Tuesday, June 3, 2025

Snake Bite: क्या सच में कोई पौधा 5 मिनट में मिटा सकता है सांप का जहर? नाम जानकर रह जाएंगे हैरान

मानसून के आगमन से जहां हवा में ठंडक और ताजगी का अहसास होता है, वहीं ये मौसम अपने साथ कई छुपी हुई चुनौतियां भी लेकर आता है। खासकर सांपों की सक्रियता इस समय चरम सीमा पर पहुंच जाती है। ये सांप न केवल झाड़ियों और नमी वाले इलाकों में छिपते हैं, बल्कि सुरक्षित जगह की तलाश में अक्सर घरों के आसपास भी दिखने लगते हैं। बारिश के कारण उनका प्राकृतिक आवास भी प्रभावित होता है, जिससे वे इंसानी आबादी के करीब आने को मजबूर हो जाते हैं। इस वजह से मानसून में सांपों के काटने की घटनाएं बढ़ जाती हैं, जो जानलेवा साबित हो सकती हैं।

इस मौसम में सावधानी न बरती जाए तो सांप के संपर्क में आने का खतरा बढ़ जाता है, इसलिए मानसून में सुरक्षा के उपाय अपनाना अत्यंत आवश्यक हो जाता है।

सांप हमला क्यों करता है?

अक्सर देखा गया है कि लोग सांप को देखकर डर के मारे होश खो बैठते हैं। लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि सांप बिना वजह किसी पर हमला नहीं करता। जब उसे खतरा महसूस होता है या गलती से कोई उसकी ओर बढ़ता है, तब वो आक्रामक हो जाता है और काट लेता है। उसके ज़हर से हर साल हजारों लोग अपनी जान गंवा देते हैं।

समस्या के बीच उम्मीद की एक किरण

अगर किसी को जहरीले सांप ने काट लिया, तो तुरंत मेडिकल इलाज न मिले तो स्थिति जानलेवा हो सकती है। हालांकि, आयुर्वेद में कुछ ऐसी जड़ी-बूटियों का वर्णन है जो विष के प्रभाव को कम करने में सहायक हो सकती हैं। इनमें से एक है ककोड़ा या कांकरोल का पौधा।

ककोड़ा

ककोड़ा, जिसे कंटोला, कतराल या स्पाइनी चार्ड भी कहा जाता है, एक कांटेदार बेल होती है जो अधिकतर गर्म और नमी वाले क्षेत्रों में उगती है। ये पौधा आमतौर पर सब्जी के रूप में प्रयोग में लाया जाता है, लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि इसके पत्तों, फलों और जड़ों में शक्तिशाली औषधीय गुण होते हैं।

ककोड़ा का विषनाशक असर

विशेषज्ञों का दावा है कि ककोड़ा के पौधे की पत्तियां और जड़ें शरीर में जहर को तेजी से फैलने से रोक सकती हैं। यदि सही तरीके से और समय पर इसका प्रयोग किया जाए तो यह 5 मिनट के अंदर सांप के जहर को बेअसर कर सकती है। यही नहीं, यह पौधा अन्य विषैले जीवों के जहर के इलाज में भी प्रभावशाली माना गया है।

आयुर्वेदिक मान्यता और वैज्ञानिक समर्थन

लोकल 18 से बात करते हुए मल्लिगे कॉलेज ऑफ फार्मेसी के डॉक्टर कुंतल दास ने बताया कि, इस पौधे का इस्तेमाल समाज में वर्षों से एंटी-वेनम के रूप में होता आ रहा है। उन्होंने शोध के आधार पर बताया कि ककोड़ा की जड़ से बनी हर्बल दवाएं विषनाशक के रूप में कारगर होती हैं।

स्वास्थ्यवर्धक गुणों से भरपूर

ककोड़ा में अन्य सब्जियों की तुलना में 50 प्रतिशत अधिक प्रोटीन होता है और ये कई प्रकार के विषों को खत्म करने की क्षमता रखता है। यह न केवल जहर के इलाज में सहायक है, बल्कि एक पोषक तत्वों से भरपूर सब्जी भी है।

सावधानी जरूरी

अगर आपके घर के पास ये पौधा मौजूद है तो आप एक जीवन रक्षक उपाय अपने आस-पास रख रहे हैं। लेकिन इसका अर्थ यह नहीं कि मेडिकल सहायता की जगह इसे अपनाया जाए। यह एक सहयोगी उपाय हो सकता है, लेकिन प्राथमिक उपचार के बाद तुरंत अस्पताल पहुंचना बेहद जरूरी है।

