें पकड़ने के लिए पुलिस की टीमें बनाई गई हैं। एक्सपर्ट का कहना है कि प्रॉपर्टी खरीदते समय लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए। जमीन का इतिहास जांचने के लिए एन्कम्ब्रेंस सर्टिफिकेट (EC) जरूर देखें, किसी वकील से कानूनी सलाह लें और सरकारी पोर्टल पर रिकॉर्ड चेक करें।

SIP से कितने समय में बनेगा ₹1 करोड़ का फंड, कितना करना होगा निवेश; समझिए पूरा कैलकुलेशन



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Monday, March 23, 2026

US-Iran War: ईरान के​ खिलाफ हमलों पर रोक! ट्रंप का ऐलान- पांच दिन तक यहां नहीं करेंगे अटैक

ईरान-अमेरिका और इजरायल के बीच बीते 23 दिनों से जारी जंग के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा ऐलान किया है। ट्रंप ने सोमवार को ऐलान किया कि, अमेरिकी रक्षा विभाग को निर्देश दिया है कि ईरानी पावर प्लांट्स और ऊर्जा ढांचे पर कि पर किसी भी सैन्य हमले को फिलहाल पांच दिनों के लिए टाल दिया जाए। ट्रंप ने बताया कि बीते दो दिनों में अमेरिका और ईरान के बीच सार्थक बातचीत रही है, जोकि आगे भी जारी रहेगी।

अमेरिकी राष्ट्रपति ने आगे कहा कि मैंने डिपार्टमेंट ऑफ वॉर (पेंटागन) को निर्देश दिया है कि ईरान में पावर प्लांट और एनर्जी ठिकानों को अगले 5 दिनों तक हमले न किए जाएं। दरअसल ट्रम्प ने दो दिन पहले ईरान को धमकी दी थी कि अगर 48 घंटे में होर्मुज रूट नहीं खोला गया तो वो ईरान के पावर प्लांट पर बड़ा हमला करेंगे।

ट्रंप ने किया ये बड़ा ऐलान

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर लिखा कि पिछले दो दिनों में अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत काफी सकारात्मक रही है और इसका मकसद दोनों देशों के बीच लंबे समय से चल रही दुश्मनी को खत्म करना है। डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच दो दिनों तक लंबी और विस्तार से बातचीत हुई, जिसका मकसद मध्य-पूर्व में दोनों देशों के बीच चल रही दुश्मनी को खत्म करना है। उन्होंने बताया कि इन चर्चाओं के बाद उन्होंने अमेरिकी युद्ध विभाग को निर्देश दिया है कि अगले पांच दिनों तक ईरान के पावर प्लांट और ऊर्जा ढांचे पर होने वाले सभी तय सैन्य हमलों को रोक दिया जाए। ट्रंप ने ‘ट्रुथ सोशल’ पर लिखा कि बातचीत का माहौल सकारात्मक और रचनात्मक रहा है और यह चर्चा आगे भी जारी रहेगी। हालांकि, उन्होंने यह भी साफ किया कि हमलों को टालने का फैसला आगे होने वाली बातचीत की सफलता पर निर्भर करेगा।



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Sunday, March 22, 2026

Israel-US Iran War: ईरान ने होर्मुज में मार गिराया दुश्मन का F-15 फाइटर जेट, सामने आया वीडियो

Israel US Iran War: ईरान-इजरायल और अमेरिका के बीच जारी जंग अब खतरनाक मोड़ पर पहुंचता नजर आ रहा है। वहीं इजरायल और अमेरिका को ईरान ने एक बार फिर बड़ा झटका दिया है। ईरानी मिसाइल ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में दुश्मन के एफ-15 फाइटर जेट को मार गिराने का दावा किया है। इससे पहले ईरान इजरायल के एफ-16 और अमेरिका के एफ-35 को भी निशाना बना चुका है।  बता दें कि शनिवार को ट्रंप ने ईरान को 48 घंटे का अल्टीमेटम जारी किया था। ट्रंप ने कहा था कि वह स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोल दे अन्यथा उस पर हमले किए जाएंगे।

ईरान का बड़ा दावा 

ईरान के सरकारी मीडिया के अनुसार, उसकी एयर डिफेंस सिस्टम ने होर्मुज स्ट्रेट के पास एक दुश्मन के एफ-15 लड़ाकू विमान को सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल से गिरा दिया है। इस घटना को खाड़ी क्षेत्र में ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव का बड़ा संकेत माना जा रहा है। तेहरान टाइम्स की सोशल मीडिया पोस्ट में दावा किया गया कि यह विमान ईरान के दक्षिणी तट के ऊपर आते ही पकड़ लिया गया और फिर रणनीतिक रूप से अहम होर्मुज स्ट्रेट के पास उसे मार गिराया गया। रिपोर्ट में इसे दुश्मन की घुसपैठ के खिलाफ ईरानी एयर डिफेंस की सफल कार्रवाई बताया गया है।

अमेरिका ने दिया था अल्टीमेटम

ईरान के इस दावे के साथ एक छोटा वीडियो भी सामने आया है, जिसमें दिख रहा है कि एक इन्फ्रारेड सिस्टम किसी टारगेट को ट्रैक कर रहा है और फिर अचानक तेज चमक दिखाई देती है, जिससे लगता है कि किसी हमले या इंटरसेप्शन की कार्रवाई हुई हो सकती है। हालांकि, इस पूरे मामले की अभी तक किसी स्वतंत्र स्रोत से पुष्टि नहीं हुई है और न ही अमेरिका या इजरायल ने किसी एफ-15 विमान के नुकसान की आधिकारिक जानकारी दी है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को होर्मुज स्ट्रेट खोलने के लिए 48 घंटे का अल्टीमेटम दिया है और चेतावनी दी है कि ऐसा न होने पर ईरान के बिजली संयंत्रों पर कड़ी सैन्य कार्रवाई की जा सकती है।



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'दुबई में शो के लिए मैंने न तो पैसे मांगे और...' आलोचनाओं को सुनील गावस्कर ने दिया करारा जवाब

सनराइजर्स हैदराबाद की को-ओनर काव्या मारन की नई टीम सनराइजर्स लीड्स ने ‘द हंड्रेड’ 2026 ऑक्शन में पाकिस्तानी खिलाड़ी अबरार अहमद को खरीदकर नया विवाद खड़ा कर दिया है। अबरार को करीब 1.90 लाख पाउंड (लगभग 2.34 करोड़ रुपये) में टीम में शामिल किया गया। पाकिस्तानी खिलाड़ी अबरार अहमद को काव्या मारन की टीम द्वारा खरीदे जाने पर भारत में लोग नाराजगी जता रहे हैं। इस फैसले पर दिग्गज क्रिकेटर सुनील गावस्कर भी अपनी नाराजगी जताई थी। गावस्कर का बयान चर्चा में आ गया, जिसके चलते उन्हें भी लोगों की आलोचना झेलनी पड़ी। खासतौर पर इसलिए क्योंकि वह आईसीसी के कमेंट्री पैनल का हिस्सा हैं। अब गावस्कर ने सामने आकर इस ट्रोलिंग पर अपनी रिएक्शन दिया है।

सुनील गावस्कर ने दिया रिएक्शन

मुंबई मिरर को दिए एक इंटरव्यू में सुनील गावस्कर ने अपने ऊपर हो रही आलोचनाओं का खुलकर जवाब दिया। पूर्व क्रिकेटर से कमेंटेटर बने गावस्कर ने साफ कहा, “हां, मैं ICC और ACC के कमेंट्री पैनल का हिस्सा रहा हूं। जहां तक मेरी जानकारी है, ICC और ACC की कमाई सभी भाग लेने वाले देशों में बांटी जाती है, लेकिन किसी भारतीय संस्था को सीधे तौर पर नहीं जाती। मुझे समझ नहीं आता कि लोग मुझे कैसे जिम्मेदार ठहरा सकते हैं, क्योंकि मैं किसी भी कमेंटेटर चाहे वह भारतीय हो या किसी और देश का को कोई भुगतान नहीं करता।”

कोई पे नहीं मिला

सुनील गावस्कर ने बताया कि उन्हें आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के दौरान पाकिस्तान के क्रिकेट शो ‘द ड्रेसिंग रूम’ में शामिल होने का निमंत्रण मिला था। उस समय भारत के ट्रैवल प्लान को लेकर दोनों देशों के क्रिकेट बोर्ड के बीच काफी चर्चा चल रही थी। गावस्कर ने इंटरव्यू में कहा, “मैंने दुबई में जो शो किया, उसके लिए न तो मैंने कोई पैसे मांगे और न ही मुझे कोई भुगतान मिला।”

इसके साथ ही उन्होंने भारतीय मालिकाना हक वाली फ्रेंचाइजी को सलाह दी कि वे दूसरी बड़ी टी20 लीग्स में पाकिस्तानी खिलाड़ियों पर निवेश करने से बचें। उन्होंने कहा, “मैं CPL, ILT20 या SA20 जैसी लीग्स को फॉलो नहीं करता, इसलिए मुझे यह नहीं पता कि कौन किस टीम के लिए खेल रहा है। लेकिन अगर भारतीय मालिक किसी पाकिस्तानी खिलाड़ी को पैसा दे रहे हैं, तो उम्मीद है कि वे इस पर दोबारा सोचेंगे और ऐसा करना बंद करेंगे।”

गावरस्कर ने क्या कहा था

बता दें, मिड-डे के लिए अपने कॉलम में अबरार अहमद को SRH द्वारा खरीदने पर गावस्कर ने लिखा था कि 'यह पैसा इनडायरेक्टली क्रॉस-बॉर्डर टेररिज्म को फंडिंग करने में मदद करेगा।' पाकिस्तान में जन्मे इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेटर अजीम रफीक ने सुनील गावस्कर के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। रफीक ने गावस्कर पर दोहरे रवैये का आरोप भी लगाया और कहा कि जब वह ACC और ICC के टूर्नामेंट्स में भारत-पाकिस्तान जैसे मुकाबलों में कमेंट्री करते हैं, तो इस पर भी सवाल उठना चाहिए।



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Dhurandhar 2: आदित्य धर की 'पीक डिटेलिंग' में हुई बड़ी चूक, पैनी नजर वाले फैंस ने पकड़ी फिल्म की ये तकनीकी गलती

बॉलीवुड अभिनेता रणवीर सिंह की हालिया रिलीज फिल्म 'धुरंधर: द रिवेंज' इस वक्त बॉक्स ऑफिस पर सुनामी बनी हुई है। फिल्म की सफलता का श्रेय इसके दमदार एक्शन और निर्देशक आदित्य धर की बारीकियों (Detailing) पर पकड़ को दिया जा रहा है। हालांकि, सोशल मीडिया के दौर में दर्शकों की नजरों से कुछ भी छिपाना नामुमकिन है। अब फिल्म के एक बेहद खास सीन में एक ऐसी तकनीकी गलती पकड़ी गई है, जिसने निर्देशक की 'परफेक्ट' डिटेलिंग पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

बाथरूम सीन में दिखा 'अनचाहा' चेहरा

फिल्म के एक सीन में मुख्य किरदार 'हमजा' अपने दोस्त 'पिंडा' के साथ एक बाथरूम में गुत्थमगुत्था होता नजर आता है। यह एक इंटेंस फाइट सीन है, लेकिन दर्शकों ने गौर किया कि बैकग्राउंड में लगे शीशे (Mirror) में कैमरे के पीछे खड़े कैमरामैन की झलक साफ दिखाई दे रही है।

सोशल मीडिया पर इस सीन के स्क्रीनशॉट और वीडियो तेजी से वायरल हो रहे हैं। लोग मजे लेते हुए कह रहे हैं कि आदित्य धर अपनी फिल्मों में जितनी भी बारीकी दिखा लें, लेकिन कहीं न कहीं मानवीय चूक (Human Error) हो ही जाती है।

राजामौली और ऋषभ शेट्टी ने की थी तारीफ

हैरानी की बात यह है कि इसी फिल्म के लिए आदित्य धर को फिल्म इंडस्ट्री के दिग्गजों से खूब वाहवाही मिली थी। 'कंतारा' फेम ऋषभ शेट्टी ने फिल्म के शुरुआती सीन की डिटेलिंग को देखकर इसे मास्टरपीस बताया था। वहीं, दिग्गज निर्देशक एसएस राजामौली ने भी धुरंधर 2 को एक साहसपूर्ण फिल्म करार दिया था। लेकिन अब इसी 'पीक डिटेलिंग' में हुई इस छोटी सी चूक ने चर्चा का रुख मोड़ दिया है।dhurandhar peak detailing

बॉक्स ऑफिस पर 'जवान' और 'एनिमल' को दे रही चुनौती

तकनीकी गलतियों के बावजूद, धुरंधर 2 का बॉक्स ऑफिस पर दबदबा कायम है। फिल्म ने महज तीन दिनों में ही 'जवान', 'पुष्पा 2' और 'एनिमल' जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्मों के कई रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिए हैं। विदेशों में भी फिल्म का डंका बज रहा है और इसने 500 करोड़ के जादुई आंकड़े को पार कर लिया है।

क्या फिल्म 'प्रोपगेंडा' है?

