Tuesday, October 27, 2026

Car Loan Offers: दिवाली से पहले कार खरीदना चाहते हैं? तो बैंकों के इन शानदार ऑफर्स को जान लीजिए

दिवाली से पहले अगर आप कार खरीदने के बारे में सोच रहे हैं तो आपके लिए अच्छी खबर है। बैंक त्योहारों को ध्यान में रख अभी इंटरेस्ट रेट में रियायत, प्रोसेसिंग फीस से छूट और दूसरे बेनेफिट्स ऑफर कर रहे हैं। अगर लोन लेकर आप खरीदना चाहते हैं आप इन ऑफर का फायदा उठा सकते हैं।

ये बैंक कार लोन पर दे रहे हैं ऑफर

बैंक बाजार डॉट कॉम ने बैंक की वेबसाइट पर उपलब्ध जानकारी के आधार पर इस बारे में जो डेटा जुटाया है, उसके मुताबिक Indian Bank, State Bank of India (SBI), Kotak Mahindra Bank और HDFC Bank कार लोन पर कई बेनेफिट्स ऑफर कर रह हैं। इनमें शुरुआती सालाना 7.75 इंटरेस्ट रेट, प्रोसेसिंग फीस में डिस्काउंट और जीरो फोरक्लोजर चार्ज शामिल हैं।

इंडियन बैंक प्रोसेसिंग चार्ज भी नहीं ले रहा

इंडियन बैंक शुरुआती सालाना 7.75 फीसदी इंटरेस्ट रेट पर कार लोन ऑफर कर रहा है। बैंक कोई प्रोसेसिंग चार्ज नहीं ले रहा है। इससे ग्राहक के लिए कार लोन की पूरी कॉस्ट कम हो जाएगी। हालांकि, बैंक की तरफ से ऑफर किया जा रहा फाइनल इंटरेस्ट रेट बैंक के लोन की शर्तों और एलिजिबिलिट पर निर्भर करेगा।

एसबीआई इंटरेस्ट रेट में रियायत दे रहा

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ग्राहकों को कार लोन पर इंटरेस्ट रेट में रियायत दे रहा है। प्रोसेसिंग फीस से छूट दी जा रही है। स्टेट बैंक देश का सबसे बड़ा बैंक है। अगर आप बैंक में कार लोन का अप्लिकेशन देना चाहते हैं तो आपको पहले इंटरेस्ट रेट और दूसरी शर्तों को चेक कर लेने की जरूरत है।

कोटक महिंद्रा बैंक प्रोसेसिंग फीस में 50% छूट दे रहा

कोटक महिंद्रा बैंक कार लोन की प्रोसेसिंग फीस में 50 फीसदी तक की छूट ऑफर कर रहा है। इसके अलावा जीरो फोरक्लोजर चार्ज के बेनेफिट दे रहा है। इसका मतलब है कि अगर आप तय अवधि से पहले अपना लोन चुकाना चाहते हैं तो बैंक आपसे कोई चार्ज नहीं वसूलेगा।

एचडीएफसी बैंक 8 साल टेन्योर का लोन ऑफर कर रहा

एचडीएफसी बैंक शुरुआती सालाना 8.25 फीसदी इंटरेस्ट रेट पर कार लोन ऑफर कर रहा है। बैंक जीरो फोरक्लोजर चार्ज की भी सुविधा दे रहा है। इसके अलावा वह लोन के 8 साल का टेन्योर भी ऑफर कर रहा है। इसका मतलब है कि ग्राहक 8 साल में कार लोन का पैसा चुका सकता है। रीपेमेंट पीरियड लंबा होने से लोन की EMI कम हो जाती है।

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धनतेरस और दिवाली पर कार खरीदना शुभ माना जाता है

धनतेरस और दिवाली के मौके पर कार खरीदना शुभ माना जाता है। कई लोग कार खरीदने के लिए इस मौके का इंतजार करते हैं। न सिर्फ बैंक बल्कि कार बनाने वाली कंपनियां भी ग्राहकों को इस दौरान कई तरह के ऑफर देती हैं। कार लोन लेने से पहले बैंकों के ऑफर की तुलना कर लें। कम इंटरेस्ट वाला लोन लेने से लंबी अवधि में काफी बचत होती है।



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Monday, October 26, 2026

चीन में 110 ह्यूमनॉइड रोबोट्स ने एक साथ डांस कर बनाया गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड, बड़े पैमाने पर किया जाएगा तैनात

चीन की ह्यूमनॉइड रोबोट इंडस्ट्री अब डेमो स्टेप से आगे बढ़कर बड़े पैमाने पर इस्तेमाल (डिप्लॉयमेंट) की ओर बढ़ रही है। 24 अक्टूबर को पूर्वी चीन के शेडोंग प्रांत के जिनान शहर में 110 ह्यूमनॉइड रोबोट्स ने एक साथ डांस करके 'गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड' बनाया।

चीनी कंपनी 'एजीबॉट' ने बनाए रोबोट

चीनी कंपनी 'एजीबॉट' (AgiBot) द्वारा विकसित इन 110 'एक्सपेडिशन A3' (Expedition A3) ह्यूमनॉइड रोबोट्स ने कंपनी के 'लिंकबॉट्स' (LinkBots) क्लस्टर-कंट्रोल प्लेटफॉर्म और अल्ट्रा-वाइडबैंड पोजिशनिंग तकनीक का इस्तेमाल करके एक साथ डांस किया और अलग-अलग आकृतियां (formations) बनाईं। इस तकनीक की मदद से रोबोट सेंटीमीटर-स्तर की सटीकता के साथ अपनी स्थिति तय कर सकते हैं। कंपनी के अनुसार इस चुनौती के जरिए यह परखा गया कि क्या सिस्टम बड़ी संख्या में रोबोट्स के बीच तालमेल बिठाते हुए उनकी सटीक स्थिति बनाए रख सकता है।

