Thursday, August 13, 2026

7,000mAh बैटरी वाला Realme 16x 5G भारत में बिक्री के लिए उपलब्ध, देखें कीमत और ऑफर

अगर आप नया स्मार्टफोन लेने की सोच रहे हैं, तो Realme का Realme 16x 5G फोन में भारत में अब खरीदने के लिए उपलब्ध है। इस हैंडसेट में MediaTek Dimensity 6300 चिपसेट, 6.8-इंच की डिस्प्ले, 50MP रियर कैमरा और 8MP सेल्फी कैमरा दिया गया है। इसके अलावा, Realme 16x 5G में 7,000mAh की बैटरी दी गई है, जो 45W फास्ट चार्जिंग को सपोर्ट करती है।

Realme 16x 5G की भारत में कीमत और ऑफर

भारत में Realme 16x 5G के बेस वेरिएंट (4GB RAM और 128GB स्टोरेज) की कीमत ₹25,999 से शुरू होती है। जबकि यह 6GB + 128GB और 6GB + 256GB RAM और स्टोरेज कॉन्फ़िगरेशन में भी उपलब्ध है, जिनकी कीमत क्रमशः ₹27,999 और ₹30,999 है।

बता दें कि Realme 16x 5G को Endurance Brown और Glory White कलर ऑप्शन में लॉन्च किया गया है। इसे Flipkart और Realme India की वेबसाइट के जरिए खरीदा जा सकता है।

Realme 16x 5G पर मिल रहे ऑफर्स

पहली सेल के तहत, ग्राहक ₹2,000 की सीधी छूट का फायदा उठा सकते हैं। इससे तीनों वेरिएंट की असल कीमत घटकर क्रमशः ₹23,999, ₹25,999 और ₹28,999 हो जाती है। इसके अलावा, खरीदार क्रेडिट कार्ड EMI ट्रांजैक्शन पर ₹1,000 की छूट या ₹3,000 तक का एक्सचेंज ऑफर भी पा सकते हैं।

इसके साथ ही, कंपनी उन लोगों को 10 महीने तक की नो-कॉस्ट EMI की सुविधा दे रहा है, जो स्मार्टफोन की पूरी कीमत एक बार में नहीं चुकाना चाहते।

Realme 16x 5G के फीचर्स और स्पेसिफिकेशन्स

डुअल-सिम (नैनो) वाला Realme 16x 5G, Android 16 पर आधारित Realme UI 7.0 पर चलता है। इसमें 6.8-इंच की HD+ (720x1,570 पिक्सल) LCD स्क्रीन है, जिसका रिफ्रेश रेट 144Hz तक, टच सैंपलिंग रेट 180Hz और ब्राइटनेस 1200 निट्स (HBM) तक है।

इस हैंडसेट में MediaTek Dimensity 6300 चिपसेट दिया गया है, साथ ही इसमें 6GB तक RAM और 256GB तक ऑनबोर्ड स्टोरेज मिलती है। Realme ने इसमें 5,300 sq mm का AirFlow वेपर चैंबर कूलिंग सिस्टम और GT Boost गेमिंग ऑप्टिमाइजेशन इंजन भी दिया है।

कैमरे की बात करें तो Realme 16x 5G में f/1.8 अपर्चर वाला 50MP का रियर कैमरा है। इसमें सेल्फी और वीडियो कॉल के लिए f/2.0 अपर्चर वाला 8MP का फ्रंट कैमरा भी दिया गया है।

इसके अलावा, इस हैंडसेट में कनेक्टिविटी के लिए Wi-Fi, 5G, Bluetooth 5.3 और USB Type-C पोर्ट जैसे ऑप्शन मिलते हैं। पावर की बात करें तो, Realme 16x 5G में 7,000mAh की बैटरी है दी गई है, जो 45W फास्ट चार्जिंग, बायपास चार्जिंग और रिवर्स चार्जिंग को सपोर्ट करती है। इसका साइज 166.47 x 78.23 x 8.88mm और वजन 217g है।

यह भी पढ़ें: Pova 8 Pro 5G की लॉन्च डेट कन्फर्म, 4,500 निट्स ब्राइटनेस और 6,500mAh बैटरी से होगा लैस



from HindiMoneycontrol Top Headlines https://ift.tt/AiZ5EKz
via

कल का मौसम: 14 अगस्त को इन राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट! छत्तीसगढ़, हिमाचल, उत्तराखंड, UP और दिल्ली में बरसेगी आफत