फिल्म को लेकर सोशल मीडिया पर दो फाड़ नजर आ रहे हैं। जहाँ एक तरफ समीक्षक और आम जनता इसकी तारीफ कर रहे हैं, वहीं एक तबका ऐसा भी है जो इसे 'प्रोपगेंडा' फिल्म बताकर इसकी आलोचना कर रहा है। हालांकि, फिल्म के बिजनेस पर इन विवादों का कोई नकारात्मक असर नहीं दिख रहा है।

आदित्य धर की यह फिल्म अपनी कमियों और खूबियों दोनों की वजह से सुर्खियां बटोर रही है। यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या डायरेक्टर आने वाले समय में इन बारीक गलतियों पर अपनी कोई प्रतिक्रिया देते हैं या नहीं।



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Mohit Suri: 8 घंटे की शिफ्ट डिबेट में कूदे मोहित सूरी, बोले-इमरान हाशमी ने मेरे साथ 24 घंटे शूटिंग की है

Mohit Suri: पिछले साल, अभिनेत्री दीपिका पादुकोण ने 'स्पिरिट' और 'कल्कि 2898 ईस्वी' के सीक्वल से किनारा कर लिया था, जिसके बाद अभिनेताओं के लिए आठ घंटे की शिफ्ट को लेकर एक बहस छिड़ गई थी। अब, निर्देशक मोहित सूरी ने भी इस मुद्दे पर अपनी राय देते हुए इमरान हाशमी के 24 घंटे लगातार शूटिंग करने के अनुभव को याद किया है।

वैरायटी इंडिया को दिए एक इंटरव्यू में मोहित ने फिल्म इंडस्ट्री में काम और निजी जीवन के बीच संतुलन बनाए रखने के लिए आठ घंटे के वर्किंग डे पर चल रही बहस पर खुलकर बात की। निर्देशक ने बताया कि उन्होंने पास्ट में अभिनेताओं को लगातार 24 घंटे काम करते देखा है।

मोहित ने कहा, “जरूरत पड़ने पर मैंने अभिनेताओं को 24 घंटे काम करते देखा है। जब हम 'आवारापन' की शूटिंग कर रहे थे और इंटरकॉन्टिनेंटल होटल के प्रेसिडेंशियल सुइट की छत पर एक बेहद महंगी लोकेशन थी, तो वह हमें सिर्फ 24 घंटे के लिए ही मिली थी। मुझे याद है इमरान हाशमी ने मेरे साथ 24 घंटे शूटिंग की थी… हम इसे अहंकार का मुद्दा बना रहे हैं।

किसी को शिफ्ट तय करने का अधिकार क्यों होना चाहिए? लेकिन आइए देखें कि काम की गुणवत्ता कैसे तय होती है, है ना? मेरा मतलब है कि अगर कोई यूनिट 12 घंटे की शिफ्ट में काम कर रही है, तो वे वास्तव में 14 घंटे काम कर रहे हैं क्योंकि वे सामान लोड और अनलोड कर रहे हैं। उन्हें सिर्फ उन 12 घंटों का ही भुगतान मिलता है। मेरा मतलब है कि यह 15 घंटे भी हो सकता है। फिर वे घर चले जाते हैं।

निर्देशक ने इस बात पर जोर दिया कि बेहतर शिफ्ट केवल अभिनेताओं के लिए ही आरक्षित नहीं होने चाहिए, बल्कि इसमें पूरे दल के को भी ध्यान में रखा जाना चाहिए। “हम इसे ज़्यादातर अभिनेताओं से जोड़कर देख रहे हैं और सोच रहे हैं कि वे इसकी मांग कर रहे हैं। लेकिन आइए पूरी यूनिट के बारे में भी सोचें, क्योंकि मैं एक सहायक निर्देशक रह चुका हूं, जो शूटिंग खत्म होने के बाद बारिश में यूनिट के सदस्यों और लाइटमैन के काम समेटने तक बस में स्टेशन तक इंतज़ार करता रहा है। मैं जानता हूं कि बाकी यूनिट के लिए यह कितना मुश्किल होता है। हम इस बात को लेकर अहंकारी हो रहे हैं कि एक एक्टर ने यह सुझाव दिया है।

फिलहाल, मोहित को लगता है कि लोग “अभिनेताओं की नींद पर ज़रूरत से ज़्यादा ध्यान दे रहे हैं”, और उन्होंने कहा कि अगर वे आठ घंटे में शूटिंग खत्म कर लेते हैं, तो इसमें कुछ भी गलत नहीं है। लेकिन उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि अब समय आ गया है कि हम चीजों को “व्यापक परिप्रेक्ष्य” से भी देखें।

पिछले साल, दीपिका पादुकोण और निर्देशक संदीप रेड्डी वांगा के बीच विवाद तब शुरू हुआ जब उन्होंने प्रभास अभिनीत अखिल भारतीय फिल्म 'स्पिरिट' छोड़ दी। खबरों के अनुसार, रचनात्मक शर्तों पर असहमति और आठ घंटे के वर्किंग डे की मांग के कारण ऐसा हुआ। उनके जाने के बाद तृप्ति डिमरी ने उनकी जगह ली। इससे सोशल मीडिया पर पेशेवर रवैये को लेकर बहस छिड़ गई।

तब से, करीना कपूर से लेकर अनन्या पांडे और दिव्या दत्ता तक कई अभिनेत्रियों ने सेट पर निश्चित वर्किंग ऑवर के मुद्दे पर अपने विचार व्यक्त किए हैं। पिछले साल मोहित को अहान पांडे और अनीट पद्दा अभिनीत फिल्म 'सैयारा' से अपने करियर की सबसे बड़ी हिट देने के लिए खूब सराहना मिली। फिलहाल, निर्देशक अपनी अगली फिल्म की स्क्रिप्ट लिखने में व्यस्त हैं। इस प्रोजेक्ट के बारे में अभी तक ज्यादा जानकारी सामने नहीं आई है और कलाकारों का चयन भी अभी बाकी है।

इस बीच, इमरान के लिए पिछले कुछ महीने काफी व्यस्त रहे हैं, उन्होंने कोर्टरूम ड्रामा 'हक' (2025 में रिलीज हुई) और वेब सीरीज 'तस्करी: अ स्मगलर्स वेब' में अपने शानदार अभिनय से दर्शकों का दिल जीता है। फिलहाल, वह 'अवारपन 2' के काम में व्यस्त हैं।



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Saturday, March 21, 2026

आईपीएल से पहले KKR को लगा डबल झटका, हर्षित राणा के बाद ये तेज गेंदबाज भी हुआ बाहर!

आईपीएल के 19वें सीजन का आगाज 28 मार्च से होने जा रहा है। कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) आईपीएल 2026 में अपने अभियान की शुरुआत 29 मार्च को मुंबई इंडियंस के खिलाफ करेगी। मैच से पहले कोलकाता नाइट राइडर्स को बड़ा झटका लगा है। हर्षित राणा के बाद अब तेज गेंदबाज आकाश दीप भी पूरे टूर्नामेंट से बाहर हो गए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक तेज गेंदबाज आकाश दीप किसी चोट के कारण इस सीजन में नहीं खेल पाएंगे, जिससे टीम की तैयारियों पर असर पड़ सकता है।

केकेआर से बाहर हुए आकाश दीप

क्रिकबज के रिपोर्ट के मुताबिक, आकाश दीप को आईपीएल 2026 की नीलामी में कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) ने 1 करोड़ रुपये के बेस प्राइस पर खरीदा था, लेकिन वह 18 मार्च से कोलकाता में शुरू हुए प्री-सीजन कैंप में शामिल नहीं हो पाए। आकाश बेंगलुरु स्थित नेशनल क्रिकेट एकेडमी (NCA) में चोट से उबरने के लिए रिहैब कर रहे हैं, हालांकि उनकी वापसी कब होगी, यह अभी साफ नहीं है। रिपोर्ट के मुताबिक केकेआर के एक अधिकारी ने बताया कि आकाश दीप अब पूरे आईपीएल 2026 सीजन से बाहर हो गए हैं।

हर्षित भी हो चुके हैं बाहर

आकाश दीप के बाहर होने के साथ ही वह टीम के दूसरे ऐसे अनुभवी भारतीय तेज गेंदबाज बन गए हैं जो सीजन शुरू होने से पहले ही बाहर हो गए। उनसे पहले हर्षित राणा भी चोट के कारण टीम से बाहर हो चुके हैं, जिन्हें टी20 वर्ल्ड कप 2026 से पहले वार्म-अप मैच के दौरान घुटने में चोट लगी थी और उन्हें सर्जरी करानी पड़ी थी। हाल ही में राणा को बीसीसीआई के सालाना अवॉर्ड्स में भी देखा गया था।

अभिषेक नायर ने क्या कहा

केकेआर के कोच अभिषेक नायर ने हाल ही में हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में संकेत दे दिए थे कि हर्षित राणा इस सीजन में शायद नहीं खेल पाएंगे। वहीं टीम को एक और झटका लगा है, क्योंकि श्रीलंका के तेज गेंदबाज मथीशा पथिराना भी शुरुआत के कुछ मैच नहीं खेलेंगे। उन्हें 18 करोड़ रुपये में खरीदा गया था और उम्मीद है कि वह अप्रैल के बीच तक टीम से जुड़ जाएंगे।



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Friday, March 20, 2026

Eid Security: ईद से पहले दिल्ली में हाई अलर्ट; द्वारका और उत्तम नगर में बढ़ाई गई सुरक्षा, 100 से अधिक चौकियों पर तैनाती

Eid Security: ईद-उल-फितर बस एक दिन दूर है, ऐसे में दिल्ली के द्वारका जिले में सुरक्षा बढ़ा दी गई है, क्योंकि 4 मार्च को हुई हत्या के बाद पश्चिमी दिल्ली के पड़ोसी उत्तम नगर में तनाव बना हुआ है। पुलिस ने 100 से अधिक चौकियां स्थापित की हैं और संवेदनशील क्षेत्रों में आवाजाही पर नजर रखने के लिए छतों और प्रमुख चौराहों पर कर्मियों को तैनात किया गया है।

दिल्ली हाई कोर्ट के निर्देशों के बाद उत्तम नगर ईस्ट मेट्रो स्टेशन के आसपास सुरक्षा और कड़ी कर दी गई है, ताकि त्योहार के दौरान अशांति की आशंकाओं को देखते हुए तैयारियां पूरी की जा सकें।

ईद को देखते हुए किए गए कड़े इंतजाम

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि ईद की खुशियां शांति से मनाई जा सकें, इसके लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं। उन्होंने आगे कहा, “हमने विस्तार से तैनाती की योजना बनाई है और किसी भी स्थिति में तुरंत कार्रवाई करने के लिए तैयार हैं।”

पुलिस के अनुसार, 4 मार्च को हुई हत्या वाले हत्सल गांव और आसपास के इलाकों में अतिरिक्त फोर्स तैनात किए गए हैं, साथ ही दिल्ली पुलिस और केंद्रीय सशस्त्र बलों की संयुक्त तैनाती प्रमुख स्थानों पर की गई है।

बता दें कि होली के दिन जेजे कॉलोनी में दो पड़ोसी परिवारों के बीच हुई झड़प में घायल हुए 26 साल के तरुण की मौत हो गई थी।

पुलिस के मुताबिक, यह झड़प तब शुरू हुई जब एक परिवार की लड़की द्वारा फेंका गया पानी का गुब्बारा गलती से दूसरे परिवार की महिला को लग गया।

इस घटना के बाद कुछ समूहों ने विरोध प्रदर्शन किया, जिसके दौरान आरोपियों से जुड़ी दो गाड़ियों में आग लगा दी गई। अब तक पुलिस ने इस मामले में दो नाबालिगों समेत 14 लोगों को गिरफ्तार किया है।

मस्जिदों, ईदगाहों में बढ़ाई गई सुरक्षा

अधिकारियों ने बताया कि मस्जिदों, ईदगाहों और अन्य सार्वजनिक स्थलों, जहां बड़ी संख्या में लोगों के इकट्ठा होने की उम्मीद है, के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी गई है। शांति बनाए रखने के लिए नियमित रूप से, पैदल पेट्रोलिंग और वाहन जांच की जा रही है।

पुलिस ने भड़काऊ कंटेंट के प्रसार को रोकने के लिए सोशल मीडिया पर निगरानी बढ़ा दी है, और कई आपत्तिजनक पोस्टों को चिह्नित करके उन पर कार्रवाई की जा चुकी है।

मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों को संवेदनशील घोषित किया गया है और उन पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। जमीनी तैनाती के अलावा, निगरानी बढ़ाने के लिए चुनिंदा स्थानों पर ऊंचे स्थानों पर पुलिस टीमों को तैनात किया गया है।

जागरूकता अभियान के तहत, कई इलाकों में फ्लैग मार्च आयोजित किए गए हैं और ईद के दौरान भी निवासियों में विश्वास जगाने के लिए ये मार्च जारी रहेंगे। हालांकि, फिर भी स्थानीय लोगों में बेचैनी बनी हुई है।

उत्तम नगर RWA के अध्यक्ष प्रदीप शुक्ला ने कहा कि सुरक्षाकर्मियों की मौजूदगी से कुछ हद तक स्थिति कंट्रोल में आई है, लेकिन चिंता अभी भी बरकरार है।

उन्होंने कहा, “भारी बैरिकेडिंग की गई है और आवाजाही कम हो गई है। असामान्य रूप से शांति का माहौल है। लोग अभी भी चिंतित हैं, लेकिन हम उम्मीद करते हैं कि हालात शांतिपूर्ण बने रहेंगे।”

यह भी पढ़ें: West Bengal Murder Case: पैसे न देने पर पति ने की 6 महीने की गर्भवती पत्नी की हत्या, शव बेड के नीचे छिपाया



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Thursday, March 19, 2026

दुनिया भर में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में आग, लेकिन भारत में दाम क्यों हैं स्थिर? समझें इसके पीछे का गणित

Fuel Prices Surging: मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध के कारण पूरी दुनिया में ऊर्जा का संकट गहरा गया है। जहां अमेरिका से लेकर वियतनाम तक पेट्रोल की कीमतें 70% तक बढ़ गई हैं, वहीं भारत में पिछले तीन हफ्तों के दौरान पंपों पर कीमतें जस की तस बनी हुई हैं। आखिर वैश्विक उथल-पुथल के बीच भारत यह स्थिरता कैसे बनाए हुए है?

95 देशों में बढ़े फ्यूल के दाम

होर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव के कारण कच्चे तेल की सप्लाई बाधित हुई है, जिसका असर पूरी दुनियाभर में देखने को मिल रहा है। कंबोडिया में फ्यूल की कीमतें 67.8%, वियतनाम में 49.7% और नाइजीरिया में 35% तक बढ़ चुकी हैं। अमेरिका में पेट्रोल के दाम 16.5% बढ़े हैं, जहां कैलिफोर्निया जैसे राज्यों में यह $5 प्रति गैलन के पार पहुंच गया है। जर्मनी और फ्रांस में भी भारी इजाफा देखा गया है। पाकिस्तान में तेल बचाने के लिए '4-डे वर्किंग वीक' लागू किया गया है, जबकि बांग्लादेश में ऊर्जा संरक्षण के लिए यूनिवर्सिटीज बंद कर दी गई हैं।

भारत में क्यों 'फ्रीज' हैं कीमतें?

जबकि दुनिया भर में कीमतें हर दिन बदल रही हैं, भारत के प्रमुख शहरों दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु में पेट्रोल-डीजल के दाम स्थिर हैं। इसके ये 3 प्रमुख कारण है:

एडमिनिस्ट्रेटिव कंट्रोल: भारत में तेल की कीमतें पूरी तरह से 'रियल-टाइम' मार्केट पर निर्भर नहीं हैं। यही वजह है कि सरकार और सरकारी तेल विपणन कंपनियां (OMCs) अक्सर अल्पकालिक झटकों को सोख लेती हैं।

टैक्स स्ट्रक्चर में लचीलापन: सरकार के पास एक्साइज ड्यूटी या वैट (VAT) में बदलाव कर कीमतों को नियंत्रित रखने का विकल्प होता है।

OMC का बफर: भारतीय तेल कंपनियां वैश्विक कीमतों में बढ़ोतरी का बोझ तुरंत ग्राहकों पर नहीं डालतीं, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजार और घरेलू पंप की कीमतों के बीच 'बड़ा अंतर' देखने को मिलता है।

क्या यह स्थिरता हमेशा बनी रहेगी?

जानकारों का मानना है कि भारत के लिए यह स्थिति लंबे समय तक बनाए रखना चुनौतीपूर्ण होगा क्योंकि भारत अपनी जरूरत का 85% से ज्यादा कच्चा तेल आयात करता है। अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चा तेल $100-110 के पार बना रहता है, तो तेल कंपनियों (IOCL, BPCL, HPCL) का घाटा बढ़ेगा, जिसे अंततः कीमतों में बढ़ोतरी या सरकारी सब्सिडी के जरिए ही भरा जा सकेगा।

महंगाई का 'ट्रिपल' अटैक

तेल की कीमतों में यह वैश्विक उछाल केवल वाहनों तक सीमित नहीं रहेगा, इसके तीन और खतरनाक प्रभाव होंगे:

ट्रांसपोर्ट: माल ढुलाई महंगी होने से हर छोटी-बड़ी चीज की कीमत बढ़ेगी।

खेती: फर्टिलाइजर उत्पादन महंगा होने से अनाज के दाम बढ़ेंगे।

मैन्युफैक्चरिंग: फैक्ट्रियों में लागत बढ़ने से सामान की कीमतें बढ़ेंगी, जिससे 1973 और 2008 जैसी वैश्विक मंदी का खतरा पैदा हो सकता है।



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Wednesday, March 18, 2026

Jewar Airport: नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का 28 मार्च को होगा उद्घाटन, प्रॉपर्टी मार्केट को मिलेगा बूस्ट?