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भगवंत मान के ऑपरेशन सिंदूर को लेकर 'वन नेशन, वन हस्बैंड' वाले तंज से भड़की BJP, बताया- लीडरशिप की आड़ में अश्लीलता

भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर ‘वन नेशन, वन हस्बैंड’ का कटाक्ष करने के लिए पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की कड़ी आलोचना की। प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोलते हुए भगवंत मान ने कहा, "...हर कोई सिंदूर के बारे में बात कर रहा है...क्या आपने नहीं देखा कि सिंदूर का कैसे मजाक उड़ाया जा रहा है?...अगर आपके घर भी सिंदूर आएगा तो क्या आप इसे लगाएंगे? क्या आप कहेंगे 'मोदी के नाम का लगाओ'? क्या यह 'वन नेशन, वन हस्बैंड' स्कीम है?"

उनकी यह टिप्पणी पंजाब में 19 जून को होने वाले लुधियाना पश्चिम विधानसभा उपचुनाव को लेकर आया है, जिसमें ऑपरेशन सिंदूर भगवा पार्टी का प्रमुख चुनावी मुद्दा है।

मान की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए BJP की चंडीगढ़ इकाई ने X पर लिखा, "भगवंत मान ने ऑपरेशन सिंदूर का मजाक उड़ाते हुए पूछा "क्या आप मोदी के नाम का सिंदूर लगाएंगे? क्या यह वन नेशन, वन हस्बैंड है?"

पार्टी ने लिखा कि यह व्यंग्य नहीं है, बल्कि यह "लीडरशिप के वेश में अश्लीलता है।"

पार्टी ने आगे कहा, "एक बात साफ है: ऑपरेशन सिंदूर की शुरुआत तब हुई, जब हिंदू महिलाओं को आतंकवादियों ने निशाना बनाया और उनकी पहचान उनके सिंदूर से हुई। यह निर्दोषों के लिए न्याय को लेकर था, न कि कोई मजाक था।"

मान पर हमला करते हुए पार्टी ने आम आदमी पार्टी (AAP) के प्रमुख अरविंद केजरीवाल से पूछा, "क्या वह मुख्यमंत्री की ‘सिंदूर का मजाक उड़ाने वाली टिप्पणी’ का समर्थन करते हैं या आप अपनी राजनीति बचाने के लिए चुप रहेंगे?"

साथ ही BJP ने भगवांत मान से इस्तीफा मांगा और उनसे पूरे देश से माफी मांगने को कहा।

हाल ही में भगवा पार्टी ने उस रिपोर्ट का खंडन किया, जिसमें दावा किया गया था कि वह ऑपरेशन सिंदूर की सफलता को चिह्नित करने के लिए घर-घर जाकर सिंदूर बांटने का अभियान शुरू करेगी।

रिपोर्ट को “झूठा” बताते हुए, पार्टी ने कहा, “भारतीय जनता पार्टी ने घर-घर जाकर सिंदूर बांटने का कोई कार्यक्रम आयोजित नहीं किया है।”

7 मई की सुबह भारत ने 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले के जवाब में पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (POK) में आतंकवादी ढांचे को निशाना बनाते हुए ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था। पहलगाम हमले में 26 लोगों की जान चली गई थी।



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Monday, June 2, 2025

Loan Default: लोन न चुकाने पर हो सकती है जेल? जानिए क्या कहता है कानून और RBI का नियम

Loan Default: होम, ऑटो, गोल्ड या फिर पर्सनल लोन आपकी जरूरतें पूरी करने का जरिया बन सकता है। लेकिन,, लोन के साथ एक बड़ी जिम्मेदारी भी आती है- समय पर भुगतान की। अगर आप लोन चुकाने में चूक करते हैं, तो उसके गंभीर कानूनी परिणाम हो सकते हैं।

इसलिए ये जानना बेहद जरूरी है कि लोन डिफॉल्ट के क्या संकेत हैं, इसके क्या असर हो सकते हैं, और इससे बचने के क्या उपाय हैं। साथ ही, क्या लोन न चुकाने पर क्या जेल भी हो सकती है?

लोन डिफॉल्ट क्या होता है?