IMD Heavy Rain Alert: देश के बड़े हिस्से में मानसूनी हवाएं एक बार फिर प्रचंड रूप धारण करने जा रही हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा 14 अगस्त के लिए जारी मौसम पूर्वानुमान बुलेटिन के मुताबिक देश के अलग अलग हिस्सों में मध्यम से अत्यधिक भारी बारिश होने की आशंका है। मानसून के इस उग्र रुख के चलते मध्य भारत, पहाड़ी इलाकों और उत्तर भारत के मैदानी क्षेत्रों में जनजीवन प्रभावित हो सकता है। मौसम विभाग ने कई राज्यों में भारी बारिश के साथ-साथ तेज आंधी-तूफान, बिजली गिरने और हवाओं के चलने का अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग ने लोगों को मौसम के झटकों से सतर्क रहने की सलाह दी है।

छत्तीसगढ़ में अत्यंत भारी बारिश का रेड अलर्ट, पूर्वी राज्यों में बहुत भारी वर्षा

मौसम विभाग के मुताबिक 14 अगस्त को सबसे अधिक मौसमी हलचल छत्तीसगढ़ में देखने को मिलेगी। छत्तीसगढ़ के अलग-अलग जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश के साथ अत्यंत भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। इसके अलावा गांगेय पश्चिम बंगाल, झारखंड और ओडिशा में भी बारिश का प्रकोप रहेगा। इन राज्यों के छिटपुट इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इससे तटीय और निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति देखने को मिल सकती है।

पहाड़ों से लेकर दिल्ली-NCR और यूपी तक मूसलाधार बारिश की संभावना

उत्तर-पश्चिम भारत के पहाड़ी और मैदानी राज्यों में भी बादलों का जमघट लगा रहेगा। पहाड़ी क्षेत्रों की बात करें तो हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में अलग अलग जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने का पूर्वानुमान है। जम्मू-कश्मीर, लद्दाख के छिटपुट स्थानों पर भी भारी बारिश दर्ज की जा सकती है।

इसके अलावा मैदानी इलाकों में दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब में झमाझम बारिश होगी। उत्तर प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इसके साथ ही पूर्वी राजस्थान में भी 14 अगस्त को मूसलाधार बारिश का दौर देखने को मिलेगा।

मध्य, पश्चिम और दक्षिण भारत में मौसम का मिजाज

मध्य भारत और पश्चिमी तटों पर भी मानसूनी गतिविधियां पूरी तरह से सक्रिय रहेंगी। मध्य प्रदेश, विदर्भ और मध्य महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है। कोंकण और गोवा के तटीय क्षेत्रों में भारी बारिश होने का अनुमान है। दक्षिण भारत में केरल और माहे के साथ-साथ तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराइकल के अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई गई है।

पूर्वोत्तर भारत और उप-हिमालयी क्षेत्रों में बादलों की गड़गड़ाहट

पूर्वोत्तर के राज्यों में मानसूनी बारिश का सिलसिला लगातार जारी रहेगा। अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा के अलग अलग क्षेत्रों में भारी बारिश होने का पूर्वानुमान है। इसके अलावा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी बादलों के जमकर बरसने के आसार बने हुए हैं।

आंधी-तूफान, बिजली गिरने और तेज तूफानी हवाओं की चेतावनी

मौसम विभाग ने बारिश के साथ-साथ कई राज्यों में आकाशीय बिजली और तेज हवाएं चलने का भी अलर्ट जारी किया है। अंडमान व निकोबार द्वीप समूह, आंध्र प्रदेश, गांगेय पश्चिम बंगाल, आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु, पुडुचेरी एवं कराइकल में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तूफानी हवाओं और गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की संभावना है।

JGSHK

तटीय कर्नाटक, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, झारखंड, केरल व माहे, लक्षद्वीप, मध्य प्रदेश, ओडिशा, राजस्थान, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल व सिक्किम और तेलंगाना में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और आंधी-तूफान के साथ बिजली चमकने का अनुमान है।

ये भी पढ़ें- IMD Rain Alert: बंगाल की खाड़ी का डिप्रेशन बना आफत! दिल्ली-NCR से यूपी-बिहार तक इन राज्यों में मूसलाधार बारिश का अलर्ट, 19 अगस्त तक ऐसा मौसम