Jewar Airport: नोएडा के जेवर में बन रहा नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट 28 मार्च 2026 को शुरू होने जा रहा है। माना जा रहा है कि इस एयरपोर्ट के शुरू होते ही पूर्वी NCR का रियल एस्टेट बाजार तेजी से बदल सकता है। एक्सपर्ट इसे इस इलाके के लिए गेम-चेंजर मान रहे हैं।

प्रॉपर्टी खरीदने वालों के लिए बड़ा मौका

एयरपोर्ट बनने से सबसे बड़ा फायदा कनेक्टिविटी का होगा। यमुना एक्सप्रेसवे और नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे के आसपास रहने वालों के लिए सफर आसान होगा। यही वजह है कि इन इलाकों में घर और दुकान की मांग बढ़ने की उम्मीद है। रिपोर्ट के अनुसार एयरपोर्ट शुरू होने के बाद इन इलाकों में प्रॉपर्टी के दाम 20-30% तक बढ़ सकते हैं।

पहले सस्ता था नोएडा, अब बदल रही तस्वीर

पहले NCR में गुरुग्राम को ज्यादा विकसित माना जाता था और नोएडा को थोड़ा सस्ता विकल्प समझा जाता था। लेकिन अब हालात बदल रहे हैं। बेहतर सड़क, मेट्रो और इंफ्रास्ट्रक्चर की वजह से नोएडा तेजी से आगे बढ़ रहा है। पिछले कुछ सालों में यहां प्रॉपर्टी के दाम भी तेजी से बढ़े हैं। 2020 में जहां औसत कीमत करीब 4,800 रुपये प्रति वर्ग फुट थी, वहीं 2025 तक यह बढ़कर करीब 9,200 रुपये प्रति वर्ग फुट हो गई।

अब निवेश नहीं, रहने के लिए खरीद रहे लोग

पहले लोग यहां सिर्फ निवेश के लिए घर खरीदते थे, लेकिन अब अधिकतर खरीदार खुद रहने के लिए घर ले रहे हैं। IT और कॉर्पोरेट सेक्टर में काम करने वाले लोग ऑफिस के पास घर लेना पसंद कर रहे हैं। नोएडा के सेक्टर 150 और ग्रेटर नोएडा वेस्ट जैसे इलाके तेजी से फेमस हो रहे हैं। यहां बड़े घर, हरियाली और अच्छी सुविधाएं मिल रही हैं, जिससे परिवारों को आकर्षण बढ़ रहा है। अगर आप इस इलाके में घर खरीदने की सोच रहे हैं, तो पहले इन बातों का ध्यान रखें।

प्रोजेक्ट की लोकेशन और डेवलपर की विश्वसनीयता जांचें

भविष्य की कनेक्टिविटी और सुविधाओं को देखें

सिर्फ दाम बढ़ने की उम्मीद में नहीं, जरूरत के हिसाब से खरीदें

Stock Markets: क्या यह सस्ते भाव पर खरीदारी का मौका है या अभी निवेश करना रिस्की है?



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Tuesday, March 17, 2026

Daisy Shah: 'अकेले रहकर ज्यादा खुश हूं', सलमान की को-स्टार का खुलासा

हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में जहां शादी और रिश्तों को लेकर अक्सर चर्चा होती रहती है, वहीं सलमान खान की एक को-स्टार अपनी अलग सोच के कारण सुर्खियों में हैं। 41 साल की यह अभिनेत्री शादी के पारंपरिक विचारों से सहमत नहीं हैं और सिंगल रहकर ही खुश हैं। उनके लिए यह कोई समझौता नहीं, बल्कि एक सोचा-समझा फैसला है। दिलचस्प बात यह है कि अब उनके परिवार ने भी उनके इस निर्णय को स्वीकार कर लिया है और शादी के लिए दबाव बनाना बंद कर दिया है।

आज के दौर में, जहां लोग समाज की अपेक्षाओं के अनुसार चलने की कोशिश करते हैं, वहीं यह एक्ट्रेस अपनी शर्तों पर जिंदगी जीने में विश्वास रखती हैं। उनका मानना है कि खुश रहने के लिए शादी जरूरी नहीं, बल्कि आत्मसंतुष्टि और आत्मनिर्भरता ज्यादा मायने रखती है।

डेजी शाह का साफ नजरिया

‘जय हो’ फिल्म से बॉलीवुड में पहचान बनाने वाली डेजी शाह ने साफ शब्दों में कहा है कि वह सिंगल हैं और अपनी इच्छा से सिंगल रहना चाहती हैं। उनके मुताबिक, शादी एक निजी फैसला है और इसे लेकर कोई जल्दबाजी नहीं होनी चाहिए। जब सही समय आएगा, तब सब अपने आप हो जाएगा।

मजबूत सोच और आत्मनिर्भरता

डेजी शाह खुद को एक स्ट्रॉन्ग महिला मानती हैं। उनका कहना है कि मजबूत सोच वाली महिलाओं के साथ तालमेल बैठाना हर किसी के लिए आसान नहीं होता। उन्होंने यह भी बताया कि लोगों ने उन्हें कई बार ‘प्रैक्टिकल’ और ‘कम भावुक’ जैसे टैग दिए, लेकिन उन्हें इससे फर्क नहीं पड़ता।

अकेलेपन नहीं, ‘मी-टाइम का आनंद

डेजी का मानना है कि अकेले रहना कमजोरी नहीं, बल्कि खुद को समझने और एंजॉय करने का मौका है। उन्हें अपनी कंपनी पसंद है और वह स्पेस देने में विश्वास रखती हैं। हालांकि, समाज अक्सर इसे गलत तरीके से देखता है, जो कभी-कभी उनके लिए चुनौती बन जाता है।

करियर की दिलचस्प यात्रा

डेजी शाह ने अपने करियर की शुरुआत बैकग्राउंड डांसर के रूप में की थी। साल 2014 में ‘जय हो’ से लीड एक्ट्रेस के तौर पर डेब्यू करने के बाद वह ‘हेट स्टोरी 3’, ‘रेस 3’, ‘रामरतन’, ‘मिस्ट्री ऑफ द टैटू’ और ‘बिहू अटैक’ जैसी फिल्मों में नजर आईं। इसके अलावा, वह ‘खतरों के खिलाड़ी 13’ में भी अपनी मौजूदगी दर्ज करा चुकी हैं।

Anupama Spoiler: अनुपमा की जिंदगी में आया नया तूफान, नौकरी से हुई बेदखल



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Monday, March 16, 2026

2026 Renault Duster कल भारत में करेगी एंट्री, Hyundai Creta से होगा मुकाबला, जानें कीमत और फीचर्स

2026 Renault Duster: Renault Duster कल भारत में ऑफिशियल लॉन्च होने वाला है। यह देश की सबसे पॉपुलर मिड-साइज SUV में से एक के तौर पर वापसी कर रही है। Hyundai Creta को टक्कर देने के लिए तैयार की गई डस्टर पूरी तरह से नए डिजाइन, मॉडर्न टेक्नोलॉजी से लैस केबिन और टर्बो-पेट्रोल और हाइब्रिड वेरिएंट सहित कई इंजन विकल्पों के साथ आती है। आधिकारिक लॉन्च और कीमत की घोषणा से पहले ही इस SUV की प्री-बुकिंग शुरू हो चुकी है।

2026 Renault Duster: डिजाइन और डायमेंशन

Renault Duster ने अपने ग्लोबल तीसरे-जेनरेशन मॉडल की मजबूत और मस्कुलर स्टांस को बरकरार रखा है, लेकिन इसे भारतीय मार्केट के हिसाब से नए स्टाइलिंग एलिमेंट्स के साथ पेश किया गया है। आगे की तरफ, SUV में आइब्रो-स्टाइल LED डे-टाइम रनिंग लाइट्स हैं, जो टर्न इंडिकेटर का भी काम करती हैं, जिससे इसे एक अलग पहचान मिलती है। ग्रिल को नया डिजाइन दिया गया है और इसमें बड़े अक्षरों में Duster लिखा है, जबकि बंपर पर सिल्वर एक्सेंट दिए गए हैं जो पहली जनरेशन मॉडल की स्टाइलिंग को याद दिलाते हैं। फ्रंट प्रोफाइल में पिक्सल-स्टाइल फॉग लैंप्स भी दिए गए हैं, जो इसे आधुनिक और दमदार लुक देते हैं।

2026 Renault Duster: इंटीरियर और फीचर्स

कैबिन के अंदर, Renault ने एक प्रीमियम और टेक-फोकस्ड अनुभव देने पर ध्यान दिया है। SUV में पियानो ब्लैक एक्सेंट के साथ एक नया थ्री-स्पोक स्टीयरिंग व्हील और एक मॉडर्न डुअल-स्क्रीन डैशबोर्ड लेआउट दिया गया है। एम्बिएंट लाइटिंग केबिन के माहौल को बेहतर बनाती है, जबकि फॉक्स कार्बन-फाइबर इंसर्ट इसे स्पोर्टी लुक देते हैं। Type-C चार्जिंग पोर्ट, ऑटो-होल्ड फंक्शन के साथ इलेक्ट्रॉनिक पार्किंग ब्रेक और पैनोरमिक सनरूफ जैसे प्रैक्टिकल फीचर्स रोजाना के उपयोग और आराम को और बढ़ाते हैं।

2026 Renault Duster: फीचर्स

Renault Duster में फीचर्स और सेफ्टी बढ़ाने के लिए कई बेहतरीन फीचर्स दिए गए हैं। इसमें वायरलेस Android Auto और Apple CarPlay को सपोर्ट करने वाला 10.1 इंच का टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम है, जो Google OS पर चलने वाले 7 इंच के डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर के साथ आता है। अन्य फीचर्स में डुअल-जोन क्लाइमेट कंट्रोल, छह तरह से एडजस्ट होने वाली पावर और वेंटिलेटेड फ्रंट सीटें, वायरलेस चार्जर और पावर टेलगेट शामिल हैं।

2026 Renault Duster: सेफ्टी

यह SUV डुअल-टोन इंटीरियर, एडजस्टेबल फ्रंट आर्मरेस्ट, 60:40 स्प्लिट रियर सीटें, अर्कामिस ऑडियो सिस्टम और 360-डिग्री कैमरा भी प्रदान करती है। सेफ्ची फीचर्स में छह एयरबैग और लेवल 2 ADAS शामिल हैं।

2026 Renault Duster: इंजन ऑप्शन

Renault Duster को कई इंजन ऑप्शन के साथ पेश करेगी। टॉप वेरिएंट में 1.8 लीटर का चार-सिलेंडर डायरेक्ट-इंजेक्शन पेट्रोल इंजन है, जो दो इलेक्ट्रिक मोटरों के साथ मिलकर E-Tech 160 हाइब्रिड सेटअप बनाता है। यह इंजन 160 bhp का पावर और 172 Nm का टॉर्क जनरेट करता है। लाइनअप में 1.3 लीटर का टर्बो-पेट्रोल इंजन (टर्बो TCe 160) भी शामिल है, जो 160 bhp का पावर और 280 Nm का टॉर्क देता है। यह इंजन छह-स्पीड मैनुअल और डुअल-क्लच ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन दोनों के साथ उपलब्ध है। एंट्री-लेवल विकल्प 1.0 लीटर का तीन-सिलेंडर टर्बो-पेट्रोल इंजन है, जो 100 bhp का पावर और 160 Nm का टॉर्क जनरेट करता है। यह इंजन केवल छह-स्पीड मैनुअल गियरबॉक्स के साथ आता है।

2026 Renault Duster: बुकिंग

नई Renault Duster की प्री-बुकिंग फिलहाल 21,000 रुपये की टोकन राशि के साथ शुरू हो चुकी है। टर्बो-पेट्रोल वेरिएंट की डिलीवरी लगभग उसी समय शुरू होने की उम्मीद है, जबकि हाइब्रिड वर्जन साल के अंत तक, दिवाली के करीब उपलब्ध होंगे।

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Sunday, March 15, 2026

Cinema Ka Flashback: जब विद्या बालन को कह दिया गया था 'मनहूस', 12 फिल्मों से हाथ धोकर ऐसे बनीं बॉलीवुड की 'शेरनी'

फिल्म इंडस्ट्री की चमक-धमक के पीछे अक्सर अंधेरे गलियारे होते हैं, जहां कलाकार को अपनी काबिलियत साबित करने से पहले अपनी किस्मत की अग्निपरीक्षा देनी पड़ती है। विद्या बालन को बॉलीवुड की सबसे सशक्त और 'पावरहाउस' एक्ट्रेस के रूप में जानते हैं, उनके करियर की शुरुआत किसी बुरे सपने से कम नहीं थी। हाल ही में उनके शुरुआती संघर्षों की एक ऐसी कहानी सामने आई है, जो बताती है कि सफलता का स्वाद चखने से पहले उन्होंने अपमान का कितना कड़वा घूंट पिया था।

'चक्रम' और वह एक मनहूस ठप्पा

कहानी शुरू होती है दक्षिण भारतीय सिनेमा से, जहां विद्या बालन को सुपरस्टार मोहनलाल के साथ फिल्म 'चक्रम' के लिए चुना गया था। किसी भी नवागंतुक के लिए यह एक सपने जैसा मौका था, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। कुछ रचनात्मक मतभेदों के कारण फिल्म बंद (shelved) हो गई। हैरानी की बात यह रही कि फिल्म बंद होने का ठीकरा पूरी तरह से विद्या पर फोड़ दिया गया।

साउथ के निर्देशकों और निर्माताओं ने उन्हें 'शापित' (Jinxed) और 'मनहूस' करार दे दिया। यह अंधविश्वास इस कदर फैला कि देखते ही देखते उनके हाथ में मौजूद 10 से 12 फिल्में उनसे छीन ली गईं। बिना किसी नोटिस के उन्हें प्रोजेक्ट्स से बाहर कर दिया गया, सिर्फ इसलिए क्योंकि लोगों को लगने लगा था कि उनके पैर फिल्म के लिए 'अशुभ' हैं।

जब आईने से होने लगी थी नफरत

विद्या ने एक इंटरव्यू में साझा किया कि यह दौर उनके लिए मानसिक रूप से तोड़ देने वाला था। एक निर्माता ने तो उनके माता-पिता के सामने ही उनकी शक्ल पर सवाल उठाते हुए कह दिया था कि, "ये कहीं से हीरोइन लगती है?" इन कड़वी बातों ने विद्या के आत्मविश्वास को इस कदर कुचल दिया था कि उन्होंने अगले छह महीनों तक खुद को आईने में देखना छोड़ दिया था। उन्हें लगने लगा था कि शायद वे वाकई इस इंडस्ट्री के लायक नहीं हैं।