इस प्रदर्शन के दौरान 110 'एक्सपेडिशन A3' रोबोट्स ने बहुत ही बेहतरीन तरीके से एक साथ कई हरकतें कीं—जैसे अपनी जगह बदलना, कूदना, पलटी मारना (flips) और अलग-अलग आकृतियां बनाना। यह ह्यूमनॉइड रोबोट्स की स्पेस में मूवमेंट करने की उन्नत क्षमताओं को दर्शाता है।

इन जगह किया जाएगा तैनात

कंपनी ने बताया कि इस कार्यक्रम के बाद इन रोबोट्स का इस्तेमाल सांस्कृतिक और पर्यटन कार्यक्रमों, सार्वजनिक सेवाओं, वैज्ञानिक अनुसंधान और शिक्षा जैसे विभिन्न क्षेत्रों में किया जाएगा। इस तरह के बहु-रोबोट प्रदर्शनों का महत्व केवल रिकॉर्ड बनाने तक ही सीमित नहीं है। चीनी कंपनियां गति नियंत्रण, स्थिति निर्धारण और बहु-रोबोट समन्वय में सुधार कर रही हैं, लेकिन मुख्य चुनौती इन क्षमताओं को विश्वसनीय वास्तविक दुनिया के अनुप्रयोगों में बदलना है। कई कंपनियां अब औद्योगिक और सेवा क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर तैनाती की संभावनाओं का पता लगा रही हैं।

अगस्त में बीजिंग में आयोजित विश्व रोबोट सम्मेलन में चीनी रोबोटिक्स कंपनियों ने पार्सल छांटने, पुर्जों को संभालने और मोबाइल फोन पैक करने वाले मानवाकार रोबोटों का प्रदर्शन किया। रोबोटेरा ने बताया कि उसने 15 गोदामों में 100 से अधिक पार्सल-छंटाई रोबोट तैनात किए हैं, जबकि डेक्सफोर्स ने लेंस टेक्नोलॉजी कारखाने में असेंबली लाइन पर मोबाइल उपकरणों को पैक करने के लिए रोबोट तैनात करने की जानकारी दी।

बीजिंग एकेडमी ऑफ सोशल साइंसेज के एसोसिएट रिसर्च फेलो वांग पेंग ने रविवार को ग्लोबल टाइम्स को बताया कि बड़े पैमाने पर समन्वय मानवाकार रोबोटों के लिए एक प्रमुख दिशा होगी। रोबोटों को परिचालन क्षमताओं और वास्तविक दुनिया के उपयोग परिदृश्यों से प्राप्त अनुभवों को साझा करने में सक्षम बनाकर, यह दृष्टिकोण प्रति इकाई परिचालन लागत को कम करने में मदद कर सकता है।

हालांकि कई एप्लिकेशन अभी भी पायलट या शुरुआती कमर्शियल चरण में हैं। इनके व्यापक इस्तेमाल के रास्ते में विश्वसनीयता, अनुकूलन क्षमता और लागत-प्रभावशीलता जैसी बड़ी चुनौतियां बनी हुई हैं। इंडस्ट्री एनालिस्ट्स का कहना है कि चीन का लक्ष्य ह्यूमेनोइड रोबोट और एम्बॉडीड आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के कमर्शियलाइजेशन और बड़े पैमाने पर तैनाती (डिप्लॉयमेंट) को तेज करना है।

चीन ने जून में एक 'रियल-वर्ल्ड ट्रेनिंग' पहल शुरू की है। इसका मकसद वास्तविक उत्पादन और रोजमर्रा के माहौल में ह्यूमेनोइड रोबोट और एम्बॉडीड AI उत्पादों की तैनाती को बढ़ावा देना है, ताकि इन्हें बड़े पैमाने पर अपनाया जा सके। इस पहल का लक्ष्य 100 से ज्ययादा महत्वपूर्ण एप्लिकेशन परिदृश्य (एप्लिकेशन सिनेरियो) विकसित करना और 2026 के अंत तक हजारों रोबोटों को बड़े पैमाने पर तैनात करने की क्षमता तैयार करना है।

19 अक्टूबर को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उद्योग और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि चीनी कंपनियों ने 400 से ज्यादा ह्यूमेनोइड रोबोट मॉडल विकसित किए हैं और 2026 की पहली छमाही में 40,000 से ज़्यादा यूनिट्स का उत्पादन किया है। स्टेट काउंसिल इंफॉर्मेशन ऑफिस के अनुसार, सालाना उत्पादन 100,000 यूनिट्स से ज्यादा होने की उम्मीद है। साथ ही वास्तविक दुनिया में टेस्टिंग और तैनाती के लिए 300 से ज्यादा प्राथमिकता वाले परिदृश्यों (प्रायोरिटी सिनेरियो) को चुना गया है।

अंतत व्यापक स्तर पर तैनाती के लिए वास्तविक दुनिया की अनिश्चित परिस्थितियों के अनुकूल ढलने की क्षमता में लगातार सुधार की आवश्यकता होगी। रोशनी में बदलाव, जमीन की सतह और अचानक सामने आने वाली रुकावटें रोबोट के प्रदर्शन पर असर डाल सकती हैं, जबकि लंबे समय तक चलने वाले कई चरणों वाले कार्यों के दौरान छोटी-छोटी गलतियां जमा हो सकती हैं। वांग ने कहा कि परिचालन की विश्वसनीयता को बेहतर बनाना और लगातार एक जैसा प्रदर्शन सुनिश्चित करना, आगे के विकास के लिए महत्वपूर्ण क्षेत्र बने हुए हैं।