इसके अलावा अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, बिहार, छत्तीसगढ़, गुजरात राज्य, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और विदर्भ में अलग-अलग जगहों पर गरज-चमक और बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है। आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल व माहे, लक्षद्वीप और तेलंगाना के कुछ इलाकों में दिन भर तेज सतही हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।



from HindiMoneycontrol Top Headlines https://ift.tt/KTEvA4N
via

Wednesday, August 12, 2026

Lenskart Q1 Results: आईवियर कंपनी का मुनाफा 270% बढ़ा, रेवेन्यू ₹2714 करोड़ पहुंचा

Lenskart Q1 Results: आईवियर कंपनी Lenskart Solutions ने वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में शानदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर करीब 270% बढ़कर ₹222 करोड़ हो गया। पिछले साल की इसी तिमाही में मुनाफा ₹60 करोड़ था।

कंपनी का रेवेन्यू भी 43.3% बढ़कर ₹2,714.2 करोड़ पहुंच गया। पिछले साल यह ₹1,894.5 करोड़ था। EBITDA 75.1% बढ़कर ₹588.5 करोड़ रहा। EBITDA मार्जिन भी 17.7% से बढ़कर 21.7% हो गया।

मार्जिन में भी बड़ा सुधार

Lenskart का PAT मार्जिन 4% से बढ़कर 8.4% हो गया। वहीं, कंसोलिडेटेड प्रोडक्ट मार्जिन पहली बार 70% के पार पहुंचा। यह 70.3% रहा, जो पिछले साल 68.7% था।

भारत में प्रोडक्ट मार्जिन 63.4% से बढ़कर 64.2% हुआ। कंपनी ने बताया कि इन-हाउस मैन्युफैक्चरिंग और प्रीमियम प्रोडक्ट्स की बढ़ती बिक्री से इसे मदद मिली।

भारत में स्टोर और बिक्री दोनों बढ़े

भारत में समान स्टोर बिक्री यानी SSSG 18.3% रही। वहीं, प्रति स्टोर बिक्री 24.3% बढ़ी। कंपनी ने पहली तिमाही में 132 नए स्टोर जोड़े। इनमें 116 स्टोर भारत में खुले।

इसके साथ कंपनी के कुल एक्टिव स्टोर की संख्या 3,459 हो गई। भारत में कंपनी ने 50 नए शहरों में भी एंट्री की। खास बात यह है कि 83 नए स्टोर Tier-2 और उससे आगे के शहरों में खोले गए। Lenskart Gold के एक्टिव मेंबर्स की संख्या 93.5 लाख पहुंच गई। Gold सब्सक्रिप्शन फीस से रेवेन्यू 57.4% बढ़कर ₹66 करोड़ हो गया।

आंखों की जांच भी बढ़ी

तिमाही में लेंसकार्ट ने करीब 70 लाख आई टेस्ट किए। इसमें सालाना आधार पर 39.8% की बढ़ोतरी हुई। भारत में आई टेस्ट 42.7% बढ़कर करीब 60 लाख रहे। इनमें लगभग आधे लोगों की पहली बार आंखों की जांच हुई।

कंपनी की कुल आईवियर बिक्री की मात्रा 25.7% बढ़ी। भारत में औसत बिक्री कीमत 6.4% बढ़कर ₹1,856 हो गई।

इंटरनेशनल कारोबार में 38% ग्रोथ

अंतरराष्ट्रीय कारोबार का रेवेन्यू 38% बढ़कर ₹1,203 करोड़ रहा। जापान, दक्षिण-पूर्व एशिया और मिडिल ईस्ट जैसे बाजारों से कंपनी को अच्छी ग्रोथ मिली।

अंतरराष्ट्रीय कारोबार में आईवियर वॉल्यूम 37.6% बढ़ा। ट्रांजैक्टिंग कस्टमर अकाउंट 27.8% बढ़े। वहीं, आई टेस्ट 20.5% बढ़े।

चीन की कंपनी में हिस्सेदारी बढ़ाएगी

Lenskart ने चीन की ज्वाइंट वेंचर कंपनी Framekart में अपनी हिस्सेदारी 51% से बढ़ाकर 70% करने को मंजूरी दी है। इस सौदे पर करीब ₹10.6 करोड़ खर्च होंगे।