परिवार का साथ और 'परिणीता' का उदय

इस मुश्किल घड़ी में विद्या की बड़ी बहन प्रिया उनके लिए ढाल बनकर खड़ी हुईं। उन्होंने विद्या को याद दिलाया कि अमिताभ बच्चन और तब्बू जैसे दिग्गजों को भी शुरुआत में भारी रिजेक्शन्स झेलने पड़े थे। परिवार के इसी भरोसे ने विद्या को टूटने नहीं दिया।

आखिरकार, साल 2005 में प्रदीप सरकार की फिल्म 'परिणीता' के जरिए विद्या ने बॉलीवुड में कदम रखा। इस फिल्म ने न केवल उनकी अभिनय क्षमता का लोहा मनवाया, बल्कि उन तमाम लोगों के मुंह पर तमाचा जड़ा जिन्होंने उन्हें 'शापित' कहा था। इसके बाद 'द डर्टी पिक्चर', 'कहानी' और 'शेरनी' जैसी फिल्मों के साथ विद्या ने यह साबित कर दिया कि सफलता किसी 'सितारे' या 'किस्मत' की मोहताज नहीं, बल्कि अटूट मेहनत और टैलेंट की दासी होती है।



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Saturday, March 14, 2026

Cinema Ka Flashback: नुसरत फतेह अली खान की कव्वाली की तर्ज पर बना था बॉलीवुड का ये हिट आइटम नंबर, एक्ट्रेस को बना दिया था सुपरस्टार

Cinema Ka Flashback: नुसरत फतेह अली खान (Nusrat Fateh Ali Khan) म्यूजिक इंडस्ट्री का कोहनूर कहे जाते थे। नुसरत साहब ने अपनी कव्वाली से दुनियाभर के लोगों का दिल जीता है । वहीं कई हिंदी फिल्मों में सदाबहार गानों को भी उन्होंने अपनी आवाज से सजाया है। मगर क्या आप जानते हैं कि 90 के दशक में रिलीज हुआ बॉलीवुड का एक आइटम नंबर भी उनकी कव्वाली की कॉपी थी, जिसने माधुरी दीक्षित को रातोंरात सुपरस्टार बना दिया था।

फिल्म ‘याराना' का गान ‘मेरा पिया घर आया' (Mera Piya Ghar Aaya) तो आपने सुना ही होगा। ये कोई नया फ्रेश गाना नहीं था। ये उस्ताद नुसरत फतेह अली खान की मशहूर कव्वाली थी, जिसे टचअप करके फिल्म में एड किया गया था। इस कव्वाली में ‘पिया' का मतलब रूहानी मिलन से था। ये गाने रूह का अपने खुदा से मिलन को दर्शता है। नुसरत साहब की आवाज में जब ये पंक्तियां सुनाई जाती है, तो सुनने वालों खो जाता है। उनकी ये कव्वाली 80 और 90 के दशक में सूफी संगीत का आइनाा बन गई थी।

‘याराना' के लिए म्यूज़िक डायरेक्टर आनंद मिलिंद ने इस कव्वाली की धुन को एक डांस नंबर में बदल दिया था, तब शायद उन्हें भी खबर नहीं थी कि गाना नए रिकॉर्ड बना देगा। चटक ड्रेस में माधुरी दीक्षित का एनर्जी से भरा डांस, दमदार एक्सप्रेशन और ग्रेस, सबने मिलकर इस गाने को अमर बना दिया।

इस गाने ने न सिर्फ फिल्म को सुपरहिट कराया, बल्कि माधुरी को डांस क्वीन का ताज भी पहना दिया था। आज सालों बाद भी जब सोशल मीडिया पर ‘मेरा पिया घर आया' की कोई क्लिप सामने आती है, तो लोग सिर्फ उसके बीट्स पर झूमने लगते हैं। चाहे नुसरत साहब का सोलफुल अंदाज़ हो या माधुरी का ग्लैमरस....दोनों के जादू ने इसे आज भी फीका नहीं होने दिया है।

नुसरत साहब ने अपने पिता के निधन के बाद 1971 में परिवार की कव्वाली परंपरा को संभालते हुए उसे नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया था। उनकी आवाज युवाओं के दिलों में बसी हुई है। उन्होंने कव्वाली को पाकिस्तान से निकालकर विश्व स्तर पर पहचान दिलाई। उनके 125 से ज्यादा एल्बम रिलीज हुए, जो गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज किए गए हैं।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार नुसरत1995 के बाद से लगातार बीमार रहने लगे थे। अपने मोटापे, किडनी और लिवर की समस्याओं से पीड़ित थे। 16 अगस्त 1997 को लंदन में हर्ट अठैक आने से उनका निधन हो गया था। उनकी मौत के बाद भी उनकी आवाज का जादू दुनिया भर में कायम बना हुआ है।



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Friday, March 13, 2026

Border 2 OTT Release: थिएटर्स के बाद ओटीटी पर धमाल मचाएगी 'बॉर्डर 2', सनी देओल स्टारर वॉर मूवी कब और कहां देखें

1997 की आइकॉनिक वॉर फिल्म 'बॉर्डर' का सीक्वल 'बॉर्डर 2' थिएट्रिकल रिलीज के बाद अब ओटीटी पर दस्तक देने को तैयार है। सनी देओल के धमाकेदार अंदाज, वरुण धवन की युवा एनर्जी, दिलजीत दोसांझ के पंजाबी स्वैग और आहना शेट्टी की ताकतवर मौजूदगी वाली यह फिल्म दर्शकों के दिलों में देशभक्ति की लहर ला चुकी है। गणतंत्र दिवस वीकेंड पर 23 जनवरी 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई फिल्म अब ओटीटी प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हो रही है, जहां घर बैठे आप इस जंग को महसूस कर सकेंगे।

निर्देशक अनुराग सिंह ने जेपी दत्ता की मूल फिल्म की विरासत को आगे बढ़ाया है। सनी देओल उसी मेजर कीरतवीर सिंह बाजवा के रोल में लौटे हैं, जो सरहद पर दुश्मनों को धूल चटाते हैं। वरुण धवन एक युवा सिपाही बने हैं, जो सनी के मेंटरशिप में सीखते हैं। दिलजीत दोसांझ का किरदार पंजाबी रेजिमेंट का है, जो हंसी-मजाक के साथ गंभीर जंग लड़ता है। आहना शेट्टी एक साहसी महिला अधिकारी के रोल में हैं, जो पुरुष-प्रधान आर्मी में अपनी छाप छोड़ती हैं। फिल्म में मोना सिंह और सोनम बाजवा जैसे सपोर्टिंग कास्ट ने इमोशनल डेप्थ दी है। ट्रेलर ने स्केल, एक्शन और देशभक्ति से फैंस को दीवाना बना दिया था।

ओटीटी रिलीज की बात करें तो 'बॉर्डर 2' नेटफ्लिक्स पर 15 अप्रैल 2026 से स्ट्रीमिंग शुरू होगी। थिएटर रन के 12 हफ्ते बाद यह डेट तय की गई है, ताकि सिनेमाई अनुभव बरकरार रहे। प्रोड्यूसर्स भूषण कुमार, कृष्णा कुमार, जेपी दत्ता और निधि दत्ता ने इसे भारत की सबसे बड़ी वॉर मूवी बताया। बजट 1800 करोड़ रुपये का होने से वीएफएक्स और लोकेशन्स पर कोई कसर नहीं छोड़ी गई। गाने जैसे 'इश्क दा चेहरा' और 'घर कब आओगे' ने पहले ही चार्टबस्टर साबित हो चुके हैं।

यह फिल्म न सिर्फ जंग के मैदान दिखाती है, बल्कि सैनिकों के परिवार, बलिदान और एकता की कहानी कहती है। आज के युवाओं के लिए यह इंस्पिरेशन है कि सरहद पर कैसे असली हीरो बनते हैं। अगर आपने थिएटर में मिस किया, तो ओटीटी पर बड़े स्क्रीन के साथ पॉपकॉर्न ले लीजिए।

फिल्म में सनी देओल एक बार फिर दमदार अंदाज में नजर आते हैं। उनके साथ वरुण धवन, दिलजीत दोसांझ और अहान शेट्टी भी अहम भूमिकाओं में हैं। यह फिल्म न केवल एक्शन और युद्ध के दृश्यों से भरपूर है बल्कि इसमें भावनात्मक गहराई भी है, जो सैनिकों के बलिदान और परिवारों के दर्द को सामने लाती है।

बॉक्स ऑफिस पर फिल्म ने ₹392 करोड़ से अधिक की कमाई की थी, जिससे यह साल की सबसे बड़ी हिट फिल्मों में शामिल हो गई। दर्शकों ने इसे “थंडरियस” और “विजुअली ग्रैंड” वॉर एपिक बताया।

 



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Thursday, March 12, 2026

Commodity Market: स्पॉट में डिस्काउंट पर मिल रहा है सोना,बेस मेटल्स में उछाल, जानें आज कमोडिटी बाजार में कहां रहा जोरदार एक्शन

Commodity Market: आपको भले ही सोने चांदी की कीमतों में तेजी दिख रही है, लेकिन इंटरनेशनल मार्केट की तुलना में देश में सोना चांदी डिस्काउंट पर मिल रहे हैं। सोने की कीमतों में $30 तक का डिस्काउंट है। वहीं चांदी के वायदा और स्पॉट में तो करीब 11000 रुपए प्रति किलो तक का अंतर है। इस बीच अमेरिकी और ईरान की जंग गहराने से भाव कहां तक पहुंचने की उम्मीद बाजार कर रहा है।

सोना स्पॉट में डिस्काउंट पर मिल रहा है। वायदा और स्पॉट में करीब $30 का फर्क है। देश में स्पॉट में दाम करीब $30 कम हैं। फरवरी के अंत तक अंतर $65 का था। चांदी में ये अंतर करीब `11000 किलोग्राम का है।

देश में सोने का स्पॉट भाव पर नजर डालें तो 24 कैरेट 995 ग्रेड सोने का भाव 158985 रुपये प्रति 10 ग्राम पर है। जबकि 22 कैरेट 916 ग्रेड सोने का भाव 146216 रुपये प्रति 10 ग्राम पर है। 18 कैरेट 750 ग्रेड सोने का भाव 119718 रुपये प्रति 10 ग्राम पर है।

नहीं संभल रहा है रुपया?

डॉलर के मुकाबले रुपए में रिकॉर्ड गिरावट देखने को मिल रही है । आज रुपया 92.36/$ के स्तर तक गिरा। 2026 में अब तक 2% से ज्यादा की गिरावट आई। डॉलर में मजबूती बढ़ने से गिरावट आई। US-ईरान जंग गहराने से डॉलर में मजबूती देखने को मिली। डॉलर इंडेक्स भी 99 के स्तर के पार निकला। डॉलर इंडेक्स भी 99 के स्तर के पार निकला। कच्चे तेल में तेजी की भी बाजार पर असर दिखा। ब्रेंट का भाव फिर $100 के पार निकला।

बदली बेस मेटल्स की चाल

एल्युमिनियम करीब 4 सालों की ऊंचाई पर पहुंचा। एल्युमिनियम का भाव 3400 डॉलर प्रति टन के पार निकला। वहीं कॉपर का दाम 3 दिनों के निचले स्तरों पर पहुंचा। US में कॉपर का दाम $5.75/Lbs के करीब पहुंचा। LME पर लगातार दूसरे दिन कॉपर में गिरावट देखने को मिला। LME पर कॉपर का भाव 13000 के नीचे फिसला।

कच्चे तेल की कीमतों में एक बार फिर उबाल

कच्चे तेल की कीमतों में एक बार फिर उबाल है। आज एक बार फिर ब्रेंट का भाव 100 डॉलर के पार निकल गया। हालांकि बाद में क्रूड के भाव में रिकवरी आई। कच्चे तेल की कीमतों में 9% की तेजी देखने को मिली। WTI का भाव भी $96 के करीब पहुंचा। 27 फरवरी से अब तक 37% की तेजी आई। इस बीच IEA 400 मिलियन बैरल तेल जारी करेगा। ये IEA के इतिहास में सबसे बड़ी रिलीज होगी। इस बीच ट्रंप ने भी कहा है कि 172 मिलियन बैरल तेल जारी करेंगे। उनके रिजर्व में 415 मिलियन बैरल तेल मौजूद है। जापान अगले हफ्ते रिजर्व से जारी करेगा। इस तेल के बाजार तक पहुंचने में करीब 13 दिन लगेंगे।

स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज के पास 3 कार्गो जहाजों पर हमला हुआ है। रॉयटर्स के मुताबिक थाईलैंड का कंटेनर शिप भी हमले का शिकार हुआ है। IRGC ने जहाजों पर फायरिंग की जिम्मेदारी ली है। उधर US सेंट्रल कमांड ने कहा है कि कई ईरानी जहाज डुबोए गए हैं। इस बीच ईरान ने यह भी कहा है कि वह शर्तों के साथ युद्धविराम के लिए तैयार है। इसके लिए US और इजरायल भविष्य में हमला न करने की गारंटी दें। अधिकारों की मान्यता,मुआवजा और सुरक्षा गारंटी जरूरी है।

Gold-Silver Price Today: डॉलर की मजबूती से एमसीएक्स पर फिसला सोने-चांदी का भाव, क्या यह है अब निवेश का सही समय



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Wednesday, March 11, 2026

LPG संकट का रेलवे पर असर, IRCTC ट्रेनों में बंद कर सकता है कैटरिंग सर्विस

IRCTC: देशभर में LPG सिलेंडरों की कमी के कारण इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉर्पोरेशन (IRCTC) की कैटरिंग सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। इसी वजह से रेलवे यह विचार कर रहा है कि कुछ समय के लिए ट्रेनों में पके हुए खाने की सेवा रोक दी जाए और जिन्होंने अपने टिकट के साथ खाना प्री-बुक किया है उन्हें रिफंड दिया जाए।

IRCTC ने अपने कैटरिंग लाइसेंसधारकों को निर्देश दिया है कि वे आपातकालीन योजनाएं लागू करें, ताकि यात्रियों को बिना रुके खाना उपलब्ध कराया जा सके।

रेलवे अधिकारियों ने बताया कि LPG की कमी IRCTC के बेस किचन को प्रभावित कर रही है, जहां ट्रेनों के लिए खाना तैयार किया जाता है और फिर उसे पैंट्री कारों में लोड किया जाता है। हालांकि पैंट्री कारें मुख्य रूप से वितरण और भोजन गरम करने की यूनिट हैं और इनमें एलपीजी सिलेंडर नहीं रखे जाते हैं, लेकिन बेस किचन में रुकावट के कारण अब लंबी दूरी की ट्रेनों के लिए खाना तैयार करने में भी दिक्कत आ रही है।

10 मार्च (मंगलवार) को लिखे एक पत्र में IRCTC ने रेलवे स्टेशनों पर स्थित फूड प्लाजा, रिफ्रेशमेंट रूम और जन आहार आउटलेट्स को एलपीजी की कमी होने की स्थिति में खाना पकाने के वैकल्पिक तरीकों को अपनाने का निर्देश दिया है।

इसमें कहा गया है, “पश्चिम एशिया में हाल ही में हुए अंतरराष्ट्रीय संघर्षों के कारण क्षेत्रीय स्थिरता और कमर्शियल LPG सिलेंडरों की सप्लाई प्रभावित हुई है, इसलिए यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि सभी फूड प्लाजा, रिफ्रेशमेंट रूम और जन आहार में कैटरिंग सेवाएं बिना रुकावट जारी रहें।”