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Sunday, October 25, 2026

IND vs PAK: भारत-पाकिस्तान मैच के लिए हो जाइए तैयार, नवंबर में दो बार भिड़ेंगी टीमें

क्रिकेट में भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाले मुकाबले का इंतजार हर क्रिकेट प्रेमी को होता है। शों की टीमें जब भी मैदान पर आमने-सामने आती हैं, तो फैंस के बीच अलग ही एक्साईटमेंट बढ़ जाता है। हाल के मैचों में भारतीय टीम का प्रदर्शन पाकिस्तान के मुकाबले बेहतर रहा है। इसके बाद भी दोनों के बीच मुकाबले को लेकर रोमांच कम नहीं हुआ है। वहीं अगले महीने भारत और पाकिस्तान के बीच एक नहीं बल्कि दो मुकाबले होने वाले हैं। आइए जानते हैं इन दोनों मुकाबलों के बारे में और कब होगा ये मुकाबला

अंडर-19 एशिया कप में भिड़ेंगे

अंडर-19 एशिया कप में भारत और पाकिस्तान की टीमें 8 नवंबर को आमने-सामने होंगी। यह टूर्नामेंट 5 से 14 नवंबर तक ओमान में खेला जाएगा। इस मुकाबले में पूर्व भारतीय क्रिकेटर वीरेंद्र सहवाग के बेटे आर्यवीर सहवाग और राहुल द्रविड़ के बेटे अन्वय द्रविड़ पर भी सबकी नजरें रहेंगी। दोनों युवा खिलाड़ी अपने हालिया प्रदर्शन को लेकर चर्चा में हैं। आर्यवीर ने इसी साल सितंबर में अंडर-19 क्रिकेट में डेब्यू किया था। ऐसे में भारत-पाकिस्तान के मुकाबले में इन दोनों खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर क्रिकेट प्रशंसकों की खास नजर रहेगी।

कब होगा भारत-पाकिस्तान का मुकाबला

एशियन क्रिकेट काउंसिल (ACC) ने टूर्नामेंट के ग्रुप और मैचों का शेड्यूल जारी कर दिया है। ये टूर्नामेंट 19 नवंबर से 29 नवंबर तक चलेगा। इसमें पहले दिन बांग्लादेश A का सामना हांगकांग A से होगा। वहीं, श्रीलंका A की टीम उसी दिन अफगानिस्तान A के खिलाफ मैदान पर उतरेगी। राइजिंग एशिया कप 2026 में भारत A और पाकिस्तान A के बीच मुकाबला 22 नवंबर को कतर की राजधानी दोहा में खेला जाएगा। इस टूर्नामेंट में भारत A और पाकिस्तान A के मुकाबले पर भी क्रिकेट फैंस की खास नजर रहेगी।

कुल 8 टीमें लेंगी हिस्सा

राइजिंग एशिया कप 2026 में कुल आठ टीमें हिस्सा लेंगी, जिन्हें दो ग्रुप में बांटा गया है। भारत A और पाकिस्तान A को ग्रुप B में नेपाल A और यूएई A के साथ रखा गया है। भारतीय टीम अपने अभियान की शुरुआत 20 नवंबर को नेपाल A के खिलाफ करेगी। इसके बाद 22 नवंबर को उसका मुकाबला पाकिस्तान A से होगा, जबकि ग्रुप चरण का आखिरी मैच 24 नवंबर को यूएई A के खिलाफ खेला जाएगा। इस दौरान भारतीय टीम की कोशिश बेहतर प्रदर्शन करते हुए अगले दौर में जगह बनाने की होगी।

ग्रुप ए में कौन सी टीमें

ग्रुप A में श्रीलंका A, बांग्लादेश A, अफगानिस्तान A और हांगकांग A की टीमें शामिल हैं। टूर्नामेंट में हर टीम को अपने ग्रुप की बाकी तीन टीमों के खिलाफ एक-एक मैच खेलना होगा। दोनों ग्रुप से शीर्ष दो टीमें सेमीफाइनल में पहुंचेंगी, जो 26 और 27 नवंबर को खेले जाएंगे। इसके बाद 29 नवंबर को फाइनल मुकाबला होगा, जिसमें टूर्नामेंट की दो सर्वश्रेष्ठ टीमें खिताब के लिए भिड़ेंगी। राइजिंग एशिया कप 2026 के सभी मुकाबले दोहा के दो अलग-अलग मैदानों पर खेले जाएंगे।

2013 में हुई थी शुरुआत

राइजिंग स्टार्स एशिया कप की शुरुआत 2013 में ACC इमर्जिंग टीम्स एशिया कप के नाम से हुई थी। अब तक इसके सात संस्करण खेले जा चुके हैं, जिनमें भारतीय टीम केवल एक बार खिताब जीतने में सफल रही है। इस बार टीम की कोशिश बेहतर प्रदर्शन कर दूसरी बार ट्रॉफी अपने नाम करने की होगी।

Tilak Varma: मैच से पहले तिलक ने कोच गंभीर से किया था बड़ा वादा, मैच खत्म होते ही किया खुलासा



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Saturday, October 24, 2026

Saif Ali Khan: यूजर्स बोले- हम जीत गए..., सैफ अली खान को आखिरकार मिल ही गया 2 साल का घी स्टॉक

Saif Ali Khan: सैफ अली खान को आखिरकार अपना घी मिल गया है। वीडियो में अभिनेता इंस्टाग्राम लाइव सेशन के दौरान कमेंट्स पढ़ रहे होते हैं और फैंस की नजर तुरंत उनके पीछे रखे घी के जार पर पड़ जाती है। 'कौन बनेगा करोड़पति 18' में मिले इनाम (दो साल तक चलने वाला गोवर्धन घी) के अब तक न मिलने की बात सामने आने के बाद यह मामला इंटरनेट पर चर्चा का विषय बन गया था।

अब इस नए वीडियो को देखकर फैंस खुश हैं। सैफ वीडियो की शुरुआत एक गुजारिश के साथ करते हैं। "ठीक है दोस्तों चलिए शुरू करते हैं। हाय। शुरू करने से पहले मैं एक बात कहना चाहता हूं, हम गोवर्धन घी के बारे में बात नहीं करेंगे। ठीक है?"