Framekart Lenskart ग्रुप की आईवियर जरूरतों का 30% से ज्यादा उत्पादन करती है। हिस्सेदारी बढ़ने से Lenskart को मैन्युफैक्चरिंग और सप्लाई चेन पर ज्यादा नियंत्रण मिलेगा। कंपनी ने दक्षिण कोरिया में OWNDAYS Korea शुरू करने और चीन में एक नई सब्सिडियरी बनाने को भी मंजूरी दी है।

Lenskart के शेयरों का हाल

12 अगस्त को Lenskart का शेयर 0.71% गिरकर ₹585 पर बंद हुआ। पिछले 6 महीने में स्टॉक 14.04% बढ़ा है। एक साल में इसने 45.13% का रिटर्न दिया है। कंपनी का मार्केट कैप 1.02 लाख करोड़ रुपये है।

Tata Motors CV Q1 Results: टाटा की कंपनी को ₹2560 करोड़ मुनाफा, रेवेन्यू भी 20% उछला

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।



from HindiMoneycontrol Top Headlines https://ift.tt/BqvVhIK
via

Tuesday, August 11, 2026

RVNL Q1 Results: सरकारी रेल कंपनी का मुनाफा 18.5% बढ़ा, EBITDA में जोरदार उछाल

RVNL Q1 Results: सरकारी रेल इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी Rail Vikas Nigam Ltd (RVNL) का जून तिमाही प्रदर्शन अच्छा रहा। कंपनी का कंसोलिडेटेड मुनाफा सालाना आधार पर 18.5% बढ़कर 159.36 करोड़ रुपये हो गया। पिछले साल इसी तिमाही में यह 134.53 करोड़ रुपये था।

कंपनी का ऑपरेशंस से रेवेन्यू 10.5% बढ़कर 4,321 करोड़ रुपये रहा। एक साल पहले यह 3,909 करोड़ रुपये था। EBITDA में काफी तेज बढ़त हुई। यह 56 करोड़ रुपये यानी करीब 231% बढ़कर 185.4 करोड़ रुपये हो गया। EBITDA मार्जिन भी 1.43% से बढ़कर 4.3% पहुंच गया।

तिमाही आधार पर प्रदर्शन कमजोर

हालांकि, मार्च तिमाही के मुकाबले RVNL का प्रदर्शन कमजोर रहा। जून तिमाही में मुनाफा 14.8% घटकर 159.36 करोड़ रुपये रहा। मार्च तिमाही में यह 187.07 करोड़ रुपये था।

ऑपरेशंस से रेवेन्यू भी तिमाही आधार पर 35.5% घटकर 4,321 करोड़ रुपये रह गया। मार्च तिमाही में यह 6,695.91 करोड़ रुपये था। कुल आय भी 6,780.89 करोड़ रुपये से घटकर 4,462.29 करोड़ रुपये रही।

₹358.97 करोड़ का रेलवे प्रोजेक्ट

RVNL ने 20 जुलाई को बताया था कि वह ईस्ट सेंट्रल रेलवे के 358.97 करोड़ रुपये के EPC कॉन्ट्रैक्ट में सबसे कम बोली लगाने वाली कंपनी रही है। यह प्रोजेक्ट बिहार में रेल लाइन को डबल करने से जुड़ा है।

इसके तहत सीतामढ़ी-रक्सौल रेल लाइन के 41.04 किलोमीटर हिस्से में डबलिंग का काम होगा। इसमें पुल, स्टेशन, प्लेटफॉर्म, लेवल क्रॉसिंग और दूसरे निर्माण कार्य शामिल हैं।

₹99,262 करोड़ की ऑर्डर बुक

RVNL की ऑर्डर बुक 1 अगस्त 2026 तक 99,262 करोड़ रुपये थी। वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी का टर्नओवर 20,012.26 करोड़ रुपये रहा। RVNL अब तक 158 से ज्यादा प्रोजेक्ट पूरे कर चुकी है।

RVNL शेयर का हाल

मंगलवार को RVNL का शेयर 0.63% गिरकर 229.23 रुपये पर बंद हुआ। इस साल अब तक शेयर 35.62% गिर चुका है। पिछले एक साल में भी इसमें 32.85% की गिरावट आई है। हालांकि, तीन साल में शेयर ने 82.39% रिटर्न दिया है।