लोन डिफॉल्ट का मतलब होता है कि आपने बैंक या वित्तीय संस्था का कर्ज तय समय पर नहीं चुकाया। जब कोई शख्स लगातार एक या एक से ज्यादा ईएमआई (EMI) चुकाने में असफल रहता है, तो उसे लोन डिफॉल्टर माना जाता है। अमूमन यह अवधि 3 किस्त या 90 दिन की होती है। कई बार वित्तीय संस्थान के आधार पर अलग-अलग भी हो सकती है।

यह डिफॉल्ट जानबूझकर हो सकता है, जैसे कि पैसा होते हुए भी कर्ज नहीं चुकाना। ऐसे लोगों को विलफुल डिफॉल्टर कहा जाता है। वहीं, कई लोग मजबूरी के चलते किस्त देने में चूक कर सकते हैं। मसलन, नौकरी छूट जाना या कोई मेडिकल इमरजेंसी।

लोन डिफॉल्ट के संकेत क्या हैं?

  1. अगर आपने किसी ईएमआई का भुगतान नहीं किया है, तो बैंक ईमेल, मैसेज या पोस्ट के जरिए आपको सूचित करेगा। इसे नजरअंदाज करना खतरे की घंटी है।
  2. अगर बैंक आपसे लगातार संपर्क कर रहा है, तो ये संकेत है कि लोन की स्थिति को लेकर उन्हें चिंता है। इसे गंभीरता से लें और बातचीत शुरू करें।
  3. अगर आपने पहले किस्त चुकाने में कोताही की है, तो बैंक आपसे भविष्य की तारीखों के चेक मांग सकता है, जिससे उसे भुगतान मिलने का भरोसा रहे।
  4. अगर आप आर्थिक मुश्किलों से जूझ रहे हैं, तो बैंक लोन की शर्तें बदलने की पेशकश कर सकता है। जैसे कि समय बढ़ाना, ब्याज दर घटाना, या कुछ समय तक भुगतान रोकना।

लोन न चुकाने पर क्या होता है?

आपको कर्ज देने वाले संस्थान के पास यह अधिकार होता है कि वह वसूली के लिए अपने स्तर पर प्रयास करे या फिर अदालत में जाए। कोर्ट का सहारा लेकर बैंक आपकी तनख्वाह, बैंक अकाउंट या प्रॉपर्टी जब्त कराने की कोशिश कर सकता है।

अगर आपने कोई चीज गिरवी रखी है, तो बैंक उसे जब्त कर सकता है। यहां तक कि इनकम जनरेट करने वाली संपत्ति भी। होम, ऑटो या फिर गोल्ड जैसे सिक्योर्ड लोन में ज्यादातर यही होता है। इसमें बैंक गिरवी रखी संपत्ति को बेचकर अपने कर्ज की वसूली करने की कोशिश करते हैं।

लोन डिफॉल्ट करने पर क्रेडिट स्कोर भी एकदम से गिर जाता है। लो क्रेडिट स्कोर का मतलब है भविष्य में महंगे लोन, इंश्योरेंस लेने में दिक्कत, या नौकरी पाने में बाधा।

RBI की गाइडलाइंस क्या है?

  • बैंक को उधारकर्ता की इज्जत का ख्याल रखना होता है। डराना-धमकाना या पब्लिक में बदनाम करना मना है।
  • बैंक को आपको पहले नोटिस देना होगा ताकि आप अपना पक्ष रख सकें या पेमेंट की व्यवस्था कर सकें।
  • RBI लोन की शर्तें बदलने या कुछ समय तक भुगतान रोकने (पेमेन्ट हॉलिडे) की सुविधा को बढ़ावा देता है।

लोन डिफॉल्ट पर जेल हो सकती है?

इसका सीधा और सरल जवाब है, नहीं। सामान्य स्थिति में होम, ऑटो, गोल्ड या पर्सनल लोन न चुकाने पर जेल नहीं हो सकती। भारत में सिर्फ आपराधिक मामलों में जेल की सजा दी जाती है, जबकि पर्सनल लोन का न चुकाया जाना दीवानी (civil) मामला होता है।

इसका मतलब यह है कि बैंक या NBFC लोन लेने वाले के खिलाफ कानूनी कार्रवाई तो कर सकते हैं- जैसे कि रिकवरी नोटिस, कोर्ट केस, या संपत्ति कुर्की- लेकिन सिर्फ लोन न चुकाने के आधार पर किसी को जेल नहीं भेजा जा सकता।

हालांकि, कुछ स्थितियों में जेल की नौबत आ सकती है, जैसे:

  • आपने जानबूझकर फर्जी दस्तावेजों से लोन लिया हो।
  • कोर्ट के आदेश का पालन न किया जा रहा हो।
  • आपका चेक बाउंस हो दिया हो और केस दर्ज हो जाए।

कुल मिलाकर, अगर कोई फाइनेंशियल फ्रॉड या गड़बड़ी नहीं की है, तो पुलिस दखल नहीं देगी। लेकिन, बैंक वसूली के लिए गिरवी रखी संपत्ति बेचने जैसे उपाय कर सकता है।

यह भी पढ़ें : Explainer: होम, कार, गोल्ड, पर्सनल... कितनी तरह के होते हैं लोन, क्या होता है इनमें अंतर?



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Binita Chetry: कौन है बिनीता छेत्री...जिसने ब्रिटेन में मचाया धमाल, सिर्फ 9 साल की उम्र में ऐसा हुनर देख दंग हो गए लोग

Binita Chetry: ब्रिटेन गॉट टैलेंट 2025 में असम की 9 साल की बिनीता छेत्री ने शानदार प्रदर्शन कर सभी का दिल जीत लिया। जानकारी के मुताबिक, बिनीता इस मशहूर रियलिटी शो के फाइनल तक पहुंचने वाली पहली भारतीय बनीं। ब्रिटेन गॉट टैलेंट 2025 के ग्रैंड फिनाले में उन्हें तीसरा स्थान मिला, यानी वह सेकंड रनर-अप रहीं। ब्रिटेन गॉट टैलेंट 2025 का खिताब ब्रिटिश मैजिशियन हैरी मोल्डिंग ने जीता, जबकि दूसरे स्थान एलईडी डांस ग्रुप 'द ब्लैकआउट्स' को मिला।

शनिवार रात हुए फिनाले में बिनीता ने अपने टैलेंट से दर्शकों और जजों को खूब प्रभावित किया और देश का नाम रोशन किया। असम के सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने भी बिनीता छेत्री के टेलेंट की काफी तारीफ की।

असम के सीएम ने क्या कहा

असम के सीएम हिमंत बिस्वा सरमा 9 साल की बिनीता छेत्री की तारीफ करते हुए अपने ‘एक्स’ अकांउट पर एक पोस्ट किया। उन्होंने कहा, "डांस के जरिए वो सफलता की ओर बढ़ रही है। हमारी अपनी बिनीता छेत्री को ब्रिटेन गॉट टैलेंट के फाइनल में तीसरा स्थान हासिल करने पर उन्हें ढेर सारी बधाई। उनके शानदार परफॉरमेंस ने असम की ब्रह्मपुत्र नदी से लेकर लंदन की द थेम्स तक के लोगों का दिल जीत लिया। हम सभी को उन पर बहुत गर्व है। में उन्हें उनके आगे के सफर के लिए ढेर सारी शुभकामनाएं देता हूं।" पोस्ट के साथ सीएम ने एक वीडियो भी शेयर किया।

कैसी थी फाइनल में बिनीता की परफॉरमेंस

ब्रिटेन गॉट टैलेंट 2025 के फाइनल में 9 साल की बिनीता छेत्री ने एक बार फिर शानदार डांस परफॉर्मेंस दी। उनके परफॉर्मेंस ने जजों और दर्शकों को इतना प्रभावित किया कि सभी खड़े होकर तालियां बजाने लगे। हर किसी ने उनके टैलेंट की खूब तारीफ की। हालांकि उन्हें ट्रॉफी नहीं मिल पाई, लेकिन उन्होंने अपनी परफॉर्मेंस से सभी का दिल जरूर जीत लिया।

कौन है बिनीता छेत्री

बिनीता छेत्री असम के बोकाजन इलाके के अमराजन गांव की रहने वाली हैं। उनके पिता अमर छेत्री एक छोटा-सा फार्म चलाते हैं। जानकारी के मुताबिक, बिनीता ने सिर्फ 3 साल की उम्र में ही डांस करना शुरू कर दिया था। उनके टेलेंट को पहचानते हुए पिता ने जयपुर में बिनीता की डांस की ट्रेनिंग दिलवाई है।

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Sunday, June 1, 2025

कर्नाटक में 15 साल की लड़की से 6 लोगों ने किया गैंगरेप, वीडियो बनाकर बार-बार करते रहे ब्लैकमेल