लेकिन उनके फॉलोअर्स के इरादे कुछ और ही थे। जब वे उनके कमेंट्स पढ़ते हैं तो एक फैन पूछता है, "सर क्या आपको दो साल का घी मिल गया?" सैफ बात बदलने की कोशिश करते हैं। "नहीं भाई जैसा कि मैंने कहा, चलिए कुछ मजेदार और अच्छी बात करते हैं। मुझसे कुछ अच्छे सवाल पूछिए। आप मुझसे कुछ भी पूछ सकते हैं।"

फिर कोई पूछता है कि क्या वे घी मिलने के बाद ही इंस्टाग्राम पर आए हैं। वे जवाब देते हैं- "ठीक है। मुझे पता है कि आपको लगता है कि मैं इसीलिए आया हूं, लेकिन नहीं भाई। मैं अपनी मर्जी से आया हूं।" मगर सवाल आने बंद नहीं होते। एक यूजर सुझाव देता है कि उन्हें 'ऑरा फार्मिंग' (aura farming) छोड़कर 'डेयरी फार्मिंग' शुरू कर देनी चाहिए, जबकि दूसरा जानना चाहता है कि वे भी कैसे दो साल का घी का स्टॉक पा सकते हैं।

सैफ कहते हैं- "हे भगवान! आप लोग इस घी के पीछे ही पड़ गए हैं अब बस भी कीजिए ठीक है?" वीडियो के कैप्शन में लिखा है, "यह वही पल है जिसका हम सभी को इंतजार था... जिंदगी भर की सप्लाई!!!" सेलिब्रिटीज भी 'घी' के जश्न में शामिल हुए। वीडियो जितना मजेदार था, कमेंट सेक्शन भी उतना ही मजेदार रहा। सोनी लिव (Sony LIV) ने लिखा- "यह एक 'गौरवशाली' पल है," वहीं संगीतकार यशराज मुखाटे ने कमेंट किया, "घी रीफिल।"

अभिनेत्री अंजलि दिनेश आनंद सैफ के इंस्टाग्राम उनके लिखने के अंदाज से काफी प्रभावित हुईं। उन्होंने कहा- "वह अभी से इसमें इतने अच्छे कैसे हो गए? मुझे यहां आए एक दशक हो गया है, फिर भी मुझे नहीं पता कि इंस्टाग्राम पर इतना अच्छा कैसे हुआ जाता है।"

फिल्म निर्माता कुणाल कोहली ने सैफ की इंस्टाग्राम मौजूदगी को लेकर एक मजेदार बात कही। उन्होंने मजाक में लिखा- "मुझे लगता है कि आप इंस्टाग्राम पर सिर्फ इसलिए आए हैं ताकि आपको 2 साल के लिए घी मिल सके।" प्रोड्यूसर रिया कपूर भी इस बातचीत में शामिल हुईं और लिखा, "बहुत बढ़िया सैफ!"

फैन अकाउंट @gheeonsaifside, जो सैफ से उनके वादे के मुताबिक घी दिलाने के लिए कैंपेन चला रहा था, सबसे ज्यादा खुश दिखा। उन्होंने लिखा- "हम जीत गए @saifalikhanpataudi!" साथ ही उन्होंने आगे कहा, "आखिरकार 2 साल के लिए गोवर्धन घी का भंडार मिल ही गया!!"

कई हफ्तों तक फैंस के अपने इनाम के बारे में पूछने के बाद सैफ के इस नए वीडियो ने आखिरकार उन्हें वह जवाब दे दिया है, जिसका उन्हें इंतजार था। घी का यह किस्सा शायद अब एक सुखद अंत तक पहुंच गया हो, लेकिन कमेंट्स को देखकर लगता है कि इंटरनेट अभी अपने इस पसंदीदा मजाक को इतनी जल्दी छोड़ने वाला नहीं है।



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Friday, October 23, 2026

Gajab Raat Review: गहरी काली 'गजब रात' में छिपे कई काले राज, मनोज बाजपेई ने थ्रिलर में फूंकी जान

Gajab Raat Review: हम काफी समय से नीरज पांडे की फिल्म जैसी थ्रिलर का इंतजार कर रहे थे। एक ऐसी फिल्म जो एक बहुत ही साधारण सी लगने वाली कहानी से आपको बांध ले और फिर हर नए खुलासे के साथ सस्पेंस को और गहरा करती जाए। रितेश शाह के निर्देशन में बनी फिल्म 'गजब रात' (जिसका पुराना नाम 'घूसखोर पंडित' था) बिल्कुल ऐसा ही अनुभव देती है।