पत्र में आगे कहा गया है कि “मानक और अन्य खाने-पिने की वस्तुओं के अलावा, यात्रियों की मांग को पूरा करने के लिए आपको अपनी यूनिट में रेडी-टू-ईट (RTE) खाद्य पदार्थों का पर्याप्त स्टॉक रखना होगा।”

रेलवे अधिकारियों ने बताया कि IRCTC अपने बेस किचन और ऑनबोर्ड खानपान सेवाओं के माध्यम से देशभर में प्रतिदिन लगभग 17 लाख भोजन उपलब्ध कराता है।

IRCTC ने कहा कि इन उपायों का उद्देश्य रेलवे स्टेशनों पर कैटरिंग सेवाएं जारी रखना और सप्लाई बाधित होने की स्थिति में यात्रियों को होने वाली असुविधा को कम करना है। केटरिंग कंपनियों को निर्देश दिया गया है कि अगर उनके क्षेत्रों में LPG की सप्लाई प्रभावित या बाधित होती है तो वे तुरंत अधिकारियों को सूचित करें।

एडवाइजरी में कहा गया, “यात्रियों को सेवा में किसी भी प्रकार की बाधा से बचाने के लिए कृपया इन निर्देशों का सख्ती से पालन करें।”

मंगलवार को सरकार ने प्राकृतिक गैस की राशनिंग करने का फैसला किया, जिसमें पाइप्ड गैस वाले घरों और कंप्रेस्ड नेचुरल गैस (CNG) वाले वाहनों को प्राथमिकता दी गई, क्योंकि पश्चिम एशिया संघर्ष के कारण होर्मुज स्ट्रेट से होने वाले शिपमेंट बाधित हो गए हैं।

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Tuesday, March 10, 2026

Randeep Hooda के घर आई लक्ष्मी, Lin Laishram ने बेबी गर्ल को दिया जन्म... एक्टर हुए इमोशनल

बॉलीवुड अभिनेता रणदीप हुड्डा और उनकी पत्नी लिन लैशराम के घर बेटी का जन्म हो गया है। मंगलवार को इस खुशखबरी की घोषणा करते हुए रणदीप ने सोशल मीडिया पर अपनी नन्ही राजकुमारी की पहली तस्वीरें शेयर कीं। नया पिता बनने की खुशी में चमकते चेहरे वाली ये तस्वीरें फैंस का दिल जीत रही हैं। कपल के पहले बच्चे के स्वागत ने उनके लाखों प्रशंसकों को बधाई देने का मौका दिया।

रणदीप ने इंस्टाग्राम पर दो तस्वीरें पोस्ट कीं—एक में उनके पिता अपनी पोती को गोद में लिए नजर आए, जबकि दूसरी तस्वीर में बच्ची का नन्हा हाथ दिखाई दिया। इस भावुक पल को साझा करते हुए रणदीप ने लिखा कि बेटी का जन्म उनके पिता के जन्मदिन पर हुआ है, जिससे यह दिन उनके परिवार के लिए और भी खास बन गया। उन्होंने अपनी पत्नी लिन का शुक्रिया अदा करते हुए कहा कि यह उनके जीवन का सबसे अनमोल तोहफा है। नवंबर 2025 में प्रेग्नेंसी की घोषणा के बाद मार्च 2026 में यह खुशखबरी आई।

कपल ने शादी के तीन साल बाद पैरेंटहुड का सफर शुरू किया। 29 नवंबर 2023 को मणिपुर के इम्फाल में पारंपरिक मैतेई रीति से हुई उनकी शादी चर्चा में रही। नसीरुद्दीन शाह के थिएटर ग्रुप में 2011 में हुई पहली मुलाकात से दोस्ती प्यार में बदली। अलग संस्कृतियों के बावजूद परिवार ने समर्थन दिया। हाल ही में मैटरनिटी फोटोशूट और बेबी शावर ने उनके बंधन को और मजबूत दिखाया। रणदीप ने तब कहा था कि 49 साल की उम्र में पिता बनना उनके लिए सपना साकार है।

इस पोस्ट के बाद सोशल मीडिया पर बधाइयों की बाढ़ आ गई। फैंस और बॉलीवुड जगत के लोग रणदीप और लिन को शुभकामनाएं दे रहे हैं। रणदीप ने इस खुशी को "लाइफटाइम ऑफ लव" बताया और कहा कि पिता बनने के बाद उन्हें अपने पिता की अहमियत और भी गहराई से समझ आई है।

रणदीप, जो अपने दमदार किरदारों और गंभीर व्यक्तित्व के लिए जाने जाते हैं, अब एक नए रूप में सामने आए हैं एक संवेदनशील पिता के रूप में। बेटी का जन्म उनके लिए सिर्फ खुशी नहीं, बल्कि जिम्मेदारी और नए जीवन की शुरुआत भी है।



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Monday, March 9, 2026

Highest Paid Actor in Kalki 2898 AD: न प्रभास न दीपिका पादुकोण..., इस एक्टर को मिली कल्कि 2898 में सबसे ज्यादा फीस

Highest Paid Actor in Kalki 2898 AD: 2024 में रिलीज़ हुई साइंस फिक्शन फिल्म 'कल्कि 2898 ईस्वी' हाल के सालों की सबसे बड़ी तेलुगु ब्लॉकबस्टर फिल्मों में से एक बन गई। फिल्म की कहानी और प्रभास, अमिताभ बच्चन, दीपिका पादुकोण और कमल हासन जैसे सितारों दर्शकों को अटरेक्ट किया। लेकिन फिल्म के शानदार सीन्स के अलावा, एक और बात ने प्रशंसकों के बीच जिज्ञासा जगा दी है- फिल्म में सबसे अधिक फीस लेने वाला अभिनेता कौन था?

फिल्म निर्माता और अभिनेता युगी सेतु के अनुसार, नाग अश्विन द्वारा निर्देशित इस प्रोजेक्ट के लिए कमल हासन को सबसे ज़्यादा फीस मिली होगी। Indiaglitz से बात करते हुए युगी ने बताया कि इस साइंस फिक्शन फिल्म में अपने रोल के लिए कमल को 150 करोड़ रुपये दिए गए। युगी ने कहा, “कमल सर का कद ही ऐसा है। उन्हें 'कल्कि 2898 ईस्वी' के 20 दिनों के कॉल शीट के लिए 150 करोड़ रुपये मिल रहे हैं। मैंने उनके जन्मदिन पर उनसे कहा था कि वह भारत के सबसे ज़्यादा फीस लेने वाले अभिनेता हैं और उन्हें प्रतिदिन 10 लाख डॉलर मिल रहे हैं।”

युगी ने आगे बताया कि कहानी में एक मजेदार मोड़ तब आया जब कमल ने उन्हें फिल्म के निर्माता सी. अश्वनी दत्त से मिलवाया। अपने दोस्त को देश का सबसे अधिक कमाई करने वाला अभिनेता बनाने के लिए निर्माता को धन्यवाद देते हुए दत्त ने उन्हें यह कहकर सुधारा कि कमल ने वास्तव में 10 दिन शूटिंग की थी, न कि 20 दिन जैसा कि पहले बताया गया था। युगी ने उनकी प्रतिक्रिया याद करते हुए कहा, "माफ़ कीजिए, मैं अपनी गलती सुधार लेता हूं, यह 20 लाख डॉलर प्रति दिन है।

फिल्म में कमल हासन का किरदार सीमित स्क्रीन टाइम होने के बावजूद, पूरी कहानी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। कल्कि 2898 ईस्वी में, वह सुप्रीम यास्किन के रूप में दिखाई देते हैं, जो कॉम्प्लेक्स नामक एक निरंकुश दुनिया पर शासन करने वाला एक तानाशाह देवता-राजा है। पहले भाग में उनकी उपस्थिति कम है, लेकिन फिल्म का अंत आगामी सीक्वल में उनके किरदार की कहीं अधिक महत्वपूर्ण भूमिका का संकेत देता है।

युगी के कमेंट का महत्व इसलिए भी है क्योंकि उनका कमल हासन के साथ लंबा जुड़ाव रहा है। दोनों ने पंचतंत्रम (2002) और अनबे शिवम (2003) जैसी फिल्मों में साथ काम किया है और उनकी दोस्ती दो दशकों से अधिक पुरानी है। कमल हासन के पारिश्रमिक को लेकर यह दावा ऐसे समय में सामने आया है जब दिग्गज अभिनेता की व्यावसायिक लोकप्रियता में जबरदस्त उछाल आया है। अपेक्षाकृत धीमी बॉक्स ऑफिस परफॉर्मेंस के बाद, 2022 में विक्रम की सफलता से उनके करियर को बड़ा बढ़ावा मिला, जिसने कथित तौर पर लगभग 150 करोड़ रुपये के बजट के मुकाबले दुनिया भर में लगभग 400 करोड़ रुपये की कमाई की।

कल्कि 2898 ईस्वी के सीक्वल पर काम पहले ही शुरू हो चुका है, अमिताभ बच्चन ने हाल ही में कमल हासन के साथ सेट से तस्वीरें साझा करते हुए बताया कि दोनों लंबे अंतराल के बाद फिर से एक साथ काम कर रहे हैं।



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Sunday, March 8, 2026

Devoleena Bhattacharjee ने बॉलीवुड में कमबैक पर तोड़ी चुप्पी, बोलीं- 'अभी तो मेरे बेटे को मेरी सबसे ज्यादा जरूरत है'

टीवी की मशहूर अभिनेत्री देवोलीना भट्टाचार्जी, जो 'साथ निभाना साथिया' में गोपी बहू के रोल से घर-घर पहचानी जाती हैं, ने हाल ही में अपने करियर पर वापसी को लेकर खुलकर बात की है। मां बनने के बाद से छोटे पर्दे से दूर चल रही देवोलीना को फैंस लगातार कमबैक के सवालों से घेर रहे हैं। लेकिन उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि फिलहाल उनका पूरा ध्यान बेटे जॉय की परवरिश पर है। यह बयान सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जहां फैंस उनकी मातृत्व यात्रा की तारीफ कर रहे हैं।

देवोलीना का भावुक संदेश

इंस्टाग्राम पर एक लंबे नोट के जरिए देवोलीना ने लिखा, "काम कब शुरू करोगी? अब वापस आ जाओ।" ये सवाल मैं लगातार सुन रही हूं। मैं समझती हूं कि काम मेरी जिंदगी का अहम हिस्सा रहा है, जहां मैं हमेशा 100 प्रतिशत देती रही। लेकिन आज जिंदगी ने मुझे एक ऐसा रोल दिया है, जो इससे कहीं ज्यादा मांगता है - मदरहुड।" उन्होंने आगे कहा कि बेटे की प्यारी हंसी, छोटे-छोटे मील के पत्थर और उनकी बाहों में मिलने वाला सुकून ही अभी उनकी दुनिया है। "मैंने हमेशा अपना बेस्ट दिया, लेकिन मां बनने को 500 प्रतिशत चाहिए। अभी मेरे बेटे को मेरी जरूरत है, और मैंने इसे बिना किसी पछतावे के चुना है। सही समय आएगा तो काम भी शुरू हो जाएगा।" यह नोट फैंस के दिल को छू गया।

करियर का शानदार सफर 

देवोलीना ने 'साथ निभाना साथिया' से करियर की शुरुआत की, फिर 'बिग बॉस 13' और 'छठी मैय्या की बिटिया' में अपनी एक्टिंग से सबको प्रभावित किया। शादी के बाद शनवाज शेख से बेटे जॉय का जन्म हुआ, जिसके बाद उन्होंने टीवी से ब्रेक लिया। पहले भी उन्होंने कहा था कि जॉय थोड़ा बड़ा होने पर ही वापसी करेंगी। यह दौर उनके लिए खास है, जहां वे हर पल को जी रही हैं। इंडस्ट्री में कई एक्ट्रेसेज मातृत्व और करियर को बैलेंस करती हैं, लेकिन देवोलीना ने प्राथमिकता साफ कर दी।

फैंस की प्रतिक्रिया 

सोशल मीडिया पर फैंस ने उनका साथ दिया। कोई बोला, "मां बनना सबसे बड़ा रोल है," तो कोई बोला, "जल्दी वापसी का इंतजार।" देवोलीना का यह फैसला कामकाजी महिलाओं के लिए प्रेरणा है, जो परिवार और करियर के बीच संतुलन बनाना चाहती हैं। जब वे लौटेंगी, तो निश्चित रूप से धमाकेदार कमबैक होगा। तब तक, वे इस सुनहरे दौर का पूरा लुत्फ ले रही हैं।



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Welcome 4: अनिल कपूर, नाना पाटेकर और परेश रावल फिर मचाएंगे धमाल, वेलकम 4 में कर सकते हैं वापसी?

Welcome 4: कॉमेडी फिल्म 'वेलकम' के फैंस के लिए खुशखबरी है। खबरों के मुताबिक, अभिनेता परेश रावल, अनिल कपूर और नाना पाटेकर चौथी फिल्म 'वेलकम 4' में एक साथ नजर आने वाले हैं। इस खबर ने प्रशंसकों के बीच हलचल मचा दी है। स्क्रिप्ट लेखन का काम काफी आगे बढ़ चुका है।

मिड-डे ने सूत्रों के हवाले से बताया है, "फिरोज और उनकी लेखकों की टीम 'वेलकम 4' की स्क्रिप्ट लिख रही है। यह अब काफी आगे बढ़ चुकी है।" इसमें नाना पाटेकर, अनिल कपूर और परेश रावल की वापसी होगी। सूत्र ने आगे बताया, "वेलकम 4 की स्क्रिप्ट इस तरह लिखी जा रही है कि ये तीनों किरदार कहानी में सहजता से समाहित हो जाएंगे। कहानी बिल्कुल अलग होगी।

सूत्र ने बताया- वेलकम 4 में एक से अधिक ऐसे प्यारे डॉन होंगे जो अपने अंडरवर्ल्ड कारनामों से ज्यादा अपनी हास्यपूर्ण हरकतों और हाजिरजवाबी के लिए जाने जाते हैं। इन भूमिकाओं के लिए शीर्ष अभिनेताओं से बातचीत चल रही है। यह पारिवारिक शैली की फिल्म है जिसमें हास्य, ग्लैमर और एक्शन का संगम है।

इस फिल्म में उदय शेट्टी और मजनू भाई जैसे यादगार किरदार थे, जिन्हें अनिल कपूर और नाना पाटेकर ने निभाया था। उनकी कॉमेडी और केमिस्ट्री आज भी लोगों को बेहद पसंद आती है। परेश रावल द्वारा निभाए गए अनोखे डॉ. घुंघरू का किरदार भी इस फिल्म की तिकड़ी में से एक बन गया।

हाल ही में अनिल कपूर ने भी फिल्म के बारे में बात करते हुए कहा, “सबसे पहले तो अक्षय साहब के साथ मैंने ये फिल्म की थी वेलकम 1, फिर 2 में ये नहीं थे, फिर 3 में मुझे निकाल दिया और वेलकम 4 हम फिर साथ करेंगे।”

उन्होंने मजनू भाई की पेंटिंग के बारे में भी बात की, जो फिल्म की रिलीज के 20 साल बाद भी, पहली बार 2007 की ब्लॉकबस्टर फिल्म “वेलकम” में दिखाई दी थी। फिल्म में अनिल कपूर के किरदार मजनू भाई द्वारा बनाई गई अनोखी और कॉमिक पेंटिंग फिल्म के सबसे यादगार पल में से एक बन गई।