कर्नाटक के बेलगावी में 15 साल की लड़की के साथ सामूहिक बलात्कार का मामला सामने आया है। इस भयावह मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है और चार अन्य फरार हैं। आरोप है कि लड़की के साथ छह आरोपियों ने दो बार सामूहिक बलात्कार किया। पहली बार उन्होंने इस कुकर्म को रिकॉर्ड किया और वीडियो को वायरल करने की धमकी देकर उसे ब्लैकमेल किया। इस तरह ब्लैकमेल कर उसके साथ दूसरी बार भी गैंगरेप किया गया।

पुलिस के अनुसार, सामूहिक बलात्कार की पहली घटना करीब छह महीने पहले हुई थी। आरोपियों में से एक, जो नाबालिग का दोस्त है, उसे बहला-फुसलाकर बेलगावी के बाहरी इलाके में एक पहाड़ी इलाके में ले गया।

वहां उसके साथ गैंगरेप किया गया और इस कृत्य को फोन पर रिकॉर्ड कर लिया गया। आरोपियों ने लड़की को ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया और वीडियो को ऑनलाइन जारी करने की धमकी दी।

इसके बाद दूसरी घटना हुई। फिर से, आरोपी ने इस कृत्य को रिकॉर्ड कर लिया और लगातार धमकियां देता रहा। आखिरकार, लड़की ने कल पुलिस में शिकायत दर्ज कराई और FIR दर्ज की गई।

पुलिस ने यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण (POCSO) अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत FIR दर्ज की है। जिस दिन FIR दर्ज हुई, उसी दिन दो लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस अब अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है।

नेपाल के राजमहल में रक्तपात: 24 साल पहले राजकुमार ने ही गोलियों से भून डाला पूरा राज परिवार, इश्क, इनकार या इन्तिकाम?



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IMD Rain Alert: दिल्ली-NCR में अचानक बदला मौसम, धूल भरी आंधी के साथ कई इलाकों में तेज बारिश

IMD Rain Alert: राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के इलाकों में रविवार मौसम का मिजाज बदल गया है। दिल्ली-एनसीआर के कई इलाकों में धूल भरी आंधी के साथ तेज बारिश हो रही है। तेज हवाओं के साथ बारिश से एक ओर जहां लोगों को गर्मी से राहत मिली है, वहीं आंधी की वजह से राहगिरों को परेशानी भी हुई। इस मौसम बदलाव से दृश्यता कम हो गई और हवा की गुणवत्ता भी खराब हो गई। तेज़ हवाओं और उड़ती धूल के कारण लोगों की आवाजाही प्रभावित हुई और यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।

बता दें कि रविवार दोपहर के बाद दिल्ली-एनसीआर के कई इलाकों में तेज आंधी और बारिश से मौसम अचानक बदल गया। तेज हवाओं की वजह से कुछ इलाकों में बिजली भी चली गई। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। इस दौरान हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक हो सकती है, जबकि आंधी के समय यह 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है।

बता दें कि मौसम विभाग ने पहले ही संभावना जताई थी कि दिल्ली और एनसीआर 1 जून को गर्मी से थोड़ी राहत मिल सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, रविवार को आसमान में हल्के बादल रहेंगे और बिजली चमकने के साथ 40-50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। कुछ इलाकों में हल्की बारिश की भी संभावना है।

अगले 24 घंटे ऐसा ही मौसम बने रहने की संभावना

इससे पहले शुक्रवार को भी दिल्ली में कई स्थानों पर गरज के साथ हल्की बारिश, बिजली चमकने और 40-50 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तेज़ हवाएं चली थी। फिलहाल दिल्ली में बारिश का ऑरेंज अलर्ट भी जारी किया गया है। मौसम विभाग ने 31 मई से 2 जून तक राजधानी और उसके आसपास के इलाकों में बारिश की संभावना जताई थी। पिछले कई दिनों से दिल्ली-एनसीआर में तेज गर्मी पड़ रही थी। गर्मी से लोग काफी परेशान थे। मौसम बदलने की वजह से लोगों को गर्मी से राहत मिली है। अगले 24 घंटे तक मौसम ऐसा बना रह सकता है।



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Saturday, May 31, 2025

आठवां वेतन आयोग लागू होने में हो सकती है देरी, जनवरी 2026 से रिटायर होने वाले कर्मचारियों को नहीं मिलेगा फायदा?