नीरज पांडे द्वारा प्रोड्यूस की गई यह फिल्म एक बेहतरीन मिस्ट्री थ्रिलर है, जो सिर्फ एक रात में घटती है। कहानी तब शुरू होती है जब दिल्ली की सड़कों पर एक अनजान युवती लहूलुहान और बुरी तरह घायल हालत में मिलती है और एक भ्रष्ट पुलिस अधिकारी सरकारी तंत्र की खींचतान में फंस जाता है। मनोज बाजपेयी, नुसरत भरूचा, मेघना अग्रवाल, दिव्या दत्ता, अक्षय ओबेरॉय और अन्य कलाकारों से सजी यह फिल्म चालाकी से भरी है। इसमें बीच-बीच में कॉमेडी भी है। यह शुरू से अंत तक भरपूर मनोरंजन करती है।

फिल्म की कहानी

यह कहानी लगभग पूरी तरह से एक ही रात के दौरान घटती है। इसकी शुरुआत दिल्ली के कनॉट प्लेस के बीचों-बीच एक होटल में की गई छापेमारी से होती है। इस छापेमारी का नेतृत्व अजय निर्वित (मनोज बाजपेयी) करते हैं, जो एक कुख्यात और भ्रष्ट पुलिसकर्मी हैं। दिल्ली पुलिस उन्हें 'गिरगिट' (Chameleon) कहकर बुलाती है। उनके करियर में कई बार सस्पेंशन, डिमोशन और संदिग्ध आचरण देखने को मिले हैं। और हां, उन पर औरतों के पीछे भागने (womaniser होने) का भी आरोप है।

कहानी तब और भी गंभीर हो जाती है, जब फिल्म का सीन एक ऐसी महिला पर आता है, जिसे बेहोश कर दिया गया है और वह कार की पिछली सीट पर लेटी है, जबकि उसके बगल में एक आदमी बैठा है। आधी रात को दिल्ली की लगभग सुनसान सड़कों पर जब यह गाड़ी चुपके-चुपके आगे बढ़ रही होती है तो महिला को कुछ पल के लिए होश आता है। वह दरवाजा खोलती है और चलती कार से बाहर गिर जाती है।

इससे पहले कि वह आदमी या गाड़ी में मौजूद अन्य लोग उसे वापस पकड़ पाते, पास ही चल रही किसी फिल्म स्क्रीनिंग से अचानक लोगों की भीड़ बाहर निकल आती है। खून से लथपथ और मौत से जूझ रही उस महिला को देखकर, भीड़ उसके चारों ओर जमा हो जाती है। लोग तुरंत अपने फोन निकाल लेते हैं। तस्वीरें खींची जाती हैं, वीडियो रिकॉर्ड किए जाते हैं और कुछ ही मिनटों में यह फुटेज सोशल मीडिया पर फैलने लगता है। यह घटना पूरे देश में वायरल हो जाती है, जिससे दिल्ली पुलिस को तुरंत स्थिति को संभालने (डैमेज-कंट्रोल) के लिए हरकत में आना पड़ता है।

होटल में की गई छापेमारी से बाहर निकलते ही, निर्वित को पुलिस स्टेशन से अपने एक भ्रष्ट सीनियर का फोन आता है, जो अपराध में उसका पुराना साथी भी है। वह निर्वित से उस जगह पर जाने को कहता है, जहां महिला कार से गिरी थी। साथ ही वह बड़ी सहजता से यह भी कहता है कि यह मामला निर्वित के लिए एक ऐसा मौका हो सकता है, जिससे वह इतने पैसे कमा ले कि सूरजकुंड में अपना मनपसंद घर खरीद सके।

घटनास्थल पर अजय बुरी तरह घायल और मरणासन्न हालत में पड़ी महिला को अस्पताल ले जाता है और उसकी पहचान पता करने की कोशिश शुरू कर देता है। उसी समय समाज सेविका नेहा प्रभु (जिसका किरदार श्रद्धा दास ने निभाया है) वहां पहुंचती है और जांच में शामिल होने की जिद करती है।

जैसे दो अलग-अलग पक्षों का होना ही काफी नहीं था, तभी एक तीसरा व्यक्ति भी मैदान में आ जाता है। अक्षय ओबेरॉय द्वारा निभाया गया नवीन मधोक किरदार। वह खुद को CBI का अधिकारी बताकर वहां पहुंचता है। यह वही आदमी है जो चलती गाड़ी से महिला के गिरने से कुछ पल पहले उसके बगल में बैठा था। मधोक निर्वित को बताता है कि घायल महिला नतालिया वाडोगोवा नाम की एक रूसी नागरिक है और दावा करता है कि वह एक ड्रग लॉर्ड से जुड़ी जासूस है। वह अजय से यह केस उसे सौंपने के लिए कहता है।

अजय, जो अपनी जिद पर अड़ा रहने वाला इंसान है और शायद स्वभाव से ही किसी ऐसे व्यक्ति पर शक करता है जो उससे केस का कंट्रोल छीनने की कोशिश करे, वह ऐसा करने से मना कर देता है।

'गजब रात' की कहानी इसी छोटे से लगने वाले घटनाक्रम से आगे बढ़ती है। इसमें एक ऐसे अधिकारी की कहानी दिखाई गई है, जिसके नैतिक उसूल काफी संदिग्ध हैं। वह सिस्टम की गहरी सड़ांध के नीचे दबी एक बड़ी साजिश का पर्दाफाश करने की कोशिश करता है। एंड में निर्वित खुद को बचाने का रास्ता चुनता है, अपना फायदा देखता है, या फिर सही काम करता है—यह फैसला फिल्म दर्शकों पर छोड़ देती है।