Balrampur Chini Q1 Results: चीनी कंपनी का मुनाफा 14% घटा, रेवेन्यू बढ़ा;

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।



from HindiMoneycontrol Top Headlines https://ift.tt/VdcIyg4
via

Monday, August 10, 2026

टाटा ग्रुप की TCS ने डेटा लीक की खबरों को खारिज किया, कहा- सिस्टम में सेंध के कोई सबूत नहीं

TCS Data Breach: देश की सबसे बड़ी आईटी सर्विसेज कंपनी Tata Consultancy Services (TCS) ने कर्मचारियों का डेटा लीक होने की खबरों पर सफाई दी है। कंपनी ने कहा कि उसे कुछ थ्रेट इंटेलिजेंस अलर्ट मिले थे, जिनमें कुछ कर्मचारियों की जानकारी लीक होने का दावा किया गया था। हालांकि, जांच में TCS के सिस्टम या ग्राहकों के सिस्टम में किसी तरह की सेंध के कोई भरोसेमंद सबूत नहीं मिले।

चार साल से ज्यादा पुराना डेटा बताया

TCS ने स्टॉक एक्सचेंज को दी जानकारी में कहा कि जिस डेटा का दावा किया जा रहा है, वह चार साल से भी ज्यादा पुराना है। इसमें सिर्फ कर्मचारियों की सामान्य जानकारी शामिल है। कंपनी ने साफ कहा कि ग्राहकों का डेटा, उनके सिस्टम या TCS के ऑपरेशनल सिस्टम पर कोई असर नहीं पड़ा है।

हमलावर ने क्या दावा किया?

टाटा ग्रुप की इस आईटी कंपनी के मुताबिक, हमलावर ने दावा किया है कि उसने Password Spray और Multi-Factor Authentication (MFA) Fatigue तकनीक का इस्तेमाल किया।

TCS ने कहा कि इन दोनों तरह के साइबर हमलों से बचाव के इंतजाम कंपनी दो साल से भी ज्यादा समय पहले लागू कर चुकी है। मौजूदा समीक्षा में भी ये सुरक्षा उपाय प्रभावी पाए गए हैं।

निगरानी जारी रहेगी

TCS ने कहा कि वह अपने सिस्टम की लगातार निगरानी कर रही है। अगर भविष्य में कोई नई जानकारी सामने आती है, तो उसके आधार पर जरूरी कदम उठाए जाएंगे। कंपनी ने कहा कि कंपनी अपने सिस्टम की सुरक्षा और ग्राहकों की जानकारी की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

सोमवार को TCS का शेयर 0.80% गिरकर 2,434 रुपये पर बंद हुआ। पिछले 1 महीने में स्टॉक 17.52% उछला है।

Market Outlook: सपाट बंद हुआ बाजार, जानिए 11 अगस्त को कैसी रह सकती है सेंसेक्स-निफ्टी की चाल

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।



from HindiMoneycontrol Top Headlines https://ift.tt/z5iPTuV
via

Sunday, August 9, 2026

'खामोशी द म्यूजिकल' के 30 साल हुए पूरे, इन 7 वजहों से संजय लीला भंसाली की फिल्म बनीं क्लासिक

रिलीज के तीन दशक बाद भी, खामोशी द म्यूजिकल को इंडियन सिनेमा की सबसे दिल को छूने वाली और इमोशनल फिल्मों में से एक के तौर पर याद किया जाता है। सिर्फ़ एक क्रिटिक्स द्वारा सराही गई ड्रामा से कहीं ज़्यादा, यह संजय लीला भंसाली का डायरेक्टोरियल डेब्यू था, जिसने दर्शकों को एक ऐसे फिल्ममेकर से मिलवाया, जिसका कहानी कहने का पैशन इंडियन सिनेमा को फिर से डिफाइन करेगा। आज भी, यह फिल्म अनगिनत कारणों से पसंदीदा बनी हुई है।

1. इसने दुनिया को संजय लीला भंसाली के सिनेमैटिक विज़न से इंट्रोड्यूस कराया

खामोशी: द म्यूजिकल भंसाली की ज़बरदस्त कहानी कहने की कला की पहली झलक थी। इमोशन, म्यूजिक और शानदार विजुअल्स को मिलाने की उनकी काबिलियत उनकी पहली ही फिल्म से साफ़ थी, जिसने एक ऐसे फिल्ममेकिंग स्टाइल की नींव रखी जो बाद में आइकॉनिक बन गया।