8th Pay Commission: केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनधारकों के बीच लंबे समय से चर्चा में रहे 8वें वेतन आयोग को लेकर एक अहम अपडेट सामने आया है। पहले यह उम्मीद जताया जा रहा था कि 8वें वेतन आयोग को 1 जनवरी 2026 से लागू किया जा सकता है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, 8वें वेतन आयोग को पहले 1 जनवरी 2026 से लागू किए जाने की उम्मीद की जा रही थी, लेकिन अब इसमें देरी होने की संभावना जताई जा रही है। ऐसे में एक बड़ा सवाल खड़ा हो रहा है कि अगर 8वें वेतन आयोग की सिफारिशें देरी से लागू होती हैं तो क्या 1 जनवरी 2026 के बाद रिटायर होने वाले कर्मचारियों को इसका लाभ मिलेगा?

8वें वेतन आयोग की मौजूदा स्थिति

जनवरी 2025 में केंद्र सरकार ने आधिकारिक तौर पर 8वें केंद्रीय वेतन आयोग की घोषणा की थी, जिसका उद्देश्य 50 लाख से ज्यादा सरकारी कर्मचारियों और 65 लाख पेंशनधारकों के वेतन, भत्तों और पेंशन की समीक्षा करना है। हालांकि, अभी तक आयोग के अध्यक्ष, सदस्य और कार्याधिकार की शर्तें (Terms of Reference) तय नहीं की गई हैं।

हालांकि, पिछले महीने सरकार की ओर से एक सर्कुलर जारी किया गया, जिसमें कहा गया कि 8वें वेतन आयोग के लिए 35 पदों पर डेप्युटेशन के आधार पर नियुक्ति की जाएगी। इससे यह स्पष्ट है कि प्रक्रिया शुरू हो चुकी है, लेकिन गति धीमी है।

वेतन आयोग को आमतौर पर हर 10 साल में गठित किया जाता हैं। इससे पहले 7वें वेतन आयोग को 1 जनवरी 2016 से लागू किया गया था। इसका कार्यकाल 31 दिसंबर 2025 को समाप्त हो रहा है। चूंकि इसके अध्यक्ष, सदस्यों और कार्य-दिवसों को अभी तक अंतिम रूप नहीं दिया गया है, इसलिए ऐसी आशंकाएं जताई जा रही हैं कि इसके 2026 के अंत या 2027 की शुरुआत से लागू होने देरी हो सकती है।

क्यों हो रही है देरी?

वित्त मंत्रालय या डिपार्टमेंट ऑफ एक्सपेंडिचर की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। लेकिन सूत्रों के अनुसार, वित्तीय दबाव, बजट सीमाएं और वैकल्पिक वेतन समायोजन मॉडल जैसे आयक्रॉयड फॉर्मूला (Aykroyd Formula) और महंगाई आधारित वेतन बढ़ोतरी इस देरी की वजह हो सकते हैं।

क्या 1 जनवरी 2026 के बाद रिटायर होने वालों को मिलेगा फायदा?

हां, संभव है। यदि आयोग की सिफारिशें पिछली तिथि से लागू होती हैं, जैसा कि पहले हुआ है, तो 1 जनवरी 2026 के बाद रिटायर होने वाले कर्मचारियों को संशोधित पेंशन और वेतन एरियर का लाभ मिल सकता है। उदाहरण के तौर पर, जब 7वां वेतन आयोग 2016 में लागू हुआ था, तब भी कई कर्मचारियों को पिछले महीनों के लिए एरियर मिला था।

सैलरी में किस तरह के बढ़ोतरी की उम्मीदें है?

हालांकि आधिकारिक आंकड़े अभी सामने नहीं आए हैं, लेकिन जानकारों और कर्मचारी यूनियनों का अनुमान है कि न्यूनतम मूल वेतन 18,000 रुपये से बढ़कर 26,000 रुपये हो सकता है, जो लगभग 40-44 प्रतिशत की बढ़ोतरी दिखाता है। कई रिपोर्टों के अनुसार, वेतन संशोधन के लिए सबसे जरूरी मल्टीप्लायक, फिटमेंट फैक्टर, 8वें वेतन आयोग में 1.96 हो सकता है, हालांकि इसकी पुष्टि नहीं हुई है।

अगर फिटमेंट फैक्टर 1.92 है, तो क्लास 1 के सरकारी कर्मचारियों को प्रति माह लगभग 15,000 रुपये का वेतन उछाल देखने को मिल सकता है, जो 8वें वेतन आयोग के तहत टेक-होम सैलरी में लगभग 40% की बढ़ोतरी होगी।

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