फिल्म का निर्देशन

दिलचस्प बात यह है कि रितेश शाह ने नीरज पांडे की फिल्म ने कुछ जाना-पहचाना जॉनर को लिया है और उन्हें अपनी कहानी में इस तरह पिरोया है कि फिल्म सिर्फ उनकी नकल बनकर नहीं रह जाती। इसमें अफसरशाही के दांव-पेच हैं, ऐसे अधिकारी हैं, जिनके नैतिक उसूल हालात के हिसाब से बदल जाते हैं, अलग-अलग दफ्तरों के बीच तेजी से होती हलचल है, तनावपूर्ण पलों के बीच छिपे तीखे मजाक हैं। एक ऐसा अहसास है कि हर किरदार जितना बता रहा है, उससे कहीं ज्यादा जानता है। शाह ने इन जानी-पहचानी चीज़ों को अपनी समझ के साथ मिलाया है, जिससे एक आम सी लगने वाली मिस्ट्री फिल्म को एक अलग पहचान मिलती है और इसकी गहराई भी बनी रहती है।

विज़ुअल के मामले में भी 'गजब रात' एक बेहतरीन काम है। कई सीन्स को बहुत खूबसूरती से फिल्माया गया है। भले ही फिल्म का ज्यादातर हिस्सा रात के समय का है, फिर भी स्क्रीन पर सब कुछ साफ और अच्छी तरह से दिखता है। यह सुनने में एक मामूली बात लग सकती है, लेकिन इस तरह की फिल्मों में यह बहुत मायने रखती है, जहां अक्सर 'डार्क' सिनेमैटोग्राफी का मतलब सचमुच का अंधेरा हो जाता है और दर्शकों को 'माहौल' बनाने के नाम पर स्क्रीन को घूरने के लिए मजबूर होना पड़ता है। यहां रात के सीन्स के रंग-ढंग कहानी के रहस्य को और बढ़ाते हैं, बिना कुछ छिपाए।

फिल्म का स्क्रीनप्ले

इसकी स्क्रीनप्ले को बहुत ही बारीकी और सफाई से लिखा गया है। भले ही कहानी कभी-कभी घिसे-पिटे फॉर्मूलों के करीब पहुंचती है, लेकिन इसे जिस तरह से पेश किया गया है वह दर्शकों को बांधे रखता है। फिल्म में कोई भी सीन इतना लंबा नहीं खिंचता कि वह उबाऊ लगने लगे। जानकारी को बहुत सोच-समझकर धीरे-धीरे सामने लाया जाता है, बातचीत के पीछे अक्सर कोई छिपा हुआ मकसद होता है और हर नया घटनाक्रम किरदारों के बारे में हमारी समझ को थोड़ा बदल देता है।

एक्टर्स का काम

अभिनय की बात करें तो मनोज बाजपेयी ने हमेशा की तरह 'अजय निर्वित' के किरदार को बहुत बारीकी और गहराई से निभाया है। उन्होंने पिछले कुछ सालों में कई बार पुलिस वाले का रोल किया है, लेकिन यहां उनके काम करने के तरीके में इतना नयापन है कि यह किरदार बिल्कुल भी पुराना या दोहराया हुआ नहीं लगता। वे निर्वित की चालाकी और भ्रष्टाचार को उतनी ही खूबी से दिखाते हैं, जितनी खूबी से वे उसके दयालु और संवेदनशील पहलू को सामने लाते हैं। उनकी एक तिरछी नजर, एक थका हुआ ठहराव या आवाज में अचानक आया बदलाव ही यह बताने के लिए काफी होता है कि अजय का कौन सा रूप इस समय सामने आया है।

एक और बेहतरीन परफॉरमेंस नुसरत भरूचा की है, जिन्होंने 'रोजी' का किरदार निभाया है। वह एक एस्कॉर्ट है जिसे होटल में हुई रेड के दौरान पकड़ा जाता है, लेकिन अजय उसे इस शर्त पर छोड़ देता है कि वह रात में उससे दोबारा मिल सकेगी। दिलचस्प बात यह है कि मुख्य रहस्य (मिस्ट्री) से रोजी का कोई सीधा लेना-देना नहीं है, फिर भी अजय के साथ उसकी बातचीत फिल्म के सबसे मजेदार हिस्सों में से एक बन जाती है।

दिव्या दत्ता का भी विशेष जिक्र होना चाहिए, जिन्होंने एक बार फिर ऐसे किरदार को अपनाया है जो उनकी आम छवि से बिल्कुल अलग है और उन्होंने इसे पूरी तरह से अपना बना लिया है। श्रद्धा दास, मेघना अग्रवाल, धीरू भोजवानी, सत्येन चतुर्वेदी, अक्षय ओबेरॉय, आलोक पांडे, कीकू शारदा, लीना शर्मा और बाकी सभी कलाकारों ने अपने-अपने किरदारों को बहुत अच्छे से निभाया है।

'गजब रात' यह समझती है कि एक बेहतरीन थ्रिलर के लिए हमेशा किसी बहुत बड़ी साजिश की जरूरत नहीं होती। कभी-कभी बस एक धुंधली रात, एक घायल अजनबी, कुछ ऐसे लोग जिनकी अपनी मजबूरियां या राज हैं और ऐसे परस्पर विरोधी हित काफी होते हैं, जो सच को किसी प्रतिबंधित वस्तु जैसा बना देते हैं। हो सकता है कि हर मोड़ आपको चौंका न दे या हर घटना एकदम नई न लगे, लेकिन फिल्म को यह बखूबी पता है कि कहानी की रफ्तार कैसे बनाए रखनी है। सुबह होने तक 'गजब रात' अपनी बात बहुत असरदार ढंग से कह देती है—एक ऐसे सिस्टम में जहां लगभग हर किसी की एक कीमत है, असली रहस्य यह नहीं है कि कौन भ्रष्ट है, बल्कि यह है कि किसे अभी भी याद है कि लक्ष्मण रेखा कहां खींचनी है। फिल्म को हम 3.5 रोटिंग देते हैं।