2. एक कहानी जो आज भी टाइमलेस लगती है

असल में, खामोशी परिवार, प्यार, त्याग और हिम्मत के बारे में एक दिल को छू लेने वाली कहानी है। एक सुनने वाली बेटी और उसके बहरे-गूंगे माता-पिता के बीच के रिश्ते को ईमानदारी और दया के साथ दिखाकर, भंसाली ने एक ऐसी फिल्म बनाई जिसके इमोशन पीढ़ियों तक गूंजते रहेंगे।

3. म्यूज़िक जो एक इमोशनल भाषा बन गया

संजय लीला भंसाली के लिए, म्यूज़िक हमेशा मनोरंजन से कहीं ज़्यादा रहा है, यह कहानी कहने का ज़रिया है। खामोशी ने इस सोच को खूबसूरती से दिखाया, हर गाने ने कहानी को बेहतर बनाया और किरदारों के इमोशन को बढ़ाया। तीन दशक बाद भी, इसका साउंडट्रैक यादगार है।

4. भंसाली के सिग्नेचर विज़ुअल स्टाइल का जन्म

दर्शकों के देवदास या बाजीराव मस्तानी की शान देखने से पहले ही, खामोशी ने भंसाली की हर छोटी-बड़ी बात पर नज़र रखने की कला दिखाई। हर फ्रेम, हर रंग और हर कंपोज़िशन में वह विज़ुअल खूबसूरती झलकती थी जो बाद में उनका ट्रेडमार्क बन गई।

5. परफॉर्मेंस जो हमेशा असर छोड़ती हैं

भंसाली की अपनी कास्ट से गहरी इमोशनल परफॉर्मेंस निकलवाने की काबिलियत शुरू से ही साफ़ थी। फिल्म के किरदार अपनी असलियत, कमज़ोरी और इमोशनल गहराई की वजह से यादगार बने रहते हैं, जिससे खामोशी परफॉर्मेंस पर आधारित कहानी कहने के लिए एक बेंचमार्क बन जाती है।

6. अपने समय से आगे की फिल्म

इनक्लूसिविटी के बारे में बातचीत आम होने से बहुत पहले, खामोशी ने दिव्यांग किरदारों को अपनी कहानी के केंद्र में गरिमा, हमदर्दी और संवेदनशीलता के साथ रखा। भंसाली ने इस विषय को परंपरा के बजाय दया के साथ लिया, जिससे यह फिल्म आज भी उतनी ही रेलिवेंट है जितनी तीन दशक पहले थी।

7. एक असाधारण विरासत की शुरुआत

आज पीछे मुड़कर देखें तो, खामोशी: द म्यूजिकल एक शानदार डेब्यू से कहीं ज़्यादा है, यह भारत के सबसे महान फिल्ममेकर्स में से एक के जन्म की निशानी है। इस फ़िल्म ने संजय लीला भंसाली के शानदार सफ़र का रास्ता बनाया, जिसमें उन्होंने हम दिल दे चुके सनम, देवदास, ब्लैक, गोलियों की रासलीला राम-लीला, बाजीराव मस्तानी, पद्मावत, गंगूबाई काठियावाड़ी और हीरामंडी: द डायमंड बाज़ार जैसी फ़िल्में कीं। इन सालों में, भंसाली ने सात नेशनल फ़िल्म अवॉर्ड, कई फ़िल्मफ़ेयर अवॉर्ड, पद्म श्री, एक BAFTA अवॉर्ड नॉमिनेशन जीता है, और रिपब्लिक डे पर एक झांकी, भारत गाथा डिज़ाइन करने वाले पहले फ़िल्ममेकर बने, जो भारतीय सिनेमा के कर्तव्य पथ पर सफ़र का जश्न मनाती है, जिससे भारत के सबसे महान सिनेमाई दूरदर्शी लोगों में से एक के रूप में उनकी जगह और पक्की हो गई।