अनीस बज़मी द्वारा निर्देशित 'वेलकम' 2007 में रिलीज़ हुई थी और इसमें अक्षय कुमार, कैटरीना कैफ, अनिल कपूर, नाना पाटेकर, परेश रावल और फिरोज खान ने महत्वपूर्ण भूमिकाएँ निभाई थीं। इसमें मल्लिका शेरावत भी थीं, जिनकी मनोरंजक भूमिका की खूब सराहना की गई थी।



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भारत की पहली रिंग मेट्रो दिल्ली में शुरू हुई, पिंक-मैजेंटा लाइन के नए कॉरिडोर के देखें रूट्स

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को दिल्ली में दो नए मेट्रो कॉरिडोर का उद्घाटन किया। पीएम मोदी ने, पिंक व मजेंटा लाइन के नए कॉरिडोर की शुरुआत करने के साथ ही तीन नए मेट्रो कॉरिडोर का शिलान्यास किया। खास बात यह है कि इस नए कॉरिडोर के जरिए आगे चलकर नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक मेट्रो कनेक्टिविटी बढ़ाने का रास्ता भी साफ होगा।

18,300 करोड़ की लागत

इन नए रूट्स के शुरू होने से राजधानी के कई इलाकों में बेहतर और तेज कनेक्टिविटी मिलेगी। दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) के इन प्रोजेक्ट्स पर 18,300 करोड़ रुपये से ज्यादा लागात लगी है। इनमें पहला कॉरिडोर मजलिस पार्क से मौजपुर-बाबरपुर (पिंक लाइन) तक है, जिसकी लंबाई करीब 12.3 किलोमीटर है। दूसरा कॉरिडोर दीपाली चौक से मजलिस पार्क (मैजेंटा लाइन) तक है, जो लगभग 9.9 किलोमीटर लंबा है। इन नए मेट्रो रूट्स से बुराड़ी, जगतपुर-वजीराबाद, खजूरी खास, भजनपुरा, यमुना विहार, मधुबन चौक, हैदरपुर बादली मोड़, भलस्वा और मजलिस पार्क जैसे कई इलाकों के लोगों को सीधा फायदा मिलेगा और उनका सफर पहले से ज्यादा आसान हो जाएगा।

मजलिस पार्क–मौजपुर बाबरपुर कॉरिडोर

मजलिस पार्क से मौजपुर बाबरपुर तक बने इस मेट्रो कॉरिडोर में आठ एलिवेटेड (ऊपर बने) स्टेशन हैं। यह कॉरिडोर पहले से चल रही मजलिस पार्क–शिव विहार पिंक लाइन का हिस्सा है। इस नए हिस्से के शुरू होने के साथ ही दिल्ली मेट्रो की पिंक लाइन अब पूरी तरह से एक रिंग मेट्रो लाइन बन गई है। इसकी कुल लंबाई अब लगभग 71.56 किलोमीटर हो गई है। यह भारत की पहली ऐसी मेट्रो लाइन है जो पूरे शहर के चारों ओर रिंग की तरह चलती है।

इस कॉरिडोर के स्टेशनों में मजलिस पार्क, बुराड़ी, झरोदा माजरा, जगतपुर-वजीराबाद, सूरघाट, नानकसर-सोनिया विहार, खजूरी खास, भजनपुरा, यमुना विहार और मौजपुर-बाबरपुर शामिल हैं। इस नए रूट में यमुना नदी पर एक नया पुल भी बनाया गया है। इसके साथ ही यहां डबल-डेकर वायडक्ट भी तैयार किया गया है, जिसमें ऊपर मेट्रो लाइन और नीचे सड़क का फ्लाईओवर बनाया गया है। इससे ट्रैफिक और यात्रा दोनों आसान होंगे।

दीपाली चौक–मजलिस पार्क कॉरिडोर

दूसरा मेट्रो कॉरिडोर दीपाली चौक से मजलिस पार्क तक बनाया गया है। यह बॉटनिकल गार्डन–कृष्णा पार्क एक्सटेंशन मैजेंटा लाइन का एक नया एलिवेटेड विस्तार है। इस कॉरिडोर में कुल सात मेट्रो स्टेशन बनाए गए हैं। इस नए हिस्से के शुरू होने से मैजेंटा लाइन की कुल लंबाई अब करीब 49 किलोमीटर हो गई है। इस रूट पर दीपाली चौक, मधुबन चौक, उत्तर पीतमपुरा–प्रशांत विहार, हैदरपुर गांव, हैदरपुर बादली मोड़, भलस्वा और मजलिस पार्क जैसे स्टेशन शामिल हैं। इस कॉरिडोर के कुछ हिस्से लगभग 28.36 मीटर की ऊंचाई तक बने हुए हैं। इसी वजह से यह दिल्ली मेट्रो नेटवर्क के सबसे ऊंचे सेक्शन में से एक माना जा रहा है।



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Cinema Ka Flashback: राज कपूर की बीमारी से जन्मी अमर कहानी, राजेश खन्ना बने थे फिल्म के नए हीरो

हिंदी सिनेमा की अमर कृति 'आनंद' की कहानी के पीछे एक अनकही दास्तान छिपी है, जो दोस्ती, चिंता और सकारात्मकता की मिसाल है। 1971 में रिलीज हुई इस फिल्म को ऋषिकेश मुखर्जी ने बनाया, जिसमें राजेश खन्ना ने कैंसर से जूझते आनंद का किरदार निभाया। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यह फिल्म मूल रूप से राज कपूर के लिए सोची गई थी? उनकी बीमारी ने ही इस ब्लॉकबस्टर को जन्म दिया।

राज कपूर की तबीयत ने बदला सबकुछ

ऋषिकेश मुखर्जी और राज कपूर की गहरी दोस्ती जगजाहिर थी। 1960 के दशक के अंत में राज कपूर को अस्थमा और पल्स संबंधी गंभीर समस्या हो गई थी। वे बीमार होने के बावजूद हमेशा मुस्कुराते रहते और आसपास खुशियां बांटते। मुखर्जी इस सकारात्मकता से इतने प्रभावित हुए कि उन्होंने एक फिल्म की स्क्रिप्ट लिखी, जो राज कपूर की जिंदगी से प्रेरित थी। आनंद का किरदार सीधे राज कपूर की मुस्कान और हिम्मत से लिया गया था। लेकिन जब शूटिंग की बात आई, तो मुखर्जी के मन में डर बैठ गया। आनंद को लिम्फोसारकोमा नामक कैंसर होता है, और राज कपूर पहले से कमजोर थे। उन्हें लगा कि फिल्म की भावुक कहानी उनकी सेहत पर भारी पड़ सकती है। इस 'वहम' ने फैसला बदल दिया।

राजेश खन्ना की अप्रत्याशित एंट्री

राज कपूर को हटाने के बाद मुखर्जी नए हीरो की तलाश में थे। तभी सुपरस्टार राजेश खन्ना खुद उनके पास आए और रोल मांग लिया। कम बजट की फिल्म के लिए यह सरप्राइज था। राजेश ने आनंद को इतनी गहराई से जिया कि दर्शक आज भी उनके डायलॉग 'बाबूमोशाय, जिंदगी बड़ी होनी चाहिए, लंबी नहीं' भूल नहीं पाए। अमिताभ बच्चन का भास्कर मुखर्जी का किरदार खुद निर्देशक से प्रेरित था, जो दोस्त की बीमारी से हमेशा चिंतित रहता। फिल्म मात्र 30 दिनों में पूरी हुई, जो उस दौर के लिए कमाल था।

सिनेमा में अमर विरासत

'आनंद' ने राष्ट्रीय पुरस्कार जीता और वेनिस फिल्म फेस्टिवल में राजेश खन्ना को स्पेशल अवॉर्ड मिला। यह फिल्म जिंदगी के फलसफे को सिखाती है। राज कपूर 1988 में अस्थमा जटिलताओं से चल बसे, लेकिन उनकी सकारात्मकता 'आनंद' में जीवित है। मुखर्जी ने बाद में कहा, "फिल्म का असली हीरो अमिताभ था, लेकिन राजेश ने इसे अमर बनाया।" यह किस्सा साबित करता है कि कभी-कभी किस्मत और दोस्ती मिलकर इतिहास रच देते हैं। आज भी नई पीढ़ी इसे देखकर प्रेरणा लेती है।



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Saturday, March 7, 2026

नेपाल चुनाव पर पीएम मोदी का पहली प्रतिक्रिया, दोनों देशों के रिश्तों को लेकर कही ये बात

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को नेपाल में हुए चुनाव के शांतिपूर्ण और सफल आयोजन पर वहां की जनता और सरकार को बधाई दी। बता दें कि, इस समय नेपाल में नई सरकार के लिए वोटों की गिनती जारी है। पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए लिखा कि वे नेपाल के लोगों और सरकार को चुनाव सफल और शांतिपूर्ण तरीके से कराने के लिए दिल से बधाई देते हैं। उन्होंने कहा कि नेपाली लोगों को अपने लोकतांत्रिक अधिकारों का इतने उत्साह के साथ इस्तेमाल करते देखना खुशी की बात है।

पीएम मोदी ने बताया मील का पत्थर

पीएम मोदी ने इस चुनाव को नेपाल की लोकतांत्रिक यात्रा में एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक मील का पत्थर बताया। उन्होंने कहा कि यह पल नेपाल के लिए गर्व का क्षण है। नेपाल में पिछले साल केपी शर्मा ओली की सरकार के खिलाफ बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन हुए थे। इन प्रदर्शनों का नेतृत्व खास तौर पर युवा पीढ़ी (Gen Z) ने किया था और इसकी वजह सोशल मीडिया पर लगाए गए प्रतिबंध के साथ-साथ देस में फैले भ्रष्टाचार को लेकर था। इन विरोध प्रदर्शनों के बाद केपी शर्मा ओली को प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा। इसके बाद राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल ने 12 सितंबर को हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स को भंग कर दिया और सुशीला कार्की को कार्यवाहक प्रधानमंत्री नियुक्त किया।

'भारत-नेपाल साथ मिलकर करेंगे काम'

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आगे कहा कि भारत और नेपाल के रिश्ते बहुत खास हैं। उन्होंने कहा, “एक करीबी दोस्त और पड़ोसी के रूप में भारत, नेपाल के लोगों और उनकी नई सरकार के साथ मिलकर काम करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। हमारा उद्देश्य है कि दोनों देश मिलकर शांति, विकास और खुशहाली के नए मुकाम हासिल करें।” प्रधानमंत्री का यह बयान ऐसे समय आया है जब नेपाल में हुए आम चुनावों में रैपर से नेता बने बालेंद्र शाह की पार्टी राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (RSP) बड़ी जीत की ओर बढ़ती नजर आ रही है। यह चुनाव उन बड़े विरोध प्रदर्शनों के बाद हो रहा है, जिनका नेतृत्व ज्यादातर Gen Z युवाओं ने किया था।

नेपाल में RSP का जलवा 

नेपाल के चुनाव आयोग के अनुसार, RSP अब तक 40 सीटें जीत चुकी है और करीब 80 सीटों पर आगे चल रही है। वहीं नेपाली कांग्रेस ने अब तक 6 सीटें जीती हैं। इसके अलावा नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (NCP) और केपी शर्मा ओली की पार्टी CPN (UML) को फिलहाल दो-दो सीटें मिली हैं। नेपाल की 275 सदस्यीय हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स के लिए वोटों की गिनती जारी है। इसी बीच बालेंद्र शाह खुद झापा निर्वाचन क्षेत्र-5 में केपी शर्मा ओली से 38,000 से ज्यादा वोटों से आगे चल रहे हैं। RSP ने खास तौर पर काठमांडू घाटी में शानदार प्रदर्शन किया है। पार्टी ने काठमांडू जिले की सभी 10 सीटें, भक्तपुर की 2 सीटें और ललितपुर की 1 सीट जीत ली है, जिससे उसकी स्थिति और मजबूत हो गई है।



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US Iran War: 'ईरान ने मान ली हार, अब वो मिडिल ईस्ट का दबंग देश नहीं रहा' ट्रंप ने तेहरान को दी बड़े हमले की धमकी

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर तंज कसते हुए कहा है कि अब ईरान अपने पड़ोसी देशों के सामने “झुक गया है” और माफी मांगने को मजबूर हुआ है। ट्रंप ने यह बयान तब दिया जब ईरान के राष्ट्रपति ने कुछ ही देर पहले अपने पड़ोसी देशों से मिसाइल हमलों के लिए माफी मांगी और कहा कि वह आगे से उन पर हमला नहीं करेंगे, जब तक की उनकी धरती से ईरान के खिलाफ कोई मिसाइल नहीं दागी जाती।

ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर एक पोस्ट में कहा कि ईरान की यह माफी अमेरिका और इजरायल के लगातार हमलों का नतीजा है। उन्होंने लिखा कि ईरान को अमेरिकी और इजरायली हमलों से भारी नुकसान हुआ है और इसी वजह से उसे अपने पड़ोसियों से माफी मांगनी पड़ी।

ट्रंप ने दावा किया कि ईरान पहले पूरे मध्य पूर्व पर दबदबा बनाना चाहता था, लेकिन अब हालात बदल गए हैं।

उन्होंने कहा, “ईरान जो अभी बुरी तरह पिट रहा है, उसने अपने मध्य पूर्व के पड़ोसी देशों से माफी मांग ली है और वादा किया है कि अब उन पर मिसाइल नहीं दागेगा। यह वादा सिर्फ इसलिए किया गया, क्योंकि अमेरिका और इजरायल ने लगातार उस पर हमला किया।”

ट्रंप ने यह भी कहा कि हजारों साल के इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ है, जब ईरान अपने आसपास के मध्य पूर्वी देशों के सामने हार गया है।

उन्होंने मजाकिया अंदाज में लिखा कि कई देशों ने उन्हें “धन्यवाद राष्ट्रपति ट्रंप” कहा, जिस पर उन्होंने जवाब दिया, “आपका स्वागत है।”

ट्रंप ने आगे कहा कि अब ईरान “मिडिल ईस्ट का दबंग देश” नहीं रहा, बल्कि अब वह “मिडिल ईस्ट का सबसे बड़ा हारने वाला” बन गया है और कई दशकों तक ऐसा ही रहेगा, जब तक कि वह पूरी तरह हार नहीं मान लेता या फिर उसकी व्यवस्था ढह नहीं जाती।

उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि अगर ईरान का व्यवहार नहीं बदला तो उस पर और भी कड़े हमले किए जा सकते हैं और ऐसे इलाकों को भी निशाना बनाया जा सकता है, जिन्हें अब तक टारगेट नहीं किया गया था।

ईरान के राष्ट्रपति ने पड़ोसी देशों से मांगी माफी

ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने शनिवार को हाल ही में हुए ईरानी हमलों में निशाना बनाए गए पड़ोसी देशों से माफी मांगी और कहा कि तेहरान क्षेत्रीय देशों पर हमले करने से तब तक परहेज करेगा जब तक कि ईरान पर हमले उनके क्षेत्र से शुरू न हों।