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Thursday, October 22, 2026

Market Outlook : लगातार तीसरे सेशन में गिरावट के साथ बंद हुए सेंसेक्स-निफ्टी, जानिए 23 अक्टूबर को कैसी रह सकती है इनकी चाल

Market Outlook : 22 अक्टूबर को भारतीय इक्विटी इंडेक्स लगातार तीसरे कारोबारी सत्र में गिरावट के साथ बंद हुए। निफ्टी 22,700 के नीचे फिसल गया। कारोबार के अंत में सेंसेक्स 460.30 अंक यानी 0.62 प्रतिशत की गिरावट के साथ 73,249.39 पर बंद हुआ और निफ्टी 123.70 अंक यानी 0.54 प्रतिशत की गिरावट के साथ 22,687.65 पर बंद हुआ। आज लगभग 1323 शेयरों में तेजी आई, 2670 शेयरों में गिरावट दर्ज की गई, जबकि 155 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ।

निफ्टी में सबसे ज्यादा गिरावट वाले शेयरों में नेस्ले इंडिया,टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स,एचडीएफसी लाइफ,टेक महिंद्रा और रिलायंस इंडस्ट्रीज शामिल रहे। जबकि तेजी दिखाने वाले शेयरों में बजाज फाइनेंस,सिप्ला,एसबीआई,बजाज ऑटो और आईसीआईसीआई बैंक शामिल रहे।

सभी सेक्टोरल सूचकांक गिरावट के साथ बंद हुए। ऑटो,कंज्यूमर ड्यूरेबल,ऑयल एंड गैस,इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी,एनर्जी और एफएमसीजी (FMCG) सूचकांकों में 0.5 से 1.7 प्रतिशत की गिरावट आई,जबकि मीडिया सूचकांक 2.3 प्रतिशत नीचे आ गया। निफ्टी मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांकों में 1-1 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।

LKP सिक्योरिटीज में टेक्निकल एनालिस्ट वत्सल भुवा का कहना है कि CAS सेशन के बाद निफ्टी अपने 200-WMA के ऊपर बंद होने में कामयाब रहा। हालांकि,ओवरऑल सेंटीमेंट और प्राइस स्ट्रक्चर अभी भी कमजोर बने हुए हैं।

इंडेक्स को अपने 20-DMA के पास भारी बिकवाली का सामना करना पड़ा और यह इस अहम रेजिस्टेंस जोन के ऊपर टिक नहीं पाया। अगर निफ्टी 22,600 और अपने 200-WMA के नीचे बंद होता है तो 'मीन रिवर्जन रैली'के दौरान बनाई गई लॉन्ग पोजीशन की समीक्षा कर लेनी चाहिए।

ऊपर की तरफ, निफ्टी के लिए तत्काल रेजिस्टेंस 22,800 (20-DMA ज़ोन) और 23,000 पर है, जबकि 22,600 एक अहम सपोर्ट बना हुआ है। ऐसे में सतर्क रहकर और लेवल्स को ध्यान में रखकर ट्रेडिंग करने की सलाह होगी।

रेलिगेयर ब्रोकिंग में एसवीपी -रिसर्च अजीत मिश्रा का कहना है कि गुरुवार को बाजार दबाव में रहे और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों तथा बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच लगातार तीसरे सत्र में भी गिरावट दर्ज की गई। निचले स्तर पर खुलने के बाद,इंडेक्स में उतार-चढ़ाव देखने को मिला। निचले स्तरों से बीच-बीच में हुई खरीदारी से केवल थोड़ी ही राहत मिल सकी। नतीजतन, निफ्टी में आधे प्रतिशत से अधिक की गिरावट आई। यह बाजार में बने कमजोर सेंटीमेंट का संकेत है।

सेक्टर के नजरिए से देखें तो बिकवाली काफी व्यापक रही। FMCG, IT और एनर्जी सेक्टर सबसे ज्यादा कमजोर रहे। ब्रॉडर मार्केट्स का प्रदर्शन भी कमजोर बना रहा। मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स में लगभग 1% की गिरावट आई। बाजार के सभी पॉकेट्स में लगातार बनी कमजोरी यह दिखाती है कि निवेशकों में जोखिम लेने को लेकर काफी हिचकिचाहट है और दिग्गज शेयरों के अलावा अन्य शेयरों में भी लगातार बिकवाली का दबाव बना हुआ है।

ग्लोबल और घरेलू मैक्रो इकोनॉमिक दिक्कतों का असर बाजार का मूड खराब किए हुए है । मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के कारण ब्रेंट क्रूड की कीमत बढ़कर 113 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गई है। इससे महंगाई और कॉरपोरेट मार्जिन से जुड़ी चिंताएं बढ़ गई हैं। हाल की घटनाओं ने ब्याज दरों के भविष्य को लेकर अनिश्चितता और बढ़ा दी है, जबकि ग्लोबल स्तर पर मिले-जुले संकेतों और विदेशी फंड की लगातार निकासी ने जोखिम लेने की इच्छा को कमजोर कर दिया है।