तीस साल बाद, खामोशी: द म्यूज़िकल सिर्फ़ एक पसंदीदा फ़िल्म नहीं है, बल्कि यह संजय लीला भंसाली की असाधारण विरासत की नींव है। जैसे-जैसे दर्शक उनकी अगली फ़िल्म, लव एंड वॉर का बेसब्री से इंतज़ार कर रहे हैं, यह इंतज़ार ही उस भरोसे और तारीफ़ का सबूत है जो भंसाली ने तीन दशकों में बनाया है। अगर खामोशी ने एक जीनियस के जन्म को दिखाया, तो लव एंड वॉर एक ऐसे फिल्ममेकर के शानदार सफ़र में एक और मील का पत्थर साबित होगी, जो इंडियन सिनेमा का भविष्य बना रहा है।



from HindiMoneycontrol Top Headlines https://ift.tt/JdeGZmC
via

Saturday, August 8, 2026

कश्मीरी पंडितों को फिर आतंकी धमकी! LeT से जुड़े टेरर ग्रुप ने जारी की हिट लिस्ट, घाटी के बाहर भी हमले की चेतावनी

लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े एक आतंकी संगठन ने कश्मीरी पंडित सरकारी कर्मचारियों को धमकी दी है। सीएनएन-न्यूज18 के मनोज गुप्ता की रिपोर्ट के मुताबिक, संगठन ने एक नया धमकी भरा नोट जारी किया है, जिसमें कुछ कर्मचारियों की निजी जानकारी साझा की गई है। साथ ही, कश्मीर घाटी और जम्मू में उन्हें निशाना बनाकर हमले करने की चेतावनी दी गई है। यूनाइटेड लिबरेशन काउंसिल यानी यूएलसी को भारतीय खुफिया एजेंसियां लश्कर-ए-तैयबा का एक छद्म संगठन मानती हैं। यूएलसी ने कश्मीरी पंडित अधिकारियों की एक कथित ‘हिट लिस्ट’ जारी की है। इसमें छह सरकारी कर्मचारियों के नाम और फोन नंबर शामिल हैं।

यह धमकी खास तौर पर उन कश्मीरी पंडित कर्मचारियों को दी गई है, जो सरकारी रोजगार योजनाओं के तहत काम कर रहे हैं। संगठन ने यह भी धमकी दी है कि अगर आतंकियों और उनके समर्थकों की संपत्तियों को जब्त या कुर्क किया गया, तो सुरक्षा बलों और प्रशासन के खिलाफ कड़ी जवाबी कार्रवाई की जाएगी।

‘हिट लिस्ट’ में कश्मीरी पंडित कर्मचारी

धमकी भरे नोट में दावा किया गया है कि संगठन सरकारी विभागों पर नजर रख रहा है। इनमें खास तौर पर राजस्व विभाग शामिल है, जहां सरकारी पैकेज के तहत कई कश्मीरी पंडित कर्मचारी तैनात हैं। नोट में छह कश्मीरी पंडित सरकारी कर्मचारियों के नाम और फोन नंबर भी दिए गए हैं। खुफिया सूत्रों के मुताबिक, इस तरह निजी जानकारी सार्वजनिक करने का मकसद कर्मचारियों में डर पैदा करना और उन्हें संभावित टारगेट के रूप में पहचानना हो सकता है। हालांकि, सीएनएन-न्यूज18 ने सुरक्षा कारणों से धमकी में शामिल कर्मचारियों के नाम और उनके संपर्क नंबर सार्वजनिक नहीं किए हैं।

घाटी से जम्मू जाने पर भी हमले की धमकी

संगठन ने कश्मीरी पंडित कर्मचारियों को चेतावनी दी है कि अगर वे कश्मीर घाटी से जम्मू चले भी जाते हैं, तो वे पूरी तरह सुरक्षित नहीं होंगे। धमकी में कहा गया है कि उन्हें कश्मीर के बाहर भी निशाना बनाया जा सकता है। संगठन ने प्रवासी कश्मीरी पंडित कर्मचारियों के लिए दी जा रही प्रशासनिक सुविधाओं का भी विरोध किया है। इनमें घर से काम करने और दूर रहकर काम करने जैसी व्यवस्थाएं शामिल हैं। संगठन ने ऐसी सुविधाएं जारी रखने पर भी धमकी दी है।

एलजी, डीजीपी और केंद्र को खुली चेतावनी

धमकी भरे नोट में जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल (एलजी), पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) और दिल्ली में मौजूद अधिकारियों को भी चेतावनी दी गई है। संगठन ने दावा किया है कि भविष्य में होने वाले हमलों के दौरान वह लोगों के बीच किसी तरह का भेदभाव नहीं करेगा। नोट के एक अन्य हिस्से में स्थानीय पुलिस को लेकर भी धमकी दी गई है। इसमें दावा किया गया है कि 90 प्रतिशत से ज्यादा स्थानीय पुलिसकर्मी स्थानीय इलाकों में ही रहते और आते-जाते हैं। संगठन ने इसी आधार पर पुलिसकर्मियों पर कहीं भी और कभी भी हमले का खतरा बताया है।