सरकारी टेलीविजन पर प्रसारित एक भाषण में पेजेश्कियन ने कहा, "मैं ईरान द्वारा हमला किए गए पड़ोसी देशों से माफी मांगता हूं।"

ईरान के राष्ट्रपति ने कहा कि देश ने पड़ोसी देशों पर हमले न करने की नीति अपनाई है, जब तक कि उन क्षेत्रों का इस्तेमाल ईरान के खिलाफ हमले शुरू करने के लिए न किया जाए।

ईरान इंटरनेशनल ने शनिवार को पेजेश्कियन के हवाले से कहा, "ईरान पड़ोसी देशों पर तब तक हमले या मिसाइल हमले नहीं करेगा, जब तक कि ईरान पर हमला उन्हीं देशों से न किया जाए।"

'भारतीय अच्छे एक्टर हैं' रूस से 30 दिन तक तेल खरीद की छूट के बाद अमेरिका के ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने दिया बड़ा बयान

 



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Shreya Ghosal: अरिजीत सिंह के रिटायरमेंट के बाद श्रेया घोषाल का खुलासा, सिंगर बोलीं- 'सिंगर्स को इंडस्ट्री में नहीं मिला बराबरी का सम्मान'

बॉलीवुड की मधुर आवाज श्रेया घोषाल ने हाल ही में एक इंटरव्यू में संगीत जगत की कड़वी सच्चाई बयां की। आरिजीत सिंह के अचानक संन्यास लेने के बाद फिल्म इंडस्ट्री ने प्लेबैक सिंगर्स के साथ क्या सलूक किया, इस पर उन्होंने खुलकर बात की। 7 मार्च 2026 को जगरण के एक खास इंटरव्यू में श्रेया ने बताया कि आरिजीत जैसे सुपरस्टार के चले जाने से इंडस्ट्री ने नए गायकों को मौका देने के बजाय आउटसोर्सिंग और ऑटोट्यून पर भरोसा बढ़ा दिया।

श्रेया ने भावुक होकर कहा, "आरिजीत भाई का जाना हमारे लिए बड़ा झटका था। वो न सिर्फ आवाज थे, बल्कि स्टोरीटेलर्स भी। उसके बाद प्रोड्यूसर्स ने सोचा कि कोई और तो नहीं भर पाएगा उनकी जगह। हम सिंगर्स को कॉल कम आने लगे, बजाय इसके कंपोजर्स ने विदेशी आर्टिस्ट्स या सिंगर-एक्टर्स को प्राथमिकता दी।" यह खुलासा सुनकर फैंस हैरान हैं, क्योंकि आरिजीत 2025 में स्पिरिचुअल कारणों से स्टेज और रिकॉर्डिंग से दूर हो गए थे। उनकी आखिरी हिट 'फिर क्या' ने चार्ट्स पर राज किया था।

श्रेया ने इंडस्ट्री की मानसिकता पर तंज कसा, "अब गाने की सक्सेस व्यूज से मापी जाती है, न कि दिलों से। हम जैसे लाइव परफॉर्मर्स को कॉन्सर्ट्स तक सीमित कर दिया गया। प्राइवेट अल्बम्स या इंडिपेंडेंट म्यूजिक ही बचा है।" उन्होंने 'देवदास' से 'ब्रह्मास्त्र' तक अपने सफर को याद किया, जहां उन्होंने 5 नेशनल अवॉर्ड्स जीते। लेकिन आज कल के आइटम सॉन्ग्स जैसे 'चिकनी चमेली' को गाने का अफसोस जताते हुए कहा, "अब ऐसे बोल वाले गाने नहीं गाऊंगी, जो महिलाओं को गलत तरीके से पेश करें।"

श्रेया ने बताया कि सिंगर्स को अक्सर बैकग्राउंड आर्टिस्ट की तरह देखा जाता है। गानों के प्रमोशन में उन्हें पीछे रखा जाता है, जिससे उनकी पहचान दब जाती है। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है जब गायकों को भी उतनी ही स्टारडम और पहचान दी जानी चाहिए जितनी एक्टर्स को मिलती है। अरिजीत के रिटायरमेंट पर फैंस बेहद भावुक हुए। सोशल मीडिया पर उन्हें “जीनियस” और “दिलों की आवाज” कहा गया। श्रेया ने भी उन्हें प्रोत्साहित करते हुए कहा कि यह किसी दौर का अंत नहीं बल्कि एक नए क्रिएटिव फेज की शुरुआत है।



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Gold-Silver Prices: मध्यपूर्व में लड़ाई के बावजूद सोने और चांदी की कीमतें क्यों नहीं चढ़ रहीं?

सोने और चांदी को निवेश के लिहाज से सबसे सुरक्षित माना जाता है। दुनिया में जब कभी अस्थिरता बढ़ती है या जियोपॉलिटिकल टेंशन शुरू होता है तब दोनों कीमतों मेटल्स की डिमांड बढ़ जाती है। इसका असर दोनों की कीमतों पर पड़ता है। कीमतें चढ़ने लगती हैं। लेकिन, इस बार ऐसा नहीं दिख रहा। 28 फरवरी को अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच लड़ाई शुरू हुई थी। इसके बाद से सोने और चांदी में उछाल नहीं दिखा है।

लड़ाई शुरू होने के बाद सोने और चांदी में कमजोरी

27 फरवरी के बाद से सोने की कीमतों में मामूली गिरावट आई है, जबकि चांदी में बड़ी गिरावट आई है। 27 फरवरी को सिल्वर फ्यूचर्स 2,82,730 रुपये प्रति किलो था। 6 मार्च को यह 262,569 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गया। यह 7.1 फीसदी की गिरावट है। 27 फरवरी को गोल्ड फ्यूचर्स 1,62,200 रुपये प्रति 10 ग्राम पर क्लोज हुआ था। 6 मार्च को यह 1,61,275 रुपये प्रति 10 ग्राम पर क्लोज हुआ। इसका मतलब है कि मध्यपूर्व में लड़ाई शुरू होने के बाद से सोना करीब 0.5 फीसदी कमजोर हुआ है।

इन वजहों से सोने की कीमतों में नहीं दिख रहा उछाल

एक्सपर्ट्स का कहना है कि गोल्ड की कीमतें जियोपॉलिटिकल टेंशन के बावजूद नहीं चढ़ने की वजह यह नहीं है कि इसकी डिमांड कम हो गई है। इसकी डिमांड अब भी स्ट्रॉन्ग है। इसकी कीमतें नहीं चढ़ने की वजह यह है कि डॉलर में मजबूती है। डॉलर में मजबूती आने पर दूसरी करेंसी में सोना खरीदना महंगा हो जाता है। दूसरा, अमेरिकी इकोनॉमी से जुड़े हालिया डेटा से ऐसा लगता है कि फेडरल रिजर्व जल्द इंटरेस्ट रेट नहीं घटाएगा। इंटरेस्ट रेट में कमी से सोने की कीमतों को सपोर्ट मिलता है। इंटरेस्ट रेट नहीं बढ़ने की उम्मीद का असर भी सोने की कीमतों पर पड़ रहा है।

इनवेस्टर्स कीमतें बढ़ने पर प्रॉफिट बुक कर रहे हैं

हालांकि, 28 फरवरी को मध्यपूर्व में लड़ाई शुरू होने के बाद 3 मार्च को सोने की कीमतों में उछाल आया था। स्पॉट गोल्ड उछलकर 5,260 डॉलर प्रति औंस तक चला गया था। लेकिन, उसके बाद मुनाफावसूली की वजह से इसमें गिरावट देखने को मिली। एक्सपर्ट्स का कहना है कि गोल्ड की कीमतें नहीं चढ़ने की एक वजह मुनाफावसूली है। जनवरी के आखिर में बड़ी गिरावट के बाद कुछ इनवेस्टर्स और ट्रेडर्स गोल्ड में फंस गए थे। वे कीमतें चढ़ने पर प्रॉफिट बुक कर रहे हैं।

चांदी की इंडस्ट्रियल डिमांड कमजोर पड़ी

सिल्वर की कुल डिमांड में करीब 50 फीसदी हिस्सेदारी इंडस्ट्रियल डिमांड की है। चांदी का इस्तेमाल कई इंडस्ट्रीज में होता है। इनमें इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, सोलर पैनल्स, इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट्स प्रमुख हैं। अमेरिका-इजरायल और ईरान की लड़ाई का असर सिल्वर की इंडस्ट्रियल डिमांड पर पड़ा है।

यह भी पढ़ें: Middle East Crisis: भारत में कितना है क्रूड का स्टॉक, यह कितने दिन तक चलेगा?

जनवरी के अंत में रिकॉर्ड ऊंचाई पर थी कीमतें

अगर यह लड़ाई लंबी चलती है तो कई इंडस्ट्री पर असर पड़ेगा। इस लड़ाई की वजह से सेंटीमेंट कमजोर है। इसके अलावा सिल्वर ने पिछले एक-दो सालों में शानदार रिटर्न दिया है। एक समय इसकी कीमत इसके फंडामेंटल्स से आगे निकल गई थी। इसके बाद जनवरी के अंत में इसमें बड़ी गिरावट आई। इस वजह से भी कीमतों में उछाल नहीं है।



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Friday, March 6, 2026

Women Day Special: वुमन डे पर जियोस्टार का खास प्लान, 50 महिला-प्रधान फिल्मों के साथ होगा ‘मां’ का वर्ल्ड टीवी प्रीमियर

Women Day Special: महिला दिवस के मौके पर जियोस्टार के हिंदी मूवी चैनल्स खास आयोजन कर रहे हैं। नेटवर्क अपने नौ चैनलों पर 50 ऐसी फिल्में दिखाएगा जिनमें कहानी की कमान महिलाओं के हाथ में है। इस पूरे आयोजन की सबसे बड़ी खास बात फिल्म मां का वर्ल्ड टीवी प्रीमियर है, जिसमें काजोल नजर आएंगी। फिल्म 7 मार्च को रात 8 बजे स्टार गोल्ड पर दिखाई जाएगी और 8 मार्च को दोपहर 12 बजे दोबारा टेलीकास्ट होगी।

इस मौके पर मैरी कॉम, शाबाश मिथु, मर्दानी 2, यशोदा, मीमी, दामिनी, नीरजा और स्त्री 2 जैसी फिल्में भी दिखाई जाएंगी। ये सभी फिल्में ऐसी महिलाओं की कहानियां दिखाती हैं जो मुश्किल हालात से लड़ती हैं और अपनी अलग पहचान बनाती हैं।

यह कार्यक्रम नेटवर्क के बाकी चैनलोंस्टार गोल्ड 2, स्टार गोल्ड रोमांस, स्टार गोल्ड थ्रिल्स, स्टार उत्सव मूवीज, स्टार गोल्ड सेलेक्ट, कलर्स सिनेप्लेक्स, कलर्स सिनेप्लेक्स बॉलीवुड और कलर्स सिनेप्लेक्स सुपरहिट्सपर भी दिनभर चलेगा।

फिल्म ‘मां’ एक मां के प्यार, हिम्मत और अपने बच्चे के लिए हर हद तक जाने की कहानी है। काजोल ने कहा कि उन्हें खुशी है कि यह फिल्म महिला दिवस के खास मौके पर टीवी पर आ रही है और अब यह देशभर के परिवारों तक पहुंचेगी।

नेटवर्क की ओर से कहा गया है कि इन 50 फिल्मों के जरिए महिलाओं की ताकत, संघर्ष और उनके सफर को सलाम किया जा रहा है। महिला दिवस पर यह पूरा दिन खास तौर पर महिलाओं की कहानियों को समर्पित रहेगा।



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Thursday, March 5, 2026

EPF, NPS और पीपीएफ, इन तीनों में से किसमें निवेश करने पर मुझे सबसे ज्यादा फायदा होगा?

बात जब रिटायरमेंट प्लानिंग की होती है तो इनवेस्टर्स अक्सर ईपीएफ, पीपीएफ और एनपीएस के बीच कनफ्यूज्ड हो जाते हैं। सच यह है कि इन तीनों पर विचार करते वक्त न सिर्फ रिटर्न पर गौर करना जरूरी है बल्कि टैक्स और रिस्क को भी ध्यान में रखना जरूरी है। हालांकि, रिटायरमेंट प्लानिंग के लिए ये तीनों बहुत अच्छे विकल्प हैं।

पीपीएफ, EPF, NPS की खास बातें

Employees' Provident Fund (EPF) नौकरी करने वाले लोगों के लिए अनुशासित निवेश का सबसे अच्छा विकल्प है। इसमें हर महीने सैलरी (बेसिक प्लस डीए) का एक हिस्सा इसमें जमा होता है। एंप्लॉयर भी उतना ही पैसा आपके ईपीएफ अकाउंट में हर महीने जमा करता है। Public Provident Fund (PPF) लंबी अवधि में बड़ा फंड तैयार करने का सबसे पुराना और लोकप्रिय विकल्प है। National Pension System (NPS) तीनों विकल्पों में से सबसे नया है। इसकी खास बात यह है कि यह मार्केट-लिंक्ड इनवेस्टमेंट ऑप्शन है।

पीपीएफ टैक्स के लिहाज से काफी अट्रैक्टिव

प्लानरुपी इनवेस्टमेंट सर्विसेज के फाउंडर अमोल जोशी ने कहा, "हर प्रोडक्ट का अपना नफा-नुकसान है। पीपीएफ EEE यानी एग्जेम्प्ट, एग्जेम्प्ट, एग्जेम्प्ट के तहत आता है। इसका मतलब है कि कंट्रिब्यूशन, इंटरेस्ट और मैच्योरिटी अमाउंट पर टैक्स नहीं लगता है। लेकिन, इसमें निवेश की सालाना लिमिट 1.5 लाख रुपये है। एनपीएस का अपना अलग टैक्स-डिडक्शन सेक्शन है। लेकिन लिक्विडिटी और एन्युटी की वजह से इसे सब लोग पंसद नहीं करते हैं।"

तीनों स्कीम में रिस्क नहीं के बराबर

जोशी का कहना है कि इन तीनों में ऐसा कोई सिंगल प्रोडक्ट नहीं है जो सभी के लिए समान रूप से बेस्ट हो। इनवेस्टर को लिक्विडिटी, इनवेस्टमेंट पीरियड और टैक्सेशन को ध्यान में रख इनमें से किसी एक या दो का चुनाव करना ठीक रहेगा। तीनों प्रोडक्ट्स में रिस्क नहीं के बराबर है। इसकी वह यह है कि इन तीनों स्कीमों को सरकार का सपोर्ट हासिल है। इन तीनों के नियम और शर्तें स्पष्ट हैं। तीनों में बड़ी संख्या में लोग इनवेस्ट करते आ रहे हैं।

ईपीएफ सिर्फ नौकरी करने वाले लोगों के लिए

ईपीएफ ऐसी स्कीम है, जिसमें सिर्फ नौकरी करने वाले लोग कंट्रिब्यूट करते हैं। यह ऑप्शनल नहीं है। हर महीने एंप्लॉयी की सैलरी का एक हिस्सा इसमें जमा होता है। एंप्लॉयर भी उतना ही पैसा इसमें हर महीने जमा करता है। इससे लंबी अवधि में बड़ा फंड तैयार हो जाता है। इसमें रिस्क नहीं के बराबर है। रिटायरमेंट पर मिलने वाला पैसा टैक्स-फ्री होता है। खास बात यह है कि इस पर मिलने वाला सालाना रिटर्न काफी अट्रैक्टिव है। इससे लंबी अवधि में कंपाउंडिंग का फायदा मिलता है।

पीपीएफ में 15 सालों तक निवेश की शर्त

नौकरी करने वाले और नौकरी नहीं करने वाले, दोनों तरह के इनवेस्ट पीपीएफ में निवेश कर सकते हैं। इसकी वजह यह है कि 15 साल तक निवेश करने पर उनके लिए आसानी से बड़ा फंड तैयार हो जाता है। खासकर, अगर इनवेस्टर शेयरों से जुड़े किसी स्कीम में निवेश नहीं करना चाहता है तो पीपीएफ उसके लिए बेस्ट है। टैक्स के नियम इसका अट्रैक्शन काफी बढ़ा देते हैं। इससे रियल रिटर्न बढ़ जाता है।

आपके लिए तीनों में से कौन है बेस्ट?