इंडेक्स की बात करें तो निफ्टी में लगातार बनी कमजोरी ने इसमें नियर टर्म आउटलुक को और कमजोर कर दिया है। इसके लिए 22,200–22,400 का दायरा एक अहम सपोर्ट जोन बना हुआ है, जबकि 22,900 का स्तर तत्काल रेजिस्टेंस का काम कर सकता है। बाजार के सेंटीमेंट को बेहतर बनाने और एक ठोस रिकवरी का संकेत देने के लिए निफ्टी के इस स्तर के ऊपर टिके रहना होगा। कच्चे तेल की ऊंची कीमतों, भू-राजनीतिक अनिश्चितता और ब्रॉडर मार्केट में लगातार बनी कमजोरी को देखते हुए,निवेशकों को सतर्क रहना चाहिए, चुनिंदा शेयरों में मौकों पर ध्यान देना चाहिए और रिस्क मैनेजमेंट का पालन करना चाहिए।

इक्विरस वेल्थ में मैनेजिंग डायरेक्टर अंकुर पुंज का कहना है कि बाजार में बाहरी कारणों की वजह से गिरावट का दौर जारी रहा। पश्चिम एशिया में संघर्ष बढ़ने से कच्चे तेल की कीमतें 110 डॉलर प्रति बैरल के पार चली गईं, जिसके चलते घरेलू शेयर बाजारों में फिर से बिकवाली का दबाव देखने को मिला। एशियाई और यूरोपीय बाजारों से मिले कमजोर संकेतों और डॉलर के मुकाबले रुपये में आई भारी गिरावट ने बाजार के सेंटीमेंट को और खराब कर दिया। हालांकि अब तक कंपनियों  के नतीजे मिले-जुले रहे हैं, लेकिन कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के कारण महंगाई बढ़ने की चिंता और FIIs की ओर से हो रही लगातार बिकवाली निवेशकों का  रुझान सुरक्षित माने जाने वाले डॉलर एसेट्स की ओर बढ़ा सकती है।

 

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Wednesday, October 21, 2026

Jio Platforms IPO: पहले ही दिन तीन गुना सब्सक्राइब हुआ इश्यू, जानिए लेटेस्ट GMP समेत पूरी डिटेल

Jio Platforms IPO: रिलायंस ग्रुप के Jio Platforms के IPO को पहले ही दिन तगड़ा रिस्पॉन्स मिला। NSE के आंकड़ों के मुताबिक, सुबह 10:36 बजे तक ही इश्यू पूरा सब्सक्राइब हो गया था। यानी निवेशकों ने ऑफर किए गए सभी शेयरों के बराबर बोलियां लगा दी थीं।

क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) की कैटेगरी में सबसे ज्यादा दिलचस्पी दिखी। यह हिस्सा 7.47 गुना सब्सक्राइब हुआ। वहीं, नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) की कैटेगरी में 1.33 गुना बोलियां मिलीं। रिटेल निवेशकों की तरफ से 60% सब्सक्रिप्शन आया था। Jio Platforms का IPO 23 अक्टूबर तक सब्सक्रिप्शन के लिए खुला रहेगा।

NSE के आंकड़ों के मुताबिक, दोपहर 3:12 बजे तक IPO कुल 2.52 गुना सब्सक्राइब हो चुका था। इश्यू में 19.75 करोड़ शेयर ऑफर किए गए हैं। इनके मुकाबले 49.74 करोड़ शेयरों के लिए बोलियां मिल चुकी थीं।

Jio IPO का GMP कितना है?

ग्रे मार्केट में भी Jio Platforms के शेयरों को लेकर अच्छी हलचल दिख रही है। IPO पर नजर रखने वाले प्लेटफॉर्म के मुताबिक, अनिलिस्टेड शेयरों का GMP 24% से ज्यादा था।

Investorgain के अनुसार, शेयरों का ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) ₹273 था। इस हिसाब से संभावित लिस्टिंग गेन करीब 24.4% बैठता है। हालांकि, GMP के आधार पर लिस्टिंग पर होने वाले मुनाफे की गारंटी नहीं मिलती।

बड़े विदेशी और घरेलू निवेशकों ने भी लगाया पैसा

इससे पहले 19 अक्टूबर को कंपनी ने Jio Platforms निवेशकों से ₹8,109.84 करोड़ जुटाए थे। इसमें कुल 212 एंकर निवेशकों ने हिस्सा लिया। एंकर निवेशकों में कई बड़े विदेशी सॉवरेन वेल्थ फंड और पेंशन फंड हैं। इनमें सिंगापुर का GIC, Norges Bank Investment Management, Abu Dhabi Investment Authority, Qatar Investment Authority और PSP Investments शामिल हैं।

घरेलू संस्थागत निवेशकों ने भी इस IPO में पैसा लगाया। इनमें SBI Mutual Fund, ICICI Prudential, HDFC Mutual Fund, Aditya Birla Sun Life, Nippon India और Kotak Mahindra Mutual Fund शामिल हैं।

कितना है प्राइस बैंड और कब होगी लिस्टिंग?

Jio Platforms ने IPO का प्राइस बैंड ₹1,065 से ₹1,119 प्रति शेयर तय किया है। इस इश्यू में अधिकतम 27 करोड़ नए शेयर जारी किए जाएंगे।

शेयरों का अलॉटमेंट 26 अक्टूबर तक फाइनल होने की संभावना है। इसके बाद कंपनी के शेयर 28 अक्टूबर को BSE और NSE पर लिस्ट हो सकते हैं।

Eternal Q2 Results: जोमैटो की पैरेंट कंपनी का मुनाफा 92% बढ़ा, रेवेन्यू ₹24138 करोड़ तक पहुंचा

Disclaimer: मनीकंट्रोल, नेटवर्क18 ग्रुप का हिस्सा है। नेटवर्क18 का नियंत्रण इंडिपेंडेट मीडिया ट्रस्ट करता है, जिसकी एकमात्र लाभार्थी रिलायंस इंडस्ट्रीज है।



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