लश्कर ‘शैडो फ्रंट’ के जरिए करता है काम: खुफिया सूत्र

भारत के वरिष्ठ खुफिया सूत्रों ने सीएनएन-न्यूज18 को बताया कि लश्कर-ए-तैयबा जैसे आतंकी संगठन कई बार अलग-अलग नामों से बने ‘शैडो फ्रंट’ के जरिए काम करते हैं। इनमें द रेजिस्टेंस फ्रंट (टीआरएफ), यूनाइटेड लिबरेशन काउंसिल (यूएलसी) और पीपुल्स एंटी-फासिस्ट फ्रंट (पीएएफएफ) जैसे नाम शामिल हैं। सूत्रों के मुताबिक, इन संगठनों का इस्तेमाल खास तौर पर आम लोगों और धार्मिक समुदायों के खिलाफ होने वाले हमलों की जिम्मेदारी लेने के लिए किया जाता है। इसका उद्देश्य इन हमलों को पाकिस्तान समर्थित आतंकवाद के बजाय किसी स्थानीय और धर्मनिरपेक्ष प्रतिरोध के रूप में पेश करना हो सकता है। खुफिया सूत्रों का कहना है कि ऐसे प्रॉक्सी संगठनों के जरिए आतंकी संगठन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर होने वाली जांच और आतंकवाद के खिलाफ लगाए गए प्रतिबंधों से बचने की कोशिश भी करते हैं। इनमें फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) की निगरानी और अन्य अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध शामिल हैं।

कर्मचारियों का डेटा जारी करना सोची-समझी साजिश

खुफिया जानकारी के मुताबिक, प्रधानमंत्री पुनर्वास पैकेज के तहत भर्ती किए गए कर्मचारियों के नाम, फोन नंबर और उनकी तैनाती की जगहों की जानकारी सार्वजनिक करना एक सोची-समझी रणनीति हो सकती है। सुरक्षा एजेंसियों को आशंका है कि इस जानकारी का इस्तेमाल इन कर्मचारियों को डराने या उन्हें निशाना बनाने के लिए किया जा सकता है। सुरक्षा एजेंसियों ने यह भी पाया है कि ‘हाइब्रिड आतंकियों’ द्वारा की जाने वाली लक्षित हत्याओं में छोटे और आसानी से छिपाए जा सकने वाले हथियारों का इस्तेमाल बढ़ रहा है। इनमें पिस्तौल और रिवॉल्वर जैसे हथियार शामिल हैं। खुफिया सूत्रों के मुताबिक, हाइब्रिड आतंकी ऐसे लोग होते हैं जो सामान्य नागरिकों की तरह अपनी नौकरी और रोजमर्रा की जिंदगी जीते हैं, लेकिन जरूरत पड़ने पर आतंकी गतिविधियों को अंजाम देते हैं। ऐसे लोगों का इस्तेमाल खास लोगों को निशाना बनाने के लिए किया जा सकता है।

सरकारी कर्मचारियों की सुरक्षा बढ़ाई गई

सरकारी कर्मचारियों को मिल रही धमकियों और आतंकवादियों की मदद करने वालों की संपत्ति जब्त किए जाने के बाद सामने आई धमकियों को देखते हुए सुरक्षा बलों ने प्रवासी कर्मचारियों की सुरक्षा बढ़ा दी है। उनके रहने की जगहों के आसपास निगरानी भी बढ़ा दी गई है। सुरक्षा एजेंसियां कर्मचारियों की सुरक्षित आवाजाही के लिए सुरक्षित रास्ते तय कर रही हैं। इसके साथ ही, कर्मचारियों की निजी जानकारी ऑनलाइन साझा करने वाले आतंकी गुटों के खिलाफ खुफिया जानकारी के आधार पर अभियान भी तेज किए गए हैं। इन अभियानों का मकसद ऐसे आतंकी नेटवर्क और उनके मददगारों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई करना है।



from HindiMoneycontrol Top Headlines https://ift.tt/8AxUWj9
via