एनपीएस उन लोगों के लिए सही है, जो मार्केट लिंक्ड स्कीम में निवेश करना चाहते हैं। मार्केट लिंक्ड रिटर्न की वजह से लंबी अवधि में इसका रिटर्न काफी अट्रैक्टिव है। इसमें टैक्स बेनेफिट भी मिलता है। हाल में पीएफआरडीए ने एनपीएस के नियमों में कई बदलाव किए हैं, जिससे इसका अट्रैक्शन और बढ़ गया है।

यह भी पढ़ें: Income Tax: मैं नई रीजीम में स्विच करने के बारे में सोच रहा हूं? क्या मुझे PPF, ELSS में निवेश जारी रखना चाहिए?

इनवेस्टर अगर चाहे तो वह इन तीनों स्कीम में निवेश कर सकता है। हालांकि, तीनों में निवेश का विकल्प सिर्फ नौकरी करने वाले लोगों के लिए है। जो लोग नौकरी नहीं करते हैं वे पीपीएफ और एनपीएस में निवेश कर सकते हैं। अगर कोई इनवेस्टर मार्केट लिंक्ड इनवेस्टमेंट ऑप्शन में निवेश नहीं करना चाहता तो पीपीएफ उसके लिए बेस्ट रहेगा।



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Wednesday, March 4, 2026

SA vs NZ T20 World Cup Match Live Score: मुश्किल में साउथ अफ्रीका की टीम, आधी टीम लौटी पवेलियन

SA vs NZ T20 World Cup Match Score: टी20 वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल मुकाबले में साउथ अफ्रीका और न्यूजीलैंड की टीम आमने-सामने हैं। कोलकाता के ईडन गार्डन्स मैदान में खेले जा रहे इस मैच में न्यूजीलैंड के कप्तान मिचेल सैंटनर ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। सेमीफाइनल मुकाबले में साउथ अफ्रीका की टीम पहले बल्लेबाजी कर रही है।

टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने आई साउथ अफ्रीका की टीम को दूसरे ओवर में दो बड़े झटके लगे हैं। कोल मैककॉन्ची ने क्विंटन डी कॉक 10 रन और रयान रिकेल्टन बिना खाता खोले आउट किया। 2 ओवर के बाद साउथ अफ्रीका का स्कोर 2 विकेट के नुकसान पर 16 रन है।

8वें ओवर में 55 रन के स्कोर पर साउथ अफ्रीका को तीसरा झटका लगा है। रचिन रवींद्र की गेंद पर एडेन मार्करम 18 रन बनाकर आउट हुए। एडेन मार्करम और डेवाल्ड ब्रेविस के बीच 35 गेंदों में 43 रन का साझेदारी हुई थी। 8 ओवर के बाद साउथ अफ्रीका का स्कोर 3 विकेट के नुकसान पर 57 रन है।

10वें ओवर में साउथ अफ्रीका को चौथा झटका लगा है। रचिन रवींद्र की गेंद पर डेविड मिलर 6 रन बनाकर आउट हुए। डेविड मिलर और डेवाल्ड ब्रेविस के बीच 14 गेंदों में 22 रन का साझेदारी हुई थी। वहीं 11वें ओवर में जेम्स नीशम ने डेवाल्ड ब्रेविस 34 रन पर पवेलियन भेजा। साउथ अफ्रीका का स्कोर 5 विकेट के नुकसान पर 77 रन है।

साउथ अफ्रीका और न्यूजीलैंड के बीच ये सेमीफाइनल मुकाबला फाइनल में पहुंचने वाली पहली टीम तय करेगा। दोनों ही टीमें इस मैच को जीतकर फाइनल में अपनी जगह बनाना चाहेंगी। सेमीफाइनल में भारत, न्यूजीलैंड, साउथ अफ्रीका और इंग्लैंड ने जगह बनाई है। टूर्नामेंट का दूसरा सेमीफाइनल मुकाबला 5 मार्च को भारत और इंग्लैंड के बीच मुंबई में खेला जाएगा।



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Dollar Vs INR : रुपया नए रिकॉर्ड निचले स्तर पर हुआ बंद, जल्द ही छू सकता है 93 रुपये का लेवल!

Currency Check : बुधवार 4 मार्च को भारतीय रुपया 67 पैसे गिरकर 92.14 प्रति डॉलर के नए रिकॉर्ड निचले स्तर पर बंद हुआ,जबकि सोमवार को यह 91.47 पर बंद हुआ था। ट्रेडर्स के मुताबिक इंट्राडे में रुपया 92.31 तक गिर गया। हमारी करेंसी में आज करीब 70 पैसे की गिरावट आई,जो हाल के महीनों की एक दिन की सबसे बड़ी गिरावटों में से एक है। भारतीय रुपया इतिहास में पहली बार 92 रुपये प्रति डॉलर के रिकॉर्ड निचले स्तर पर बंद हुआ है। मिडिल ईस्ट में जियोपॉलिटिकल टेंशन के बीच ब्रेंट क्रूड की कीमतें बढ़ने से इन्वेस्टर्स US डॉलर और सोने जैसे सेफ-हेवन एसेट्स की ओर भाग रहे हैं, इसके चलते रुपए पर दबाव बन रहा है।

ऐसे में अब एनालिस्ट और डीलर्स को डर है कि अगर RBI करेंसी में और ज़्यादा गिरावट को रोकने के लिए डॉलर बेचने के साथ स्पॉट और ऑफ़शोर नॉन-डिलिवरेबल फॉरवर्ड (NDF) मार्केट में दखल नहीं देता तो आने वाले दिनों में रुपया 93 रुपये प्रति डॉलर के निशान से भी नीचे गिर सकता है। बता दें कि जब रुपया 91 रुपये प्रति डॉलर के करीब था तब RBI ने गिरावट को रोकने के लिए दखल दिया था।

OCBC बैंक की सीनियर इकोनॉमिस्ट लावण्या वेंकटेश्वरन ने कहा RBI लिक्विडिटी की स्थिति को मैनेज करने के लिए बहुत सोच-समझकर काम किया है। ग्रोथ की तस्वीर मज़बूत है। ये अच्छी बात है। इससे पॉलिसी बनाने वालों को काउंटर-साइक्लिकल पॉलिसी से निपटने के लिए एक बफ़र मिलता है।

4 मार्च को, रुपया डॉलर के मुकाबले 92.15 रुपये पर बंद हुआ, जबकि पिछले सेशन में यह 91.47 रुपये था। ट्रेडर्स के मुताबिक, दिन में रुपया 92.31 तक गिर गया, जिसके बाद RBI के रुपये में फ्री फॉल को रोकने के लिए मार्केट में मौजूद रहने की उम्मीद है। करेंसी एक ही दिन में लगभग 70 पैसे गिरी, जो हाल के महीनों में सबसे बड़ी इंट्राडे गिरावट में से एक है।

HDFC सिक्योरिटीज के रिसर्च एनालिस्ट दिलीप परमार का कहना है कि भारतीय रुपये में मई 2025 के बाद से दो सेशन की सबसे बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। एनर्जी की बढ़ती कीमतों ने महंगाई बढ़ने और बढ़ते ट्रेड डेफिसिट के डर को बढ़ा दिया। बाजार में जोखिम से बचने की भावना के साथ-साथ एनर्जी लागत बढ़ने के कारण शॉर्ट टर्म में करेंसी पर दबाव बने की उम्मीद है।

इन्वेस्टर मिडिल ईस्ट संघर्ष पर करीब से नज़र रख रहे हैं। अगर यह गतिरोध लंबे समय तक बना रहता है तो एनर्जी और कीमती मेटल की इंपोर्ट लागत बढ़ सकती है, जबकि एक्सपोर्ट ग्रोथ में रुकावट आ सकती है। स्पॉट USDINR को 92.60 पर तत्काल रेजिस्टेंस का सामना करना पड़ रहा है,जबकि इसके लिए अहम सपोर्ट 91.80 पर बना हुआ है।

Market Mayhem: डेली चार्ट पर निफ्टी 24570–24600 के अहम सपोर्ट से नीचे फिसला, क्या अब देखने को मिलेगी एक रिलीफ रैली?

कोटक सिक्योरिटीज के हेड करेंसी और कमोडिटी रिसर्च, अनिंद्य बनर्जी का कहना है कि US$-INR स्पॉट मार्केट में 92.30 के करीब नए ऑल-टाइम हाई पर पहुंच गया है। क्रूड ऑयल की कीमतों में तेज़ बढ़ोतरी और ईरान-US और इज़राइल के बीच बढ़ते झगड़े के बीच ग्लोबल मार्केट में डॉलर की सप्लाई में कमी से कारण रुपए पर दबाव बढ़ा है। उम्मीद है कि RBI समय-समय पर बहुत ज़्यादा उतार-चढ़ाव और रुपये में बेतरतीब गिरावट को रोकने के लिए दखल देगा। हालांकि,जब तक क्रूड ऑयल की कीमतें ऊंची बनी रहेंगी,रुपये पर गिरावट का दबाव बना रह सकता है।

अगर होर्मुज स्ट्रेट में स्थिति खराब बनी रहती है तो तेल की कीमतें और ज़्यादा बढ़ेंगी,जिससे रुपए पर और दबाव आ सकता है। वहीं, अगर मिडिल ईस्ट में स्थितियों में सुधार के संकेत मिलते हैं तो क्रूड ऑयल की कीमतें स्थिर हो सकती हैं और रुपये को कुछ राहत मिल सकती है। उम्मीद है कि निकट भविष्य में USDINR स्पॉट 91–93 रुपए की रेंज में ट्रेड करेगा।

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।



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Tuesday, March 3, 2026

Holi Special: बॉलीवुड की इन फिल्मों से बनीं होली की रंगीन यादें, मूवी के प्लॉट ने क्रिएट की जबरदस्त सीन

Holi Special: होली का त्योहार रंगों, उमंग और नई शुरुआत का प्रतीक है, और बॉलीवुड ने इसे अपनी कई यादगार फिल्मों में ऐसा इस्तेमाल किया कि ये सीन पूरी कहानी का टर्निंग पॉइंट बन गए। रंगों की भवें भरते ये दृश्य न केवल मनोरंजन देते हैं, बल्कि प्यार, दुश्मनी, रहस्य या संघर्ष को उजागर कर देते हैं। होली 2026 के उत्साह के बीच इन फिल्मों को याद करना मजेदार है, जहां त्योहार ने स्क्रिप्ट को हमेशा के लिए बदल दिया।

शोले:

रमेश सिप्पी की कल्ट क्लासिक 'शोले' (1975) में होली का गाना 'होली के दिन दिल खिल जाते हैं' फिल्म का पहला बड़ा एक्शन मोमेंट लाता है। अमिताभ बच्चन (जय) और धर्मेंद्र (वीरू) रंगों की होली खेलते गांववालों संग नाच-गान कर रहे होते हैं। तभी खूंखार डाकू गब्बर सिंह (अमजद खान) की धमाकेदार एंट्री होती है। जय रंगों की थाली फेंक गब्बर की आंखों में धूल झोंकता है, जिसके बाद गोलीबारी शुरू हो जाती है। यहीं ठाकुर के हाथ कटने की फ्लैशबैक स्टोरी भी खुलती है। यह सीन रामगढ़ की होली को खूनी रंग दे देता है और पूरी कहानी का क्लाइमैक्स तय कर देता है।

सिलसिला:

यश चोपड़ा की 'सिलसिला' (1981) में होली प्यार के त्रिकोण को उजागर करती है। अमिताभ बच्चन अपने भाई शशि कपूर की पत्नी रेखा से नशे में होली खेलते हैं, गाना 'रंग बरसे' गाते हुए। जया बच्चन और संजीव कुमार को यह नजदीकी नागवार गुजरती है। शादी के बाद भी बुझ न पाया प्यार यहां फूट पड़ता है, जो परिवार में दरार डाल देता है। यह इमोशनल सीन फिल्म को रोमांटिक ड्रामा से फैमिली कंफ्लिक्ट की ओर मोड़ देता है।

दामिनी:

राजकुमार संतोषी की 'दामिनी' (1993) में होली एक सामाजिक मुद्दे का ट्रिगर बनती है। सनी देओल की पत्नी दामिनी (मीनाक्षी शेषाद्री) होली के जश्न में अपने देवर को नौकरानी के साथ रेप करते देख लेती है। वह न्याय के लिए घर छोड़ देती है और कोर्ट में लड़ाई लड़ती है। यह सीन फिल्म को फैमिली ड्रामा से कोर्टरूम थ्रिलर में बदल देता है, जहां दामिनी का 'लहरों से डरकर नौका कभी पार नहीं होती' डायलॉग इतिहास बन जाता है।

मोहब्बतें:

अदित्य चोपड़ा की 'मोहब्बतें' (2000) में शाहरुख खान होली का बहाना बनाकर अमिताभ बच्चन के सख्त गुरुकुल नियम तोड़ते हैं। लड़के-लड़कियां कैंपस से बाहर पहली बार होली खेलते हैं। नारायण शंकर को यह विद्रोह बर्दाश्त नहीं होता, जो प्यार बनाम अनुशासन के संघर्ष को तेज कर देता है। यह सीन फिल्म के रोमांटिक म्यूजिकल टोन को ड्रामा से भर देता है।

गोलियों की रासलीला रामलीला:

संजय लीला भंसाली की 'रामलीला' (2013) में होली रासलीला के जरिए रणवीर सिंह और दीपिका पादुकोण के बीच प्यार फूटता है। गुंडों के बीच रंगों का खेल भेदभाव मिटा देता है और रोमांस शुरू होता है। यह सीन गुजराती संस्कृति से प्रेरित होकर फिल्म को गैंगस्टर लव स्टोरी का अनोखा रंग देता है।

ये सीन साबित करते हैं कि होली बॉलीवुड में सिर्फ गाना नहीं, बल्कि कहानी का दिल है। रंगों ने हमेशा इमोशंस को उभार दिया।

होली के सीन बॉलीवुड फिल्मों में सिर्फ रंगों की खूबसूरती नहीं दिखाते, बल्कि कई बार कहानी का टर्निंग पॉइंट बन जाते हैं। चाहे वह शोले का खौफनाक मोड़ हो या सिलसिलाका भावनात्मक खुलासा होली ने बार-बार साबित किया है कि यह त्योहार सिनेमा में सिर्फ उत्सव नहीं, बल्कि कहानी कहने का एक शक्तिशाली माध्यम भी है